ब्रिटेन / ग्रैफीन से बनाई जा रही 200 गुना मजबूत सड़क; गड्ढे नहीं होंगे

UK, graphene, stronger built road; no pits
X
UK, graphene, stronger built road; no pits

  • रोम में ग्रैफीन से बनाई सड़क आज तक नहीं टूटी, किसी मौसम का प्रभाव नहीं पड़ा
  • ग्रैफीन एक विशेष प्रकार का कार्बन है जो दुनिया का सबसे मजबूत पदार्थ है
  • अभी इसका इस्तेमाल ब्रिटेन के ऑक्सफोर्डशायर में सड़क बनाने में किया जा रहा है

दैनिक भास्कर

Nov 12, 2019, 11:28 AM IST

लंदन. ब्रिटेन के वैज्ञानिकों ने ग्रैफीन के जरिए ऐसा पदार्थ विकसित किया है, जिसके इस्तेमाल से अब सड़कें टूटेंगी नहीं। यानी इसके इस्तेमाल से सड़कों पर अब गड्ढे नहीं होंगे और दुर्घटनाएं कम होंगी। ग्रैफीन एक विशेष प्रकार का कार्बन है जो दुनिया का सबसे मजबूत पदार्थ है। ग्रैफीन कार्बन परमाणुओं की पहली परत होती है जो जालीदार बनावट लिए बंधती है। यह आम कार्बन के मुकाबले 200 गुना मजबूत होती है जिससे सड़कों पर दरार पड़ने की कोई गुंजाइश नहीं रहती। प्रयोग के तौर पर अभी इसका इस्तेमाल ब्रिटेन के ऑक्सफोर्डशायर में सड़क बनाने में किया जा रहा है। यह सड़क 10 दिनों में बनकर तैयार हो जाएगी और दो परतों में इसे बनाया जा रहा है। 

 

सड़क बन जाने के बाद भारी वाहनों और मौसम के इस पर प्रभाव का भी परीक्षण किया जाएगा। इस पदार्थ की विशेषता यह है कि यह तेज गर्मी में भी पिघलता या चटकता नहीं और ज्यादा सर्दी के कारण इस पर दरार नहीं पड़ती। इस पदार्थ की खोज 2004 में मैनचेस्टर यूनिवर्सिटी के शोधार्थियों द्वारा की गई थी।

 

20 फीसदी महंगा
वैज्ञानिकों का कहना है कि ग्रैफीन को मिलाकर बनाया गया यह पदार्थ हालांकि सड़क में प्रयोग होने वाले पदार्थ की तुलना में 20 फीसदी महंगा है लेकिन लंबे समय तक टिकाऊ होने के कारण यह सस्ता ही पड़ेगा। इसके अलावा बड़े पैमाने पर उत्पादन के बाद इसकी लागत और कम होने की उम्मीद है। 

 

इटली में पहला प्रयोग
ग्रैफीन का इस्तेमाल सड़कों में एक साल पहले इटली की राजधानी रोम के बाहरी इलाकों में किया गया था। नतीजा यह रहा कि वहां सालभर तक भारी वाहन चलने के बावजूद सड़कें न तो चटकीं और न ही उस पर दरारें आईं। जबकि यहां भारी सर्दी और गर्मी दोनों अपने उच्चतम स्तर पर रही।

 

ग्रैफीन में प्लास्टिक का भी इस्तेमाल
ऑक्सफोर्ड शायर में ग्रैफीन से बनने वाली सड़क में इस्तेमाल होने वाला डामर इटली की दो कंपनियां डायरेक्टा प्लस और इटरचिमिका विकसित कर रही हैं। इसकी लागत भी ये कंपनियां उठा रही हैं। इन कंपनियों के मुताबिक हम इसके लिए ऐसा डामर उपलब्ध करवा रहे हैं जो सड़कों के पुनर्निमाण का विकल्प देगा। हमारी तकनीक 20 टन प्लास्टिक रोजाना उपयोग करती है। प्लास्टिक वेस्ट का इस्तेमाल भी हम इसमें उपयोग में ला रहे हैं। प्लास्टिक से ग्रैफीन में ठंडे तापमान में जो जाली बनती है वह सड़कों को लंबे समय तक टिकाऊ रखती है।

 

DBApp

 

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना