Hindi News »Jharkhand »Jai Nagar» इंटर कॉलेज का दर्जा मिलने के बाद भी शिक्षकों का टोटा

इंटर कॉलेज का दर्जा मिलने के बाद भी शिक्षकों का टोटा

सरकार उत्क्रमित मध्य विद्यालय को उत्क्रमित उच्च विद्यालय व उच्च विद्यालय को इंटर विद्यालय की मान्यता तो दे दी गई...

Bhaskar News Network | Last Modified - Apr 10, 2018, 02:30 AM IST

सरकार उत्क्रमित मध्य विद्यालय को उत्क्रमित उच्च विद्यालय व उच्च विद्यालय को इंटर विद्यालय की मान्यता तो दे दी गई है, परंतु मध्य विद्यालय के शिक्षक उच्च विद्यालय व उच्च विद्यालय के शिक्षक इंटर विद्यालय के छात्र-छात्राओं को पढ़ाने को विवश हैं। सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त इंटर विद्यालय के लिए आज तक शिक्षक बहाल नहीं की गई है। उच्च विद्यालय व इंटर विद्यालय में शिक्षक के बहाल नहीं करने के कारण मैट्रिक व इंटर में शामिल होने वाले छात्र छात्राओं को जैसे तैसे तैयारी हो पाती है। यही हाल प्रखंड के राज्य संपोषित उच्च विद्यालय परसाबाद को वर्ष 16- 17 में उत्क्रमित उच्च विद्यालय से इंटर कॉलेज तो बना दिया गया परंतु इंटर विद्यार्थियों के लिए एक भी शिक्षक बहाल नहीं की गई। उच्च विद्यालय के शिक्षक किसी तरह समय निकालकर इंटर के आर्ट्स, कॉमर्स व विज्ञान के 142 विद्यार्थियों को जैसे तैसे पढ़ा रहे हैं। इस विद्यालय के स्थापना 1955 हुई है। पिछले 6 वर्षों से शिक्षक के अभाव में यह विद्यालय प्रतिनियोजन पर चल रहा है । विद्यालय के वर्ग नवम में 90, दशम में 88 विद्यार्थियों अध्ययनरत है । वही जुलाई माह में उपायुक्त संजीव कुमार बेसरा द्वारा शिक्षकों के स्थानांतरण करने के बाद मनोज कुमार पांडेय और परवेज अख्तर को इस विद्यालय में अस्थाई रूप से पदस्थापित किया गया है। इस विद्यालय में एक भी अंग्रेजी, गणित तथा विज्ञान के शिक्षक नहीं है, जिसके कारण छात्र छात्राओं को पठन पाठन बाधित हो रहा है। शिक्षक के अभाव में इंटर के कई विद्यार्थी नवम व दशम के विद्यार्थियों को पढ़ाते है। जबकि शिक्षकों का स्वीकृत पद 11, आदेशपाल दो तथा लिपिक पद एक है। परंतु 3 शिक्षक एक लिपिक व एक आदेशपाल कार्यरत है 3 शिक्षकों में एक शिक्षक प्रतिनियोजित पर है। इस विद्यालय में 2 शौचालय तथा दो चापाकल है। अध्यापक मनोज कुमार पांडेय ने बताया कि शिक्षकों के अभाव में विषयवार विद्यार्थियों की पढ़ाई नहीं हो पाती है। वही इंटर के छात्र छात्राओं को पढ़ाई में काफी कठिनाई होती है। शिक्षक बहाल को लेकर कई बार वरीय पदाधिकारियों को लिखा गया परंतु शिक्षक को प्रतिनियुक्त नहीं किया गया है।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Jai Nagar

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×