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डायन-बिसाही मामले में समझौते के बाद दावत पर बुलाकर एक की हत्या

भवनाथपुर थाना क्षेत्र के अरसली दक्षिणी गांव के सिकियालेवा टोला पर डायन-बिसाही मामले में सूर्य लाल भुईंया की...

Danik Bhaskar | Jul 10, 2018, 02:05 AM IST
भवनाथपुर थाना क्षेत्र के अरसली दक्षिणी गांव के सिकियालेवा टोला पर डायन-बिसाही मामले में सूर्य लाल भुईंया की धारदार हथियार से काटकर हत्या कर दी गई। जबकि इस घटना में दो लोग गंभीर रुप से घायल हो गए। जबकि घायलों में मृतक के पिता जंगली भुईंया और मृतक का भाई सर्वेश भुईंया शामिल हैं। दोनों का प्राथमिकी उपचार भवनाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में करने के बाद बेहतर इलाज के लिए गढ़वा सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। दोनो की स्थिति गंभीर बताई जा रही है। घटना रविवार की रात की है। घटना की प्राथमिकी भवनाथपुर थाना में दर्ज करा दी गई है। पुलिस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए हत्या के आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरु कर दी है। इधर आरोपियों ने मृतक पक्ष के लोगों को फंसाने के लिए स्वयं से ही अपने घर में आग लगा ली।

घटना के संबंंध में बताया गया कि पिछले कई वर्षों से चले आ रहे डायन-बिसाही के मामले में इन दाेनों पक्ष के बीच समझौता हुआ था। इसी को लेकर एक पक्ष के लोगों ने मृतक पक्ष के लोगों को दावत पर बुलाया था। जैसे ही मृतक पक्ष के लोग दावत के लिए पहले पक्ष के घर पर पहुंचे। उक्त लोगों ने धारदार हथियार से उन लोगों पर हमला कर दिया। इस घटना में सूर्य लाल की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। जबकि मृतक के पिता जंगली व भाई सर्वेश घायल हो गए। बाद में ग्रामीणों ने दोनों घायलों को अस्पताल में इलाज के लिए पहुंचाया। घटना की सूचना मिलने के बाद भवनाथपुर पुलिस घटनास्थल पर पहुंची।

इसके बाद शव को अपने कब्जे में लेकर अंत्यपरीक्षण के लिए गढ़वा सदर अस्पताल भेजा गया। मृतक के भांजा ने भवनाथपुर थाना में पांच लोगों के विरुद्ध नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई है। जिसमें दहदुल भुईंया, विनय भुईंया, सुरेश भुईंया, नरेश भुईंया, विशाल भुईंया, राजकुमारी देवी को आरोपी बनाया गया है। इस घटना के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल है।

जल्द ही सभी आरोपी किए जाएंगे गिरफ्तार : थाना प्रभारी

घटना के संबंध में भवनाथपुर थाना प्रभारी महेंद्र सिंह ने कहा कि हत्या के आरोपी लोग खुद ही अपने घर में आग लगाकर मृतक पक्ष के लोगों को फर्जी तरीके से फंसाने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि महिला की गिरफ्तारी नहीं करने के पीछे पुलिस की लापरवाही नहीं है। उस समय तक किसी तरह की कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई थी। जिसके कारण उक्त महिला को गिरफ्तार नहीं किया गया। अब जब प्राथमिकी दर्ज कर लिया गया है पुलिस सभी आरोपियों के विरुद्ध जल्द से जल्द कार्रवाई करेगी। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

एक लाख 10 हजार रुपए की मांग पर 50 हजार रुपए में समझौता हुआ था

घटना की जानकारी मिलने के बाद गांव में उमड़ी भीड़।

भवनाथपुर थाना क्षेत्र के अरसली दक्षिणी गांव के सिकियालेवा टोला पर डायन-बिसाही मामले में सुरेश भुईंया और जंगली भुईंया के बीच वर्षों से विवाद चल रहा है। इस मामले में सुरेश भुईंया ने जंगली भुईंया और उसके परिवार के छह सदस्यों पर केस दर्ज किया था। जिसका सुलह नौ जुलाई को होना था। इसको लेकर दोनों परिवार के बीच आपसी सहमति भी बन गई थी। मामले के सुलह के लिए सुरेश ने जंगली के परिवार से एक लाख 10 हजार रुपए की मांग की थी। लेकिन मामला 50 हजार में तय हो गया था। मामला तय होने के बाद सुरेश ने जंगली के पक्ष के लोगों को दावत दिया था। इसमें शामिल होने के लिए पहले सूर्य लाल भुईंया निकला। उसके पीछे जंगली भुईंया, सर्वेश भुईंया, सूर्य लाल भुईंया की प|ी सुनीता देवी, बहन चिंता कुमारी के अलावा श्रवण, निरंजन भी घर से निकले। अन्य लोग सुरेश के घर से कुछ दूर ही थे कि सुरेश व उसके अन्य सहयोगियों ने सूर्य लाल पर धारदार हथियार से हमला बोल दिया। इसे देखकर सूर्य लाल के पिता व भाई उसे बचाने दौड़े। इसी बीच सुरेश के पक्ष के लोगों ने उन दोनों को भी हथियार से वार कर घायल कर दिया। वे लोग घर की महिलाओं को भी मारने के लिए दौड़े लेकिन इसी बीच महिलाएं शोर मचाते हुए भागने लगीं। उन लोगों का शोर सुनकर ग्रामीण घर से बाहर निकलकर जमा होने लगे। ग्रामीणों को जमा होता देख हत्या के आरोपी वहां से फरार हो गए। जबकि‍ मारपीट की आरोपी महिलाएं अपने आप को घर के अंदर बंद कर लिया। जब पुलिस आई तो पंचायत के मुखिया गोपाल यादव व ग्रामीण आरोपी महिला को गिरफ्तार करने की मांग करने लगे। लेकिन पुलिस उक्त महिला को गिरफ्तार नहीं की। जिससे लोगों में आक्रोश है। इसी क्रम में हत्या के आरोपी पक्ष के लोगों ने अपने की घर में आग लगा ली।

क्या है मामला और वारदात का घटनाक्रम