पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

होली के चलते एसबीअाई एटीएम की जांच रुकी, कार्ड क्लोनिंग से ठगे जा सकते हैं लोग

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक

स्टैट बैंक अॉफ इंडिया (एसबीआई) के एटीएम की बड़े पैमाने पर क्लोनिंग करने की मामले की जांच होली की छुट्टी के कारण रोक दी गई है। बैंक में छुट्टी होने का हवाला देकर जांच नहीं हो पाई है। एेसे में होली के दौरान एटीएम फ्रॉड की घटनाएं हो सकती हैं। साइबर पुलिस बैंक के अफसर के साथ मिलकर जांच करने की तैयारी में थी, लेकिन बैंक के अधिकारी नहीं आए। इसके चलते रविवार को जांच नहीं हो पाई। साइबर क्राइम थाना के प्रभारी उपेंद्र कुमार मंडल के अनुसार एटीएम विशेषज्ञ नहीं होने के चलते जांच अब बुधवार को ही हो पाएगी। एटीएम से कार्ड की क्लोनिंग अब भी हो सकती है। क्लोनिंग का मामला पूरे कोल्हान में फैला हुआ है। चक्रधरपुर से भी कार्ड की क्लोनिंग कर रुपए की निकासी की गई है। साइबर पुलिस का कहना है कि अक्टूबर माह से ही एसबीआई के एटीएम से क्लोनिंग चल रही है। एेसे में अब भी एसबीआई के एटीएम को पूरी तरह से सुरक्षित नहीं कहा जा सकता है। इस मामले पर बैंक के अधिकारी किसी भी तरह की प्रतिक्रिया देने से बच रहे हैं। उधर, इस मामले में एक और ग्राहक ने 23 हजार रुपए की निकासी की शिकायत थाने में दर्ज कराई है। इस तरह एसबीआई एटीएम से फ्रॉड होने से मामले की संख्या बढ़ कर 26 हो गई है। ठगों ने क्लोनिंग कर 5. 65 लाख रुपए ग्राहकों से उड़ा लिया है।

चक्रधरपुर में 12 हजार की निकासी

पुलिस के मुताबिक गोइलकेरा के निवासी ने चक्रधरपुर के एसबीआई के एटीएम से पैसे की निकासी की। उसके भी एकाउंट से लगभग 12 हजार रुपए निकाल लिए गए। बिष्टुपुर स्थित साइबर थाने से पीड़ित को चक्रधरपुर साइबर सेल भेजा गया है। पुलिस जांच में जुटी है। लेकिन अभी तक कोई साइबर ठग का सुराग नहीं मिल सका है।

कदमा में खाते से 23 हजार निकाले

साइबर थाने में रविवार को कदमा निवासी रामलखन रेड्डी ने शिकायत की है कि अक्टूबर माह में उन्होंने कदमा के एटीएम से राशि की निकासी की थी। इसके तुरंत बाद उनके अकाउंट से 23 हजार रुपए की निकासी कर ली गई। उस वक्त भी उन्होंने साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। लेकिन अबतक उनको राशि वापस नहीं मिली है।


आशंका: तीन रीडर अब भी साइबर ठगों के पास

एसबीअाई के विभिन्न एटीएम से तीन रीडर की चोरी साइबर अपराधियों द्वारा कर ली गई है। ये रीडर अब भी साइबर ठगों के पास ही हैं। साइबर ठग इस रीडर को किसी भी एटीएम में लगाकर खाते से रुपए की क्लोनिंग कर सकते हैं। तीन कार्ड रीडर का उपयोग कर कई ग्राहकों के एटीएम का क्लोनिंग किया जा सकता है। साइबर थाना प्रभारी ने बताया कि तीन रीडर अबतक जब्त नहीं होने से क्लोनिंग की आशंका बरकरार है।


एसबीआई एटीएम से फ्रॉड होने वालों की सख्या बढ़कर 26 हुई

एसबीआई के एटीएम से क्लोनिंग चल रही है। एेसे में अब भी एसबीआई के एटीएम को पूरी तरह से सुरक्षित नहीं कहा जा सकता है। इस मामले पर बैंक के अधिकारी किसी भी तरह की प्रतिक्रिया देने से बच रहे हैं। उधर, इस मामले में एक और ग्राहक ने 23 हजार रुपए की निकासी की शिकायत थाने में दर्ज कराई है। इस तरह एसबीआई एटीएम से फ्रॉड होने से मामले की संख्या बढ़ कर 26 हो गई है। ठगों ने क्लोनिंग कर 5. 65 लाख रुपए ग्राहकों से उड़ा लिया है।
खबरें और भी हैं...