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गणेश चतुर्थी / शहर में पहली बार महिलाएं बजाएंगी नादस्वरम



शहर की सबसे बड़ी गणेश पूजा कदमा में। (फाइल) शहर की सबसे बड़ी गणेश पूजा कदमा में। (फाइल)
  • पूजन, व्यापार की शुरुआत, मांगलिक कार्यक्रम जैसे सभी कार्यों के लिए गणेश गणेश चतुर्थी को महत्वपूर्ण माना जाता है
Danik Bhaskar | Sep 12, 2018, 04:06 PM IST

जमशेदपुर. ऋद्धि-सिद्धि के दाता भगवान गणेश इस बार स्वाति योग में विराजेंगे। गणेश चतुर्थी पर ऐसा योग बन रहा है, जो भक्तों को सौभाग्य का आशीर्वाद देंगे। इस बार गुरुवार के दिन स्वाति नक्षत्र चतुर्थी तिथि में पड़ रही है। जो गुरु तीन योग मिलकर महायोग बना है। चल-अचल संपत्ति की खरीदारी का भी सर्वश्रेष्ठ दिन है। कदमा स्थित गणेश मैदान में शहर का सबसे बड़ा गणेश पूजा होता है। यहां 11 दिनों तक उत्सव सा माहौल रहता है। शहर में पहली बार दक्षिण भारत की महिलाएं नादस्वरम बजाएंगी।

 

मुहूर्त का विशेष महत्व
पूजन, व्यापार की शुरुआत, मांगलिक कार्यक्रम जैसे सभी कार्यों के लिए गणेश गणेश चतुर्थी को महत्वपूर्ण माना जाता है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार भगवान की स्थापना से लेकर विसर्जन तक की विधि को सही मुहूर्त और तिथि में करना चाहिए।

 

गणेश पूजन का मुहूर्त
गुरुवार की सुबह 10.32 बजे से दोपहर 1.15 बजे तक व शाम 4.15 से 5.50 बजे तक अति शुभ मुहूर्त है।


राहुकाल: 13 सितंबर को दोपहर 1:30 से 3:00 बजे तक राहुकाल रहेगा, राहुकाल से पहले पूजन करना शुभ है।

 

श्रीबाल गणपति विलास, कदमा गणेश पूजा मैदान
श्रीबाल गणपति विलास, कदमा गणेश पूजा मैदान में इस साल शताब्दी वर्ष मनाया जा रहा है। उत्सव का शुभारंभ बुधवार काे होगा। पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा पंडाल का उद्घाटन करेंगे। यहां दक्षिण भारत का गोल्डन टेंपल पंडाल का प्रारूप दिखने को मिलेगा। यह 60 फीट ऊंचा, 60 फीट चौड़ा और 80 फीट लंबा होगा। इसमें 14 फीट ऊंंची गणेश जी की प्रतिमा होगी। उनका मुकुट 1.5 फीट ऊंचा होगा।

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