• Home
  • Jharkhand News
  • Bokaro News
  • राजनीतिक दलोें ने बनाई प्रत्याशियों की जीत की रणनीति,अब कार्यकर्ता झोंकेंगे पूरी ताकत
--Advertisement--

राजनीतिक दलोें ने बनाई प्रत्याशियों की जीत की रणनीति,अब कार्यकर्ता झोंकेंगे पूरी ताकत

फुसरो नगर परिषद चुनाव में अपने प्रत्याशियों की जीत सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न राजनीतिक पार्टियां रणनीति तय कर...

Danik Bhaskar | Apr 01, 2018, 02:05 AM IST
फुसरो नगर परिषद चुनाव में अपने प्रत्याशियों की जीत सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न राजनीतिक पार्टियां रणनीति तय कर ली हैं। कार्यकर्ताओं को इसकी जिम्मेवाारी दी गई है। इससे प्रचार जोर पकड़ेगा। भाजयुमो फुसरो नगर कमेटी अध्यक्ष वैभव चौरसिया के नेतृत्व में शनिवार को फुसरो कार्यालय में बैठक हुई। इसमें मुख्य अतिथि भाजयुमो जिलाध्यक्ष मयंक सिंह ने फुसरो नगर के पदाधिकारियों के साथ भाजपा प्रत्याशी के जीत सुनिश्चित करने पर मंथन किया। जिलाध्यक्ष सिंह ने कहा कि फुसरो नप चुनाव में भाजपा के अध्यक्ष प्रत्याशी जगरनाथ राम व उपाध्यक्ष प्रत्याशी शिवलाल रविदास के लिए भाजयुमो एक अप्रैल से लगातार क्षेत्र में जनसंपर्क अभियान चलाएगी। कहा कि फुसरो नप चुनाव में भाजपा की जीत दोनों सीटों पर तय है। मौके पर भाजयुमो जिला महामंत्री कुंज बिहारी पाठक, जिला उपाध्यक्ष सचिन सिंह, प्रकाश गुप्ता, नगर महामंत्री सुमित सिंह, धीरज गिरि, निशांत अनमोल, मिथिलेश कुमार, दीपक गिरि, कमलदेव कुमार, सत्यम दीक्षित, सतीश तिवारी, मुकेश ठाकुर मौजूद थे।वहीं गिरिडीह सांसद के आवासीय कार्यालय में भाजपा की बैठक नगर अध्यक्ष प्रमोद कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई। सिंह ने कहा कि फुसरो नप चुनाव में भाजपा प्रत्याशी की जीत के लिए कार्यकर्ता लग जाएं। मौके पर वीरभद्र सिंह, मीडिया प्रभारी मनोज कुमार, नगर उपाध्यक्ष देवनंदन महतो, मदन श्रीवास्तव, नित्यानंद भारती, सुरजीत चक्रवर्ती, मृत्युंजय पांडेय, महिला मोर्चा अध्यक्ष सरोजनी दुबे, श्रीकांत सिंह, नवल किशोर सिंह, कपिलदेव गांधी, उत्तम मुखर्जी, राकेश कुमार आदि मौजूद थे।

फुसरो नप चुनाव के लिए तेज हुआ प्रचार

बेरमो | फुसरो नगर परिषद चुनाव को लेकर अध्यक्ष के प्रत्याशी राकेश कुमार सिंह उर्फ चुन्नू सिंह व उपाध्यक्ष प्रत्याशी छेदी नोनिया के पक्ष में युवा कांग्रेस के नेता सह इंटक का राष्ट्रीय सचिव कुमार जयमंगल सिंह ने चुनाव प्रचार किया। इस दरम्यान घर-घर जाकर लोगों का आशीर्वाद लिया। मौके पर उन्होंने कहा कि नप क्षेत्र को स्वच्छ, सुंदर, विकसित व भ्रष्टाचार मुक्त बनाने में उक्त दोनों प्रत्याशी अहम भूमिका निभाएंगे।

भाजयुमो फुसरो नगर कमेटी की बैठक में पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के साथ चुनाव की रणनीति बनाते जिलाध्यक्ष व नगर अध्यक्ष।

नगर अध्यक्ष व उपाध्यक्ष की कुर्सी की राह आसान नहीं

सुभाष चंद्र ठाकुर | बेरमो

फुसरो नगर परिषद क्षेत्र में दलीय आधार पर अध्यक्ष व उपाध्यक्ष का चुनाव होने के कारण चुनावी टसल कुछ ज्यादा ही है। अध्यक्ष पद के सभी 19 उम्मीदवार तथा उपाध्यक्ष पद के 14 उम्मीदवार कुर्सी तक पहुंचने के लिए बेताब हैं। चुनावी रेस शुरू हो चुकी है। रास्ते में जातिवाद, क्षेत्रवाद, धर्मवाद तथा अर्थ वाद का बाधा है। यहां समाजवाद यहां मौन व गौण है। उसे पार करते हुए जीत हासिल करना उम्मीदवारों के बीच चुनौती है। चुनावी दंगल में कोई खिलाड़ी, कोई अनाड़ी, कोई नवसिखुआ तो कोई सिर्फ जाति की गोटी खेलने वाला प्रत्याशी है। कुछेक राजनीतिक दलों में भीतरघात की भी स्थिति अभी से बनना प्रारंभ हो गया है। ऐसे में जनता के सामने बहुत ज्यादा स्पष्ट स्थिति नजर नहीं आ रहा है।

भाजपा में यह है स्थिति

भाजपा से नप अध्यक्ष सीट के लिए कई दावेदार थे, इसमें आपसी तालमेल पूर्णत: नहीं बनी। अंतत: एन केन प्रकारेण जगरनाथ राम को टिकट मिल गया। लेकिन भाजपा से बागी उम्मीदवार के रुप में बसंत कुमार सिंह चुनाव में ताल ठोंक दिया। इधर ब्राह्मण समाज से सुरेश दुबे भी अंदरूनी नाराज हैं, लेकिन बात करने पर कहते हैं पार्टी ने जिसे टिकट दिया है, उसके साथ हैं। अब ब्राह्मण समाज का वोट किसे मिलता है, यह देखने के बाद ही नाराजगी है या नहीं, यह पता चल सकेगा। वहीं रामू दिगार ने अपनी दावेदारी पेश कर भाजपा का वोट काटने का पूरा इंतजाम कर दिया है। इसी तरह भामसं से संबंध सीसीएल सीकेएस ने भी अपने जिलाध्यक्ष संत सिंह को उम्मीदवार बनाकर भाजपा का नींव खोदने की पूरी तैयारी कर ली है। अब देखना है, भाजपा इसमें कैसे खुद को सुरक्षित रखती है।

जातिगत वोटों का खेल है, उससे पार होकर कुर्सी तक जाने की रणनीति

दरकिनार होने से पुराने कांग्रेसी नाराज

पुराने कांग्रेसी दरकिनार होने से उनमें अंदर ही अंदर सुगबुगाहट है। युवा प्रत्याशी राकेश कुमार सिंह उर्फ चुन्नू सिंह को टिकट मिलने से युवाओं में जोश है, लेकिन वह जोश वोट में कितना तब्दील हो सकेगा, यह तो चुनाव परिणाम आने के बाद ही पता चलेगा। इधर कांग्रेस से कोई बागी उम्मीदवार तो नहीं खड़ा है। लेकिन राजपूत समाज से निर्दलीय प्रत्याशी अर्चना सिंह, बसंत कुमार सिंह, संजीत कुमार सिंह व संत सिंह द्वारा वोट काटने से प्रारंभिक दौर में स्थिति स्पष्ट नहीं बन पा रही है। अब ज्यों ज्यों चुनाव प्रचार व सेटिंग गेटिंग जोर पकड़ेगा, उसी अनुसार समीकरण भी तय होना निश्चित है। मुस्लिम वोटरों का ध्रुवीकरण भी कांग्रेस के लिए बेहतर व हानिकर की स्थिति पैदा करेगा। मुस्लिम वोटर अगर पार्टी के साथ नहीं देंगे तो ्थिति विकट हो सकती है।

नप चुनाव को ले भाजपा ने पद यात्रा निकाली

अन्य दल व निर्दलीय भी लगा रहे हैं जुगत

वर्तमान फुसरो नप अध्यक्ष नीलकंठ रविदास के पूर्व चुनाव के कर्ताधर्ता जवाहरलाल यादव को भाकपा का टिकट मिलने से बिदके नीलकंठ ने बसपा का दामन थाम कर दलित कार्ड खेला है। वहीं जवाहरलाल यादव के प्रति भाकपा व राजद के वोटरों के अलावा यादव समाज का गोलबंदी होने की बात चर्चे में है। इसी तरह निर्दलीय प्रत्याशी कृष्ण कुमार की नजर लगभग 11 हजार वैश्य समाज के वोटर के साथ ही मारवाड़ी समाज, दलित समाज पिछड़ा व कुछ मुस्लिम वोटरों पर है। निर्दलीय प्रत्याशी स्वयं को इकलौती महिला उम्मीदवार कहकर महिलाओं के दिलों में बसने का प्रयास कर रही हैं। साथ ही राजपूत समाज के साथ ही अन्य लोगों को अपनी ओर गोलबंद करने के प्रयास में लगी है। झाविमो प्रत्याशी अभय विश्वकर्मा की नजर अपने कार्यकर्ताओं के वोटों के अलावा मुस्लिम सहित भाजपा व कांग्रेस से बिदके वोटरों पर है।

ग्रामीण वोटरों के बंटने की संभावना

ग्रामीण क्षेत्रों से झामुमो (उलगुलान) के प्रत्याशी नरेश महतो व उमेश रवानी के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में आजसू प्रत्याशी संतोष महतो द्वारा वोट काटने के खेल के कारण कोई उम्मीदवार सशक्त रुप से सामने नहीं आ पा रहे हैं। अगर ग्रामीण क्षेत्रों के वोटों का ध्रुवीकरण किसी एक प्रत्याशी के प्रति हुआ तो वह ठोस हो सकता है। इसके अलावा उन्हें कुछ मात्रा में कॉलोनी व बाजार क्षेत्र से वोट लेना पड़ेगा।

फुसरो | भाजपा बोकारो जिला महिला मोर्चा की अध्यक्ष लीला देवी के नेतृत्व में फुसरो नप क्षेत्र के वार्ड नंबर 28 में पद यात्रा का आयोजन किया गया। इसमें मुख्य रूप से महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष आरती सिंह मौजूद थे। इस दौरान लोगों से मिलकर सरकार की योजनाओं की जानकारी देते हुए फुसरो नप चुनाव में अध्यक्ष पद के भाजपा उम्मीदवार जगरनाथ राम एवं उपाध्यक्ष पद पर शिवलाल रवि के पक्ष में मतदान की अपील किया। मौके पर जिप सदस्य नीतू सिंह, प्रदेश उपाध्यक्ष रीता रानी सिंह, फुसरो नगर महिला मोर्चा अध्यक्ष सरोजनी देवी, अर्चना सिंह, फुसरो नगर अध्यक्ष भाई प्रमोद सिंह मौजूद थे।

झामुमो उलगुलान के निर्दलीय प्रत्याशी

के कार्यालय का किया गया उद्घाटन

फुसरो | फुसरो नगर परिषद क्षेत्र का होने वाले चुनाव में अपनी किस्मत आजमा रहे झामुमो उलगुलान के निर्दलीय प्रत्याशी नरेश महतो के रानीबाग फुसरो स्थित चुनाव कार्यालय का उद्घाटन मो निजाम ने केंद्रीय महासचिव बेनीलाल महतो, प्रत्याशी नरेश महतो की उपस्थिति में किया। यहां महासचिव बेनीलाल महतो ने कहा कि फुसरो क्षेत्र का विकास करने में सक्षम प्रत्याशी नरेश महतो को विजयी बनाने के लिए पूरे क्षेत्र में जनसंपर्क अभियान चलाएं और जनता से वोट मांगें। ताकि नप क्षेत्र का विकास हो सके। प्रत्याशी नरेश महतो ने कहा कि जनता का आशीर्वाद मिला तो पूरे नगर परिषद क्षेत्र का सर्वांगीण विकास करेंगे। मौके पर कृष्णा थापा, दिगंबर महतो, विश्वनाथ तुरी, रंजीत महतो, मुनीलाल महतो, छोटेलाल गुप्ता, वीरन लोहार, गिरधारी महतो, दयाल महतो, हरिश महतो, चितरंजन महतो, पूर्व वार्ड पार्षद सहोदरी देवी, किरण देवी, अलिया देवी, कुंती देवी, रूपा देवी, बसंती देवी, बिगन सोनी, नेपाली कहार, हेमलाल महतो आदि मौजूद थे।

यह है झामुमो की स्थिति

झामुमो ने हाल ही में पार्टी आए एकदम नए युवक आलमगीर खान को टिकट थमाकर मुस्लिम गोटी खेलने की कोशिश की है। इससे महतो वोटर बिदक गए हैं। क्योंकि पार्टी के समर्पित नेता बैजनाथ महतो अध्यक्ष पद के दावेदार थे, लेकिन उन्हें हासिए में धकेलते हुए उपाध्यक्ष का टिकट थमा दिया है। साथ ही विभिन्न राजनीतिक दलों के मुस्लिम समुदाय के वोटरों का झुकाव जातिगत आधार पर इम्तियाज अंसारी व आलमगीर खान की ओर होते देख लोग मुस्लिम कार्यकर्ताओं को रोकने की जुगत में हैं।

उपाध्यक्ष पद में भी है घमासान

फुसरो नप उपाध्यक्ष पद में भाजपा के शिवलाल रवि को भाजपा का ठोस ब्राह्मण वोट लेकर इंद्रजीत मुखर्जी पांव खिंचने में लगे हैं। कांग्रेस के छेदी नोनिया को निर्दलीय प्रत्याशी महारुद्र नारायण सिंह पीछे धकेलकर स्वयं सत्ता में आने में लगे हैं। इसी तरह बसपा के कृष्ण चांडक दलित वोटों के साथ ही व्यवसायी व मारवाड़ी का वोट लेकर बेहतर दिखाने का प्रयास कर रहे हैं। झामुमो के बैजनाथ महतो को आजसू के महेश महतो व भाजपा के शिवलाल सकते में डाले हुए हैं। राजद के मो इमरान व निर्दलीय कैलाश ठाकुर सहित सभी प्रत्याशी अपने अपने क्षेत्र में सशक्त हैं। इस तरह स्थिति स्पष्ट है कि जिस प्रत्याशी ने अपने क्षेत्र के अलावा दूसरे क्षेत्र में थोड़ी भी वोट हासिल करने में सफलता हासिल कर लिया, उसकी जीत तय हो जाएगी। इसी रणनीति के तहत प्रत्याशी अपनी जुगत में हैं।