--Advertisement--

स्वच्छता सर्वेक्षण 2019 / धनबाद के सभी तालाब हैं गंदे, स्वच्छता सर्वेक्षण में कट सकते हैं 30 अंक



बेकार बांध में लगी जलकुंभी। बेकार बांध में लगी जलकुंभी।
X
बेकार बांध में लगी जलकुंभी।बेकार बांध में लगी जलकुंभी।

Dainik Bhaskar

Oct 13, 2018, 11:27 AM IST

धनबाद.  तालाब रहे साफ... तो स्वच्छता सर्वेक्षण में अंक मिलेंगे 30। जी हां, इसबार के स्वच्छता सर्वेक्षण में शहर के साफ तालाब और नदी भी अंक दिलाएंगे। तालाब साफ रहे तो 30 अंक मिलेंगे और अगर तालाब गंदे रहे तो 30 अंक का हाथ से निकलना तय है। शहर में तालाबों की मौजूदा स्थिति अंक दिलाने वाले नहीं हैं। 

निगम क्षेत्र में 69 के करीब नदी और तालाबों की संख्या

  1. निगम क्षेत्र में नदी और तालाबों की कुल संख्या 69 के करीब है। सभी तालाबों की स्थिति एक समान है। कोई भी तालाब साफ नहीं है। यहां तालाबों की सफाई केवल छठ के मौके पर ही की जाती है। अधिकतर तालाबों की स्थिति ठीक नहीं है। तालाब गंदे हैं। तालाब जलकुंभी से भरे हुए हैं। अगर यही हाल रहा तो सर्वेक्षण में तालाबों की साफ-सफाई पर अंक मिलना मुश्किल हो जाएगा। गंदे तालाबों ने निगम की चिंता बढ़ा दी है। 

  2. तालाबों को साफ रखने के लिए निगम में मंथन

    तालाबों को कैसे साफ रखा जाए.... इसे लेकर निगम में मंथन शुरू हो गया है। निगम इसे लेकर रणनीति बनाने की बात कह रही है। हालांकि, अब तक कोई ठोस प्लान सामने नहीं आया है। अब सवाल यह है कि सालों से गंदे इन तालाबों को क्या निगम साफ कर पाएगा? अगर निगम ने साफ कर दिया तो क्या शहरवासी इसे साफ रख पाएंगे? दोनों ही सवालों का जवाब स्वच्छता सर्वेक्षण में शहर की रैंकिंग तय करेगा। 

  3. सर्वेक्षण में बताना होगा... कितने दिनों में होती है तालाबों की सफाई

    शहरी क्षेत्र में कितने तालाब हैं? उसकी स्थिति कैसी है? कितने दिनों पर तालाबों की सफाई की जाती है? अंतिम बार तालाब की सफाई कब की गई थी? नदी, तालाबों की सफाई के लिए क्या कोई तंत्र विकसित किया गया है? इसका पूरा विवरण स्वच्छता सर्वेक्षण में उपलब्ध कराना है। तालाबों की सूची से लेकर उसकी स्थिति का पूरा विवरण स्वच्छता सर्वेक्षण के वेबसाइट पर अपलोड करना है। तस्वीर के साथ तालाबों की स्थिति अपलोड करनी है। इसी के आधार पर सर्वेक्षण टीम तालाबों का जायजा लेगी और उसी के आधार पर अंक मिलेगा। इस बार डॉक्यूमेंटेशन का पूरा काम भी ऑनलाइन होना है। स्वच्छता के मामले पर अपना शहर देशभर में फिलहाल 53 वें पायदान पर है। 

  4. तालाब की सफाई पर देंगे जोर : अपर नगर आयुक्त

    अपर नगर आयुक्त महेश कुमार संथालिया ने बताया कि स्वच्छता सर्वेक्षण में पहली बार नदी और तालाब को शामिल किया गया है। सर्वेक्षण और त्योहारों को देखते हुए तालाबों की सफाई पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सभी तालाबों की नियमित सफाई की व्यवस्था की जा रही है, ताकि रैंकिंग में सुधार किया जा सके। 

  5. जानिए, कैसी है तालाबों की मौजूदा स्थिति

    • बेकारबांध 

    क्या है स्थिति : सौंदर्यीकरण का काम चल रहा है। काम की गति धीमी है। निर्माण कार्य पूरा नहीं हुआ तो तालाब गंदा और अव्यवस्थित दिखेगा। यह अंक नहीं दिला सकेगा। 

    • रानीबांध 

    क्या है स्थिति : तालाब कचरे से भरा है। विश्वकर्मा पूजा के बाद प्रतिमा विसर्जन होने से तालाब अधिक गंदा दिख रहा है। हालांकि छठ में तालाब की सफाई होगी। पर वह आगे भी साफ रह पाएगा, यह मुश्किल दिख रहा है। 

    • राजा तालाब 

    क्या है स्थिति : कचरे और जलकुंभी से पटा है। इस तालाब को साफ रखना निगम के लिए एक चुनौती है। तालाब कभी भी स्थायी तौर पर साफ नहीं रहा। यहां की सबसे बड़ी समस्या जलकुंभी है। 

    • खोखन तालाब 

    क्या है स्थिति : तालाब में गंदगी ही गंदगी है। तालाब में सफाई होती है, पर वह पूर्ण रूप से कभी साफ नहीं होता। कुछ ही दिनों में स्थिति बद से बदतर हो जाती है। पूरा तालाब ही गंदा दिखने लगता है। 

    • छठ तालाब, विकासनगर 

    क्या है स्थिति : यहां का पानी काफी गंदा है। तालाब की नियमित सफाई नहीं होती। इस कारण यह हमेशा गंदा ही रहता है। गंदगी के कारण इस तालाब में जलकुंभी भी उग आते हैं। 

  6. डेढ़ लाख एप डाउनलोड करने पर मिलेंगे अंक

    स्वच्छता सर्वेक्षण में स्वच्छता एप डाउनलोड करने पर भी अंक निर्धारित है। इस बार के सर्वेक्षण में स्वच्छता एप को लेकर भी शहरी विकास मंत्रालय ने निगम में बदलाव किया है। पहले लक्ष्य संध्या के आधार पर निर्धारित था, लेकिन इस बार एप डाउनलोडिंग का लक्ष्य जनसंख्या के आधार पर तय कर दिया गया है। कुल जनसंख्या का 15 फीसदी संख्या को लक्ष्य मान लिया गया है। इस हिसाब से इस साल धनबाद का लक्ष्य डेढ़ लाख निर्धारित किया गया है। निगम 42 हजार स्वच्छता एप डाउनलोड करा चुका है। 

Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..