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मार्च के पहले सप्ताह में शिक्षा जगत को मिलेगा राज्य का पहला साइंस सेंटर

राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी शिक्षा योजना इनोवेटिव झारखंड के तहत राज्य का पहला साइंस सेंटर मार्च महीने के प्रथम...

Danik Bhaskar | Feb 22, 2018, 03:45 AM IST
राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी शिक्षा योजना इनोवेटिव झारखंड के तहत राज्य का पहला साइंस सेंटर मार्च महीने के प्रथम सप्ताह में जिले के शिक्षा जगत को समर्पित होगा। राज्य सरकार के साथ हुए एमओयू के तहत अगस्त्या इंटरनेशनल फाउंडेशन, बेंगलुरु द्वारा सरायकेला स्थित नृपराज राजकीय + 2 उच्च विद्यालय में उक्त साइंस सेंटर की स्थापना की जा रही है। अगले 3 वर्षों के लिए संचालित होने वाले उक्त साइंस सेंटर के तहत स्कूली बच्चों के लिए एक कमरे में विज्ञान की विशाल दुनिया दिखाने के प्रयास किए गए हैं। इस साइंस सेंटर की स्थापना में जिला योजना विभाग सहयोग कर रहा है। इसमें साइंस सेंटर की उपयोगितापूर्ण संचालन की जिम्मेदारी जिला शिक्षा पदाधिकारी के सुपुर्द की गई है।

ये होंगे लाभान्वित

कमजोर एवं इच्छुक बच्चे तथा संबंधित शिक्षक को भी वर्ष में 10 से 12 बार उक्त साइंस सेंटर का विजिट कराया जाएगा। इसके प्रथम चरण में सेंटर के आसपास के 10 विद्यालयों के बच्चों को लाभान्वित कराए जाने की योजना है। जिसमें कक्षा छठवीं से दसवीं तक के बच्चे साइंस सेंटर का लाभ ले सकेंगे।

अगस्त्या इंटरनेशनल फाउंडेशन द्वारा तैयार साइंस सेंटर एवं नृपराज राजकीय + 2 उच्च विद्यालय।

साइंस सेंटर में प्रवेश के साथ ही स्कूली बच्चों और शिक्षकों को विज्ञान के भव्य परिवेश का आभास कराया जाएगा। इसमें बच्चे उत्सुकतापूर्वक उपयोगी गैजेट और मशीन देख सकेंगे। साथ ही ऐसे आविष्कार करने और उनसे सीखने तथा खेलने की इच्छा बच्चों ने उत्पन्न हो सकेगी। इसके अलावा सोलर सिस्टम के मॉडल की प्रस्तुति के माध्यम से दिन और रात का होना, ग्रहण लगना और ऋतु परिवर्तन जैसे घटनाओं को बच्चे प्रत्यक्ष रूप से जान सकेंगे। ऑप्टिक किट बॉक्स के माध्यम से 16 प्रकार के प्रकाश फेनोमेनन को बच्चे देख सकेंगे। इसी प्रकार तकरीबन 170 से अधिक मॉडल के माध्यम से बच्चे विज्ञान की दुनिया की सैर करेंगे। अगस्त्या इंटरनेशनल फाउंडेशन के कर्मचारियों द्वारा प्ले एंड फन के तहत बच्चों और शिक्षकों को सीखने के साथ साथ महत्वपूर्ण कांसेप्ट को जानने का अवसर दिया जाएगा। कुल मिलाकर साइंस सेंटर विज्ञान को जानने के लिए एक हब की तरह कार्य करेगा। जिसमें मॉडल और प्रयोग के माध्यम से बच्चे एवं शिक्षक इसका लाभ ले सकेंगे।

ऐसा होगा साइंस सेंटर


साइंस सेंटर का उद्देश्य

विज्ञान की कठिनता के कारण विद्यालय छोड़ रहे बच्चों के दिलों में विज्ञान के प्रति रुचि पैदा कर उच्च छीजित दर को कम करना साइंस सेंटर के संचालनकर्ता अगस्तया इंटरनेशनल फाउंडेशन का मूल उद्देश्य है। इसके लिए साइंस सेंटर में नियमित गतिविधि और प्रशिक्षण सत्र चला जाएगा। साथ ही समर कैंप भी किया जाएगा।

3 वर्षों का है प्रोजेक्ट

एमओयू के तहत 3 वर्षों तक संचालित होने वाले उक्त साइंस सेंटर के प्रथम वर्ष में ₹1916120, दूसरे वर्ष में ₹1318464 तथा तीसरे वर्ष में ₹1476008 खर्च किए जाएंगे। इस प्रकार साइंस सेंटर के संचालन में 3 वर्षों में कुल ₹4710592 खर्च किए जाने की योजना है।