Hindi News »Jharkhand »Adityapur» सिंह नर्सिंग होम व ईएसआईसी से करार खत्म होने से 9 हजार कार्डधारी चिकित्सा से वंचित

सिंह नर्सिंग होम व ईएसआईसी से करार खत्म होने से 9 हजार कार्डधारी चिकित्सा से वंचित

सिंह नर्सिंग होम का फाइल फोटो बिल जमा करने पर ईएसआईसी संस्था करेगी भुगतान : अरुण धालभूम कांट्रेक्टर्स...

Bhaskar News Network | Last Modified - May 17, 2018, 02:00 AM IST

सिंह नर्सिंग होम व ईएसआईसी से करार खत्म होने से 9 हजार कार्डधारी चिकित्सा से वंचित
सिंह नर्सिंग होम का फाइल फोटो

बिल जमा करने पर ईएसआईसी संस्था करेगी भुगतान : अरुण

धालभूम कांट्रेक्टर्स वर्कर्स यूनियन के महासचिव अरुण कुमार नाग ने बताया कि ईएसआईसी संस्था और संबंधित चिकित्सक के बीच नया करार जल्द होने की उम्मीद है। पिछले दिनों उन्होंने ईएसआईसी के स्टेट मेडिकल कमिश्नर से मिलकर नया करार करने तथा विशेषज्ञ चिकित्सकों की भी सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की थी। जिस पर उन्होंने जल्द लागू करने का भरोसा दिया था। उन्होंने बताया कि ठेका मजदूर इलाज के बाद अपना बिल ईएसआईसी संस्था में जमा जरूर कराएं, ताकि उनके बिल का भुगतान हो सके।

घाटशिला स्थित सिंह नर्सिंग होम में डॉ रथींद्र नाथ से था करार

भास्कर न्यूज | घाटशिला

सिंह नर्सिंग होम और इंप्लाइज स्टेट इंश्योरेंस कॉरपोरेशन (ईएसआईसी) के बीच करार खत्म होने के बाद बीते एक माह से करीब 9 हजार ईएसई कार्डधारक तथा उनके परिजन इलाज के लिए परेशान हैं। यहां नि:शुल्क चिकित्सा सेवा बंद कर दी गई है। इस वजह से अब उन्हें जमशेदपुर के आदित्यपुर जाना पड़ रहा है। वहां उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। एक माह बीत जाने के बाद भी करार नहीं हो पाया है। बीते 18 अप्रैल को करार खत्म हो गया था। ईएसई की सुविधा बंद होने से एचसीएल की मऊभंडार स्थित यूनिट इंडियन कॉपर कॉम्प्लेक्स (आईसीसी) में कार्यरत ठेका मजदूर सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं। बीते करीब एक माह से स्थानीय स्तर पर स्वास्थ्य सेवा का लाभ नहीं मिल पा रहा है। इसको लेकर ठेका मजदूरों के बीच नाराजगी देखने को मिल रही है। मालूम हो कि आईसीसी के ठेका मजदूरों को ईएसआईसी के माध्यम से स्वास्थ्य सेवा का लाभ मिलता है। स्थानीय स्तर पर ईएसआईसी संस्था ने घाटशिला स्थित सिंह नर्सिंग होम में डॉ रथींद्र नाथ से करार कर रखा था। ईएसआईसी नंबर के माध्यम से चिकित्सक ठेका मजदूर और उनके परिजनों का निःशुल्क इलाज करते थे। स्थानीय स्तर पर मिलने वाली स्वास्थ्य सेवा पिछले करीब एक माह से बंद है।

इलाज के लिए खर्च करना पड़ रहा पैसा

ठेका मजदूरों और उनके परिजनों को स्थानीय स्तर पर इलाज के लिए पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं। इसको लेकर पिछले दिनों धालभूम कांट्रेक्टर्स वर्कर्स यूनियन के पदाधिकारियों ने ईएसआईसी के स्टेट मेडिकल कमिश्नर से मिलकर अपना विरोध भी जताया था। यूनियन नेताओं के विरोध को देखते हुए संस्था की ओर से नए करार को जल्द करने की बात कही गई थी। स्वास्थ्य सेवा का लाभ नहीं मिलने से ठेका मजदूरों के बीच नाराजगी व्याप्त है।

ईएसआईसी के साथ नर्सिंग होम का करार खत्म हुए एक माह बीत गया है। इस वजह से कार्डधारियों का यहां नि:शुल्क इलाज बंद कर दिया गया है। रिन्युअल के लिए आवेदन दिया गया है। रिन्युअल होने के बाद मरीजों को फिर से सेवा दी जाएगी। मदन सिंह, संचालक, सिंह नर्सिंग होम, घाटशिला।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Adityapur

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×