--Advertisement--

जल, जंगल और जमीन की रक्षा जरूरी

हेसागढ़ा स्थित झामुमो प्रधान कार्यालय में शनिवार को 163वां सिदो कान्हू हूल दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर...

Dainik Bhaskar

Jul 01, 2018, 03:30 AM IST
जल, जंगल और जमीन की रक्षा जरूरी
हेसागढ़ा स्थित झामुमो प्रधान कार्यालय में शनिवार को 163वां सिदो कान्हू हूल दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर पार्टी के केन्द्रीय महासचिव फागू बेसरा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने सिदो कान्हू की तस्वीर पर माल्यार्पण किया।

मौके पर फागू बेसरा ने कहा कि ब्रिटिश शासन के खिलाफ सिदो कान्हू, चांद भैरव और फूलो झानो के नेतृत्व में 1855 को संथाल परगना क्षेत्र के साहेबगंज जिला के भोगनाडीह गांव में करीब 50 हजार संथाल आदिवासियों ने उलगुलान का बिगुल फूंका था। इस संथाल विद्रोह में करीब 20 हजार संथाली शहीद हुए थे। और संथाल परगना क्षेत्र से ब्रिटिश हुकूमत को पीछे हटना पड़ा था।

बेसरा ने कहा कि वर्तमान भाजपा नीत सरकार भी दोषपूर्ण स्थानीय नीति बनाकर स्थानीय युवकों को बेरोजगार और बाहरी लोगों को नौकरी में बहाल कर रही है। सीएनटी,एसपीटी एक्ट में संशोधन करने का जिस प्रकार प्रयास किया जा रहा है। इससे झारखंडी आदिवासियों में भारी आक्रोश है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पिछले दरवाजे से कॉरपोरेट घरानों को लाभ पहुंचाने के लिए काम कर रही है। बेसरा ने कहा कि जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए सभी झारखंडी को संकल्प लेते हुए एक और उलगुलान की जरूरत है। कार्यक्रम में मुख्य रूप से केंद्रीय सदस्य राजकुमार महतो, आरभीएम के महासचिव सैनाथ गंझू, सुखदेव महतो, बालेश्वर महतो, दिनेश हांसदा, बीरबल मरांडी, पन्ना लाल मुर्मू, सनुमदन सोरेन, नरेंद्र रविदास, शनिचरवा मरांडी उर्फ कमांडो, भुनेश्वर ठाकुर, कैलाश मांझी, बोधन मांझी, सुनील शर्मा, तालो टुडू, मनीष कुमार, दीपक टुडू, बादल कुमार, सुरेश महतो समेत कई पार्टी नेता व कार्यकर्ता उपस्थित थे।

हेसागढ़ा स्थित झामुमो प्रधान कार्यालय में सिदो कान्हू का हूल दिवस मनाया गया

कार्यक्रम में उपस्थित केंद्रीय महासचिव व अन्य।

X
जल, जंगल और जमीन की रक्षा जरूरी
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..