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झारखंड / रांची के धुर्वा तथा गेतलसूद डैम में लगेगा देश का पहला तैरता सोलर एनर्जी सिस्टम: नरेंद्र मोदी

पूर्वी चीन के अनहुई प्रांत में दुनिया का सबसे बड़ा फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट। (फाइल फोटो) पूर्वी चीन के अनहुई प्रांत में दुनिया का सबसे बड़ा फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट। (फाइल फोटो)
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पूर्वी चीन के अनहुई प्रांत में दुनिया का सबसे बड़ा फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट। (फाइल फोटो)पूर्वी चीन के अनहुई प्रांत में दुनिया का सबसे बड़ा फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट। (फाइल फोटो)

  • झारखंड के खूंटी कोर्ट में सोलर एनर्जी सिस्टम का पीएम मोदी ने 2015 में किया था उद्घाटन
  • झारखंड के खूंटी विधानसभा में चुनाव प्रचार करने पहुंचे थे नरेंद्र मोदी

Dainik Bhaskar

Dec 03, 2019, 07:40 PM IST

रांची/खूंटी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खूंटी में चुनावी सभा के दौरान कहा कि 2015 में सौर उर्जा से बिजली उत्पादन अजूबा लगता था। पांच साल के बाद झारखंड में 40 मेगावाट सौर उर्जा तैयार की जा रही है। अब तो गेतलसूद और धुर्वा डैम पर तैरता सोलर पावर प्लांट बनने जा रहा है। इससे गांव-गांव तक पर्याप्त और सस्ती बिजली मिलेगी। बता दें कि नरेंद्र मोदी ने 2015 के खूंटी यात्रा के दौरान खूंटी कोर्ट में लगे सोलर एनर्जी का उदघाटन किया था। नरेंद्र मोदी यहां भाजपा प्रत्याशी नीलकंठ मुंडा के पक्ष में चुनावी सभा करने पहुंचे थे।

केरल में है देश का सबसे बड़ा तैरता सोलर एनर्जी सिस्टम
केरल के वायनाड में देश का सबसे बड़ा फ्लोटिंग (तैरता) सोलर पावर प्लांट दिसंबर 2017 में शुरू हुआ था। यहां के बाणासुर सागर बांध पर बने प्लांट में 1938 सोलर पैनल लगे हैं। तिरुवनंतपुरम की एड टेक सिस्टम कंपनी ने इस प्लांट को 9.25 करोड़ रुपए की लागत से बनाया है। पूरे प्लांट में 18 फ्लोटिंग प्लेटफॉर्म है। यहां से बनने वाली बिजली अंडरग्राउंड वॉटर केबल्स के जरिए घरों तक पहुंचती है। केरल इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड के अनुसार, इस सोलर प्लांट से हर दिन 500 किलोवाट बिजली उत्पादन होता है यानी साल भर में सात लाख यूनिट बिजली। 

दिसंबर 2017 में चीन में लगाया गया था दुनिया का सबसे बड़ा तैरता सोलर प्लांट
दिसंबर 2017 में पूर्वी चीन के अनहुई प्रांत में दुनिया के सबसे बड़े फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट ने बिजली पैदा करना शुरू किया था। हुएनन तालाब पर 1 हजार करोड़ रु. के खर्च से बने इस प्लांट को ग्रिड से जोड़ा गया था। इसमें 1.20 लाख पैनल लगे हैं। इससे 15 हजार घरों की बिजली की जरूरतें पूरी हो रही है। 

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