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डीएसई ने कहा मामला गंभीर है, जांच के बाद होगी कार्रवाई

भवनाथपुर प्रखंड के अजनिया टीकर टोला व माधव डेरा के ग्रामीणों ने शिक्षकों के समय पर स्कूल नहीं आने का आरोप लगाया...

Dainik Bhaskar

Jul 12, 2018, 02:05 AM IST
डीएसई ने कहा मामला गंभीर है, जांच के बाद होगी कार्रवाई
भवनाथपुर प्रखंड के अजनिया टीकर टोला व माधव डेरा के ग्रामीणों ने शिक्षकों के समय पर स्कूल नहीं आने का आरोप लगाया है। साथ ही मध्याह्न भोजन योजना में भी अनियमितता की शिकायत की है। इस संबंध में ग्रामीणों का कहना है कि विभाग के अधिकारियों की अनदेखी के कारण खरौंधी प्रखंड के सरकारी स्कूल का हालत बेहाल है। जहां स्कूल समय से नहीं खुलता है वहीं खाने वाला अल्पाहार भी नहीं मिलता है। ना ही मीनू के मुताबिक बच्चों को दोपहर का भोजन मिलता है। ग्रामीणों के हस्तक्षेप करने पर शिक्षक उन्हें उलटे धमकी देते हैं। शिक्षकों का कहना है कि ग्रामीण उनकी जहां इच्छा हो जाकर शिकायत कर सकते हैं। विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चों का भी कहना है कि विद्यालय के शिक्षक अपनी मर्जी से स्कूल खोलते हैं। उक्त लोगों ने कहा कि इसके बाद शिक्षक दोपहर का खाना खिलाकर स्कूल बंद करके चले जाते हैं।

अजनिया टिकर के ग्रामीण गयासुद्दीन अंसारी, लखन राम, राजू भुईंया, जयनाथ भुइयां, शमसुद्दीन अंसारी, योगेंद्र राम, धर्मेंद्र ठाकुर, छात्र शत्रुधन कुमार, आशीष कुमार, सोनम कुमारी, सकीना खातून, छोटू कुमार व अन्य छात्रों ने कहा कि समय से स्कूल नहीं खुलता है। ना ही विद्यालय में अल्पाहार मिलता है। मीनू के मुताबिक दोपहर का भोजन भी नहीं मिलता है। केवल दाल, भात, सब्जी और किसी दिन खिचड़ी मिलता है। अंडा तथा फल कभी मिला ही नहीं। ग्रामीणों ने कहा कि शिकायत करने पर शिक्षक भक्त विष्णुधर कहते हैं कि लाइए कागज पर लिख देते हैं हमें जैसे मन होगा वैसे ही स्कूल चलाएंगे। जहां जाना है जा सकते हैं। इस संबंध में उक्त शिक्षक ने कहा कि अल्पाहार की राशि नहीं आ रही है। दोपहर का भोजन तो हम उधार लेकर चलाते हैं।

उन्होंने देर से स्कूल आने के संबंध में कहा कि कभी कभी लेटलतीफ तो हो ही जाता है। अकेला स्कूल में है तो क्या करें। जबकि माधव डेरा स्कूल के प्रधान शिक्षक महेश्वरी नंद अचंभित होते हुए कहा कि यहां तो कोई अधिकारी से लेकर बीआरपी और सीआरपी तक नहीं आते। उन्होंने कहा कि घर से स्कूल दूर होने के चलते लेट हो जाता है। मौके पर पहुंचे बीआरपी राजेंद्र प्रसाद गुप्ता ने कहा कि ग्रामीणों की शिकायत की जांच करेंगे। इसके बाद ही कुछ कहा जा सकता है। इस संबंध में जिला शिक्षा अधीक्षक बृजमोहन कुमार ने कहा कि समय से स्कूल नहीं खुलना और मीनू के हिसाब से बच्चों को भोजन नहीं दिया जाना एक गंभीर मामला है।

मामले की जानकारी देते बच्चे।

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