पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

पांच माह पूर्व टाटा स्टील और जुस्काे काे बिजली वितरण का अधिकार देने का मामला लटका

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक

गैर कंपनी क्षेत्राें कदमा, साेनारी, भुइयांडीह, बागुनहातु, बारीडीह बस्ती, विद्यापतिनगर, बिरसानगर, छाेटा गाेविंदपुर अाैर सरायकेला खरसावां के ग्रामीण क्षेत्राें में जुस्काे काे बिजली वितरण देने के अधिकार का मामला लटक गया है। तत्कालीन सीएम रघुवर दास ने जेएनएसी के गैर कंपनी क्षेत्राें में बिजली वितरण जुस्काे के हवाले करने की याेजना बनाई थी, जिसकी मंजूरी भी रघुवर सरकार ने अपने कार्यकाल में 24 अक्टूबर 2019 काे दे दी थी। मगर पांच माह बीत गए, अब तक राज्य सरकार ने काेई निर्णय नहीं लिया है। पूर्व सरकार के जमाने में जुस्काे के हवाले गैर कंपनी की बिजली वितरण व्यवस्था की मंजूरी मिलने के बाद राज्य नियामक अायाेग के पास प्रस्ताव तैयार कर भेजा गया था। हेमंत साेरेन सरकार सत्तासीन हाेने के बाद जुस्काे के हवाले बिजली वितरण करने पर संशय हाे गया है। सीएम हेमंत साेरेन ने बिजली वितरण निगम लिमिटेड के तत्कालीन एमडी राहुल पुरवार काे हटा दिया है अाैर उनके कार्यकाल में हुए टेंडर, याेजनाअाें की जांच करा रही है। हेमंत साेरेन सरकार ने हाल ही में 100 यूनिट तक बिजली बिल मुफ्त करने का निर्णय लिया है। गाैरतलब है कि टाटा स्टील लिमिटेड, जुस्काे व राज्य सरकार की 41 बैठक में बिजली वितरण के अधिकार काे लेकर मंजूरी दी गई थी। जुस्काे वर्तमान में टाटा लीज एरिया व बागान एरिया अाैर अादित्यपुर में बिजली वितरण करती है। एेसे में नई सरकार द्वारा टाटा स्टील लिमिटेड, टीएसएल काे बिजली वितरण मामले काे रद्द करने की संभावना बढ़ गई है। बिजली वितरण के लिए जुस्काे व बिजली विभाग ने शहर का सर्वे किया था, जिसमें एक मसाैदा तैयार किया गया है। इसके तहत 60 फीसदी राज्य सरकार व जुस्काे 40 फीसदी राशि बिजली अापूर्ति के क्षेत्र में खर्च करेगा। जुस्काे अपने मैनपावर से बिजली अापूर्ति करेगा।

राज्य सरकार ने जुस्काे के साथ मिलकर एक मसाैदा तैयार किया था कि जमशेदपुर अक्षेस कमांड क्षेत्राें में निजी कंपनी काे बिजली वितरण का अधिकार दिया जाए। लेकिन अब नई सरकार बनी है, ताे इस पर बदलाव हाे सकता है। हालांकि ऊर्जा विभाग काे इस पर निर्णय लेना है।

अरविंद कुमार, महाप्रबंधक, बिजली विभाग सिंहभूम प्रक्षेत्र
खबरें और भी हैं...