धालभूमगढ़ एयरपोर्ट के जीर्णोद्धार को लेकर भूमि पूजन के सालभर पूरे, नहीं रखी जा सकी एक भी ईंट

Ghatsila News - धालभूमगढ़ एयरपोर्ट के निर्माण कार्य को शुरू कराने को लेकर एक साल पूर्व आज ही के दिन भूमि पूजन किया गया था। एक साल बीत...

Jan 24, 2020, 06:51 AM IST
Ghatsila News - regarding the renovation of dhalbhumgarh airport the land was completed for the year of worship no brick could be laid
धालभूमगढ़ एयरपोर्ट के निर्माण कार्य को शुरू कराने को लेकर एक साल पूर्व आज ही के दिन भूमि पूजन किया गया था। एक साल बीत जाने के बाद भी यहां आज तक एक ईंट तक नहीं रखी जा सकी है। निर्माण कार्य की दिशा में किसी तरह की पहल धरातल पर शुरू नहीं हो सकी। केवल फाइलों में ही हवाई जहाज उड़ती रह गई। मालूम हो कि गत वर्ष 24 जनवरी 2019 को सत्तर साल बाद पूर्वी सिंहभूम जिले के धालभूमगढ़ एयरपोर्ट के जीर्णोद्धार को लेकर पहल शुरू हुई थी।

सीएम रघुवर दास के अलावा केंद्रीय राज्य मंत्री जयंत सिन्हा, मंत्री सीपी सिंह, सांसद विद्युतवरण महतो, विधायक लक्ष्मण टुडू और विधायक मेनका सरदार ने संयुक्त रूप से एयरपोर्ट जीर्णोद्धार कार्य का भूमि पूजन किया था। यहां एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया और झारखंड सरकार के बीच प्रथम चरण में 72 सीट वाले विमान की उड़ान को लेकर एमओयू हुआ था। प्रथम चरण में 100 करोड़ की लागत से एयरपोर्ट को आधुनिक रूप देने के साथ-साथ हवाई पट्टी को दुरुस्त किया जाएगा। यह कार्य दिसंबर 2020 तक संपन्न होगा और जनवरी 2021 में यहां से 72 सीटों वाला विमान उड़ान भरने लगेगा। एक साल बीतने के बाद भी कोई पहल नहीं की गई। एक ईंट की जुड़ाई भी नहीं हो सकी है। फाइलों में ही मामला अटका रह गया। सीएम रघुवर दास ने कहा था कि एयरपोर्ट चालू होने से रोजगार के लिए अवसर पैदा होंगे, जिनमें स्थानीय युवाओं को वरीयता दी जाएगी। सीएम ने ग्रामीणों से दूसरे चरण के कार्य के लिए 55 एकड़ जमीन देने की अपील की थी। उन्होंनेे कहा था कि इसे काॅमर्शियल एयरपोर्ट के रूप में विकसित किया जाएगा। बोईंग बसें भी चलेंगी।

24 जनवरी 2019 को पूर्वी सिंहभूम जिले के धालभूमगढ़ एयरपोर्ट के जीर्णोद्धार को लेकर शुरू हुई थी पहल

इस एयरपोर्ट को काॅमर्शियल एयरपोर्ट के रूप में विकसित किए जाने की है योजना

खटाई में पड़ सकता है प्रोजेक्ट

प्रखंड कार्यालय में सीओ ने आज बुलाई है बैठक, ग्रामीणों का विरोध

कालापाथर पहाड़ पूजा स्थल पर 12 मौजा के ग्रामीणों ने की बैठक

धालभूमगढ़ एयरपोर्ट।

वन विभाग को 40 हजार पेड़ कटने व एलिफेंट कॉरिडोर होने पर आपत्ति

इस एयरपोर्ट के निर्माण के दौरान आसपास के 40 हजार पेड़ काटे जाएंगे। यही नहीं एलिफेंट का कॉरिडोर होने के कारण हाथियों की सामान्य गतिविधियां प्रभावित हो सकती हैं। इन्हीं सब बिंदुओं को लेकर वन विभाग ने आपत्ति जताई है। वैसे इस बात को लेकर चर्चा है कि एलिफेंट कॉरिडोर के कारण यह प्रोजेक्ट खटाई में पड़ सकता है। वन विभाग ने अभी तक इसी बात को लेकर अनापत्ति प्रमाण पत्र नहीं दिया है। इसी वजह से यहां कामकाज शुरू नहीं हो सका है। धालभूमगढ़ के एयरपोर्ट का प्रोजेक्ट खटाई में पड़ सकता है। इसके दो मुख्य कारण हैं। एक तो भूमि अधिग्रहण तथा पूजा स्थल स्थानांतरित करने को लेकर ग्रामीण लगातार विरोध कर रहे हैं।

26 जनवरी को झंडोत्तोलन में शामिल नहीं होने का निर्णय

पूर्व सीएम रघुवर दास व सांसद विद्युतवरण के साथ अन्य लोगों ने किया था भूमि पूजन

रूआशोल ग्राम सभा की ओर से पारंपरिक कालापाथर बुरुबंगा थान तथा भारत के संविधान के अनुच्छेद 25 को नहीं मानने का आरोप लगाते हुए एक पत्र राज्यपाल के नाम दिया गया है। पत्र में लिखा गया है कि भारत एक गैर न्यायिक देश है तथा पूर्वी सिंहभूम आंशिक वर्जित क्षेत्र में 1935 पारा 91 के तहत संचालित होने के बावजूद जिला प्रशासन द्वारा हमें प्रताड़ित किया जा रहा है। अतः मजबूर होकर ग्राम सभा कर ग्रामीणों ने 26 जनवरी के झंडोत्तोलन में शामिल नहीं होने का निर्णय लिया है। ग्रामीणों का कहना है कि रूआशोल ग्राम पूर्वी सिंहभूम के आंशिक वर्जित क्षेत्र अर्थात पांचवीं अनुसूची क्षेत्र के अंतर्गत आता है। यहां जबरन गैर न्यायिक ग्राम सभा समाप्त कर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बनाने का निर्णय लिया गया है। जिससे पारंपरिक ग्राम सभा की धर्म, भाषा तथा संस्कृति समाप्त होने का डर है। रूआशोल ग्राम सभा में भारत के संविधान का अनुच्छेद 25 लागू है। जिसमें हमें धर्म की आजादी दी गई है। रुआशोल ग्राम सभा के आदिवासी गैर न्यायिक ग्रामीणों ने यह भी निर्णय लिया है कि जब तक पूरे झारखंड के पांचवीं अनुसूची से गैर आदिवासियों के पूजा स्थल मंदिर को स्थानांतरण नहीं किया जाता है, तब तक हम लोग कालापाथर तथा बुरुबंगा पूजा स्थल के स्थानांतरण हेतु 24 जनवरी 2020 की बैठक में शामिल नहीं होंगे। अगर किसी भी तरह का विवाद होता है तो इसकी जिम्मेवारी अंचल अधिकारी धालभूमगढ़, अपर उपायुक्त पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर तथा अनुमंडल पदाधिकारी घाटशिला की होगी।

Ghatsila News - regarding the renovation of dhalbhumgarh airport the land was completed for the year of worship no brick could be laid
X
Ghatsila News - regarding the renovation of dhalbhumgarh airport the land was completed for the year of worship no brick could be laid
Ghatsila News - regarding the renovation of dhalbhumgarh airport the land was completed for the year of worship no brick could be laid
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना