फैसला / मलेशिया में जाकिर नाइक के भड़काऊ भाषणों पर प्रतिबंध, स्थायी निवासी का दर्जा भी छिन सकता है



जाकिर नाइक। जाकिर नाइक।
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जाकिर नाइक।जाकिर नाइक।

  • जाकिर नाइक ने कहा था- मलेशिया में हिंदुओं को भारत के मुस्लिमों के मुकाबले 100 गुना ज्यादा अधिकार मिले
  • हाल ही में मलेशियन अथॉरिटी ने हिंदू और चीनी के खिलाफ भाषण देने के मामले में जाकिर को समन भेजा था

Dainik Bhaskar

Aug 20, 2019, 11:40 AM IST

कुआलालंपुर. मलेशियाई सरकार ने भारत के इस्लामिक उपदेशक और भगोड़े जाकिर नाइक पर बड़ी कार्रवाई की है। जाकिर पर मलेशिया में किसी भी नस्लीय राजनीतिक कार्यक्रम में शामिल होने और भड़काऊ भाषण देने पर प्रतिबंध लगाया गया है। जाकिर पर मलेशिया में अल्पसंख्यक समुदाय हिंदुओं और चीन के लोगों की भावनाएं आहत करने का आरोप है। मीडिया की मानें तो जाकिर का स्थायी निवासी का दर्जा भी छिन सकता है।

 

इसके अलावा मलेशिया के मेलका राज्य ने भी जाकिर के भाषणों पर प्रतिबंध लगा दिया। ऐसा करने वाला वह देश का 7वां राज्य है। हाल ही में नाइक ने कहा था कि मलेशिया में हिंदुओं को भारत के मुस्लिमों के मुकाबले 100 गुना ज्यादा अधिकार मिले हैं।

‘हम सभी के साथ अच्छे रिश्ते चाहते हैं’

  1. मलेशिया के प्रधानमंत्री महातिर मोहम्मद ने कहा कि जाकिर को 2015 से मलेशिया में स्थायी निवासी का दर्जा मिला है। यदि वह देश को नुकसान पहुंचाने वाले कार्यों में लिप्त पाया गया तो स्थायी निवासी का दर्जा वापस लिया जा सकता है। जाकिर ने जुलाई 2008 में कहा था कि 11 सितंबर 2001 को अमेरिका के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर पर हुए हमले के लिए अलकायदा जिम्मेदार नहीं है।

  2. मेलका के मुख्यमंत्री अदली जहारी ने रविवार को कहा था कि जाकिर अब राज्य में किसी भी प्रकार के धार्मिक कार्यक्रम में भाषण नहीं दे सकेगा। हम सभी के साथ अच्छे रिश्ते चाहते हैं, इसलिए हमने यह निर्णय लिया।

  3. जाकिर ने पुलिस से माफी मांगी

    स्थानीय मीडिया के मुताबिक, पुलिस ने सोमवार को करीब 10 घंटे तक जाकिर से पूछताछ की। इस दौरान जाकिर ने पुलिस से अपने भड़काऊ भाषण को लेकर माफी भी मांगी। उसने कहा कि वह कुरान के मुताबिक विश्व में शांति फैलाना चाहता है। आलोचक भाषण के कुछ अंश को लेकर मुझे गलत बता रहे हैं। उसने कहा कि गैर-इस्लामिक लोग उसे रेसिस्ट मान रहे हैं, इस बात से दुख होता है।

  4. मलेशिया के गृह मंत्री मुहीद्दीन यासीन ने रविवार को कहा था कि हम जाकिर के बयान को नस्लीय भेदभाव और संवेदनशील मामला मानते हैं। लिहाजा पुलिस ने जाकिर को पूछताछ के लिए बुलाया। हाल ही में मलेशियन अथॉरिटी ने हिंदू और चीनी के खिलाफ भाषण देने के मामले में जाकिर को दूसरी बार समन भेजा था।

  5. मलेशिया की जनसंख्या करीब 3 करोड़ 20 लाख है। इसमें 60% मुसलमान हैं। देश में हिंदू समुदाय भी बड़ी संख्या में मौजूद हैं। यहां की राजनीति और कारोबार में भी हिंदुओं का काफी प्रभाव है। ऐसे में जाकिर का बयान दोनों समुदायों के लिए भड़काऊ माना जा रहा है।

  6. प्रधानमंत्री महातिर पहले नाइक के प्रत्यर्पण से इनकार कर चुके हैं, लेकिन अब इस इस्लामिक धर्मगुरू का वहां विरोध तेज हो गया है। महातिर ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए जाकिर को भारत न भेजने की बात कही थी, हालांकि उन्होंने कहा था कि अगर कोई और देश जाकिर को लेना करना चाहता है तो उसका स्वागत है।

     

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