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चंद्रवंशी : आपसे सीनियर हूं मैंने क्या किया समीक्षा कर लें

एक वर्ष पहले
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भाजपा विधायक विरंची नारायण ने कहा कि बायाे मेडिकल वेस्ट अत्यंत ही खतरनाक है। इससे काेराेना से भी ज्यादा गंभीर बीमारी हाे सकती है, लेकिन राज्य में बायाे मेडिकल वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। मंत्री बन्ना गुप्ता ने कहा कि पूर्व की सरकार ने इस पर कुछ नहीं किया। पूर्व स्वास्थ्य मंत्री रामचंद्र चंद्रवंशी यहां बैठे हैं। इस पर पूर्व मंत्री रामचंद्र चंद्रवंशी ने कहा कि वर्तमान मंत्री उनसे उम्र में काफी छाेटे हैं। पहली बार कुछ माह के लिए मंत्री बने थे, अब दाे माह हुअा है। मैं उनसे काफी सीनियर हूं। बिहार में भी मंत्री रहा। मैंने क्या किया है, इसकी समीक्षा कर लें। ये दाे माह में ही सबकुछ ताे नहीं हाे गया हाेगा। हालांकि बाद में मंत्री बन्ना गुप्ता ने यह कहकर बात खत्म की कि उन्हें पूर्व मंत्री से काफी कुछ सीखना है। मैंने उन्हें पीड़ा पहुंचाने के लिए यह बात नहीं कही थी।

वाटर टैक्स की वसूली होनी चाहिए : लंबोदर

लंबोदर महतो ने कहा कि विभिन्न संस्थानों, सरकारी विभागों और सार्वजनिक क्षेत्र के प्रतिष्ठानों पर वाटर टैक्स का बकाया है। सरकार को इसकी वसूली की व्यवस्था करनी चाहिए, ताकि राजस्व में भी वृद्धि हो सके।

खनन क्षेत्रों में जलस्तर नीचे जा रहा है : प्रदीप

प्रदीप यादव ने कहा कि खनन क्षेत्रों में जलस्तर काफी नीचे जा रहा है। जमीन की नमी खत्म हो रही है। केंद्र सरकार ने जिस तरह पेड़ कटने पर पेड़ लगाना अनिवार्य है, उसी तर्ज पर बालू के उठाव से नमी के नुकसान की भरपाई के लिए कानून बने।

किसानों की कोई योजना धरातल पर नहीं उतरी

मथुरा महतो ने कहा कि किसानों की कोई भी योजना धरातल पर नहीं उतरी। पंचेत हो या मैथन डैम, उसका लाभ झारखंड के किसानों को नहीं मिला। उन्होंने कृषि योग्य भूमि के अधिग्रहण का विरोध किया। साथ ही किसानों को हर स्तर पर संरक्षण दिये जाने की मांग की।

एमएलए को पांच और मुखिया को 50 चापानल : रामचंद्र चंद्रवंशी

रामचंद्र चंद्रवंशी ने श्वेत पत्र की आलोचना करते हुए कहा कि 300 चेक डैम बनाने की बात कही गई, लेकिन पैसा कहां से अाएगा यह भी तो बताना चाहिए। क्योंकि सरकार कहती है कि खजाना खाली है। उन्होंने कहा कि एमएलए को पंचायतों में पांच चापानल लगवाने की जिम्मेदारी दी गई है, जबकि मुखिया 50 चापानल लगवाते हैं। इस पर विचार करने की जरूरत है।

जल, जंगल जमीन को बचाएंगे : प्रभारी मंत्री

शुक्रवार को भोजनावकाश के बाद जल संसाधन एवं पेयजल स्वच्छता विभाग की अनुदान मांग पर चर्चा हुई। प्रभारी मंत्री की हैसियत से सरकार की ओर से पेयजल स्वच्छता मंत्री मिथलेश ठाकुर को जवाब देना था। ठाकुर की तबीयत खराब हो जाने के कारण वह 13 मार्च को सदन में उपस्थित नहीं हो सके। इस कारण ठाकुर के बदले स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने कटौती प्रस्ताव पर चर्चा के बाद प्रभारी मंत्री की हैसियत से जवाब दिया। चर्चा में सदस्यों के अाए सुझाव और मांग पर कोई आश्वासन देने के बदले बन्ना गुप्ता ने अपने जवाब में कहा कि सरकार जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए वचनबद्ध है। उन्होंने कहा कि सिंचाई और पेयजल उपलब्ध कराने के लिए भी सरकार गंभीर है। खजाना खाली है, पर विपरीत परिस्थिति में भी सरकार जनहित की योजनाओं को पूरा करेगी। स्वर्णरेखा परियोजना विकराल रूप धारण करती गई और भ्रष्टाचार का अड्डा बनती गई, पर सरकार अब पूर्व की 40 योजनाओं को चिह्नित कर उसकी कमियों को दूर करेगी। अंत में माले विधायक विनोद सिंह ने अपने कटौती प्रस्ताव को वापस ले लिया और भाजपा सदस्यों के बहिष्कार के बीच अनुदान मांग पारित हो गया।


बायाे वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट की जांच के लिए बने विस कमेटी : विरंची

राज्य में रामगढ़ अाैर लाेहरदगा में जाे प्लांट हैं, वहां एक साथ 15 दिनाें का बायाे मेडिकल वेस्ट ट्रीटमेंट के लिए ले जाया जाता है। यह खतरनाक है। रिम्स में बायाे मेडिकल वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट है। इससे वहां भर्ती मरीजाें काे ही खतरा हाे सकता है। उन्हाेंने मांग की कि बायाे मेडिकल वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट की जांच के लिए विधानसभा कमेटी बनाएं। मंत्री बन्ना गुप्ता ने कहा कि यह गंभीर विषय है। वर्तमान में छह जिलाें हजारीबाग, मेदिनीनगर, पाकुड़, देवघर, सिंदरी, अादित्यपुर में प्लांट के लिए केंद्र काे लिखा गया है।

धरातल पर उतरनी चाहिए योजनाएं : विनोद

कटौती प्रस्ताव पर चर्चा की शुरुअात करते हुए विनोद सिंह ने कहा कि सिंचाई योजनाएं धरातल पर उतरनी चाहिए। बिहार के समय से चल रही योजनाएं अभी भी अधूरी हैं और जनता को उसका लाभ नहीं मिल रहा है। जबकि उन योजनाओं की लागत सैकड़ों गुणा बढ़ गई। उन्होंने तालाबों को बचाने और ग्रामीण जलापूर्ति योजना को व्यवहारिक बनाने का भी सरकार से आग्रह किया। कहा कि इस पर विस्तारित कार्य योजना बनाने की जरूरत है।

जल संसाधन एवं पेयजल स्वच्छता विभाग की अनुदान मांग विधानसभा से पारित

पूर्व मंत्री चंद्रवंशी ने कहा कि मेरा काम देख लें, नई सरकार के दाे माह में ही सबकुछ ताे नहीं हाे गया हाेगा

मंत्री बन्ना गुप्ता बोले... उन्हें पूर्व मंत्री से काफी कुछ सीखना है, उन्हें पीड़ा पहुंचाने के लिए यह बात नहीं कही

बन्ना : पूर्व की सरकार ने प्लांट के लिए कोई काम नहीं किया

पूर्व अौर वर्तमान स्वास्थ्य मंत्री में नाेंक-झाेंक... बायो मेडिकल वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट पर दोनों अामने-सामने

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