Hindi News »Jharkhand »Ranchi »News» मदीना मस्जिद की बुनियाद रखने वाले मौलाना अलीमुद्दीन का इंतकाल

मदीना मस्जिद की बुनियाद रखने वाले मौलाना अलीमुद्दीन का इंतकाल

शहर की सबसे बड़ी मस्जिद मदीना मस्जिद की बुनियाद रखने वाले मशहूर इस्लामी विद्वान मौलाना कारी हाजी अलीमुद्दीन क़ासमी...

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 01, 2018, 02:10 PM IST

शहर की सबसे बड़ी मस्जिद मदीना मस्जिद की बुनियाद रखने वाले मशहूर इस्लामी विद्वान मौलाना कारी हाजी अलीमुद्दीन क़ासमी का बुधवार शाम 7:20 बजे इंतकाल हो गया। उनकी उम्र करीब 88 साल थी। बानापीड़ी, रातू के रहने वाले मौलाना अलीमुद्दीन ने दारूलउलूम देवबंद और मऊ नाथ भंजन उत्तरप्रदेश से तालीम हासिल की थी। हाफिज, कारी और आलिम थे। 1968 में उन्होंने हिंदपीढ़ी में मदीना मस्जिद की बुनियाद रखी। तभी से यहां इमाम और खतीब थे। जून से उनकी तबीयत खराब हुई, तो उनके ही छोटे बेटे मौलाना अंसार उल्लाह क़ासमी इमामत के फर्ज अंजाम दे रहे हैं। ये बताते हुए उनकी आंखें डबडबा आईं कि नमाज-ए-जनाज़ा गुरुवार को हरमू ईद गाह मैदान में दोपहर 3 बजे अदा की जाएगी। पास के रातू रोड कब्रिस्तान में उन्हें सुपुर्द-ए-ख़ाक किया जाएगा। जनाज़ा मदीना मस्जिद के पास स्थित मरहूम के घर से दिन के 2 बजे निकलेगा। इकरा मस्जिद महात्मा गांधी मार्ग अलबर्ट एक्का चौक, शहीद चौक से अपर बाजार होता ईदगाह ले जाया जाएगा।

आखिरी दीदार को जुटी भीड़, कहा बेबाकी के लिए मशहूर थे

मौलाना अलीमुद्दीन के चाहने वाले रांची शहर के साथ ग्रामीण इलाकों में अधिक हैं। उन्होंने मस्जिद और मदरसों की बड़ी तादाद में शुरुआत कराई। मौत की खबर मिलते ही लोग आखरी दीदार के हिंदपीढ़ी स्थित घर पर जुटने लगे। मरहूम के दामाद मौलाना शरीफ अहसन मज़हरी ने बताया कि मरहूम अपनी साफगोई और बेबाकी के लिए मशहूर थे। जबकि मौलाना हाजी तहज़ीबुल हसन ने उनके सामाजिक कामों और उनके अच्छे व्यवहार को याद किया। देर रात तक घर और गली शोकाकुल लोगों से भरी रही। इनमें मौलाना उबेदुल्लाह क़ासमी, मौलाना सलमान क़ासमी, मौलाना सिद्दीक मज़हरी, इबरार अहमद, डॉ असलम परवेज, निहाल अहमद, तनवीर अहमद, मो शुएब खान राजू, नौशाद खान, मो फैजी, असगर खान, एजाज अहमद समेत कई प्रमुख लोग शामिल थे। मौलाना अलीमुद्दीन के चार बेटे और पांच बेटियां हैं। बेटों में सलमान अख्तर, क़ारी सुहैब अहमद, मौलाना रिजवान अहमद क़ासमी और मौलाना अंसारूल्लाह क़ासमी हैं।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From News

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×