...तो लापरवाही से टूटी थी बालकनी:औरंगाबाद में दुल्हन की बहन बोली- पापा ने मना किया था, लेकिन कोई माना ही नहीं

हरेंद्र कुमार। औरंगाबाद4 महीने पहले

औरंगाबाद में शादी के दौरान बालकनी टूट गई थी। हादसे में 12 लोग घायल हैं। इनमें 3 की हालत गंभीर है। बताया जा रहा है कि जयमाला के दौरान दुल्हन को ले जाया जा रहा था। तभी 5 सेकेंड बाद ही बालकनी टूट गई। बालकनी में खड़े 12 से ज्यादा लोग खिलौने की तरह नीचे गिर गए।

इसके बाद शादी में मातम पसर गया। दुल्हन की छोटी बहन प्रीति भी रेलिंग के ईंट से चोट लगने व चीख-पुकार से बेहोश हो गई थी। बुधवार को दैनिक भास्कर की टीम जब हरीबारी गांव पहुंची और दुल्हन की बहन से बातचीत की तो उसने आपबीती सुनाई। आइए जानते हैं...

दुल्हन की बहन प्रीति।
दुल्हन की बहन प्रीति।

प्रीति ने बताया कि दीदी की शादी को लेकर वह काफी खुश थी। जयमाला देखने के लिए उत्साहित थे। जयमाल स्टेज पर भी उसे जाना था। लिहाजा खुशी दोगुना थी। जयमाल स्टेज पर जाने के लिए घर से निकली। आगे मेरी बहन यानी दुल्हन थी। पीछे से मैं थी। घर के गेट से निकलकर खड़ी थी।

इतने में रेलिंग छज्जा के साथ धड़ाम से गिर गया। एक ईंट से उसे भी चोट आई। पीछे मुड़कर देखी तो चीख-पुकार मची थी। यह देख वह बेहोश हो गई। थोड़ी देर बाद जब उसकी आंखें खुली तो सिर्फ रोने-चिल्लाने की आवाज सुनायी दे रही थी, लेकिन फिर वह बेहोश हो गई।

इसके बाद उसकी आंख खुली तो अपने आप को सदर अस्पताल के बेड पर पाई।

बालकनी में क्षमता से ज्यादा लोग खड़े थे।
बालकनी में क्षमता से ज्यादा लोग खड़े थे।

पहले से ही टूटा हुआ था छज्जा

दुल्हन की छोटी बहन प्रीति ने बताया कि छज्जा पहले से ही दरका (दीवार को छोड़ चुका था) हुआ था। ज्यादा भार से टूटने की आशंका है कि उन लोगों को पहले से ही थी। लिहाजा पिताजी व अन्य लोगों ने सभी को छज्जा पर चढ़ने से मना किया था, लेकिन कोई नहीं माना।

छज्जा पर करीब डेढ़ दर्जन महिलाएं व बच्चे-बच्चियां चढ़ गए। लिहाजा ज्यादा वजन झेल नहीं पाया और टूटकर गिर गया। इसके कारण सभी लोग जख्मी हो गए।