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वैष्णो देवी है आपका अगला हॉलिडे डेस्टिनेशन, तो नोट कर लें ये काम की बातें

भक्त माता के दर्शन के लिए हर कठिनाई को पार करते हुए, मुंह पर जयकारा लिए पहुंचते हैं।

Danik Bhaskar | Feb 09, 2018, 06:29 PM IST

जम्मू. वैष्णो देवी एक पॉपुलर धार्मिक स्थल है। भक्त माता के दर्शन के लिए हर कठिनाई को पार करते हुए, मुंह पर जयकारा लिए पहुंचते हैं। प्रेजेंट में 12-15 हजार श्रद्धालु परिवार समेत मां वैष्णो देवी के दर्शन कर रहे हैं। कुछ ऐसी बातें भी हैं जिन्हें हर वैष्णो देवी जाने वाले भक्त को ध्यान में रखना चाहिए।

वायरल हुई वैष्णो देवी पर ये पोस्ट

- हाल ही में शिवम राय नाम के यूजर फेसबुक पर पोस्ट लिखी, "हाल ही में मैं अपनी वाइफ के साथ मां वैष्णों देवी और श्री शिव खोड़ी के दर्शन के लिए गया था। मैंने देखा कि बेजुबान खच्चर और घोड़े अपने ऊपर लगभग 90-100 किलो का भार उठाए 24 किमी की चढ़ाई कर रहे हैं। ये उनके स्वभाव के विरुद्ध है, क्योंकि ये जानवर समतल जगहों पर चलने और दौड़ने के लिए बने हैं और वो भी बिना कोई भार उठाए।"

- उन्होंने आगे यह भी लिखा, "मैं जब नीचे आ रहा था तब रास्ते में मुझे उस गार्ड ने कुछ ऐसे तथ्यों से अवगत कराया, जिस जानकर मैं हैरान रह गया। उसने बताया 3 हजार खच्चर रजिस्टर्ड हैं, लेकिन गैरकानूनी तरह से यहां 10-12 हजार खच्चरों का इस्तेमाल किया जा रहा है।"

- "उसने बताया कि यहां इतने खच्चरों की देख-रेख के लिए एक भी जानवरों का डॉक्टर नहीं है। इतना ही नहीं जब किसी खच्चर को गंभीर चोट लगती है तो इलाज के अभाव में उनकी मौत हो जाती है।"

SDM ने जांच के लिए लिखा लेटर

- कटरा डिवीजन की एसडीएम नीलम खजूरिया ने DainikBhaskar.com से बातचीत में बताया, "मुझे भी इस मामले की जानकारी एक फेसबुक लिंक के जरिए ही मिली है। मैंने श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड को मामले की जांच के लिए लेटर लिखा है।"

- यहां, गैरकानूनी तरीके से खच्चरों के इस्तेमाल पर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा- "कटरा से वैष्णो देवी मंदिर तक जाने वाले ट्रैक पर कई स्थानीय गांवों के रास्ते मिलते हैं। कई बार इन रास्तों से अनरजिस्टर्ड खच्चरों को इस्तेमाल के लिए लाया जाता है, लेकिन मैंने श्राइन बोर्ड को इस पर सख्ती बरतने के लिए कहा है।"