बेगूसराय में एएनएम की छात्राओं ने किया हंगामा:डीएम कार्यालय पहुंचकर जमकर प्रदर्शन, ट्रेनिंग नहीं मिलने से नाराज

बेगूसराय2 महीने पहले

एक तरफ सरकार जहां गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और ट्रेनिंग की बात करती है। वहीं दूसरी तरफ सरकार के इस दावे की सच्चाई उस वक्त सामने आती है। नर्सिंग द्वितीय वर्ष की छात्राओं के द्वारा प्रशिक्षण नहीं मिल पाने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया जाता है।

विरोध प्रदर्शन कर रहे एएनएम स्कूल की इन छात्राओं की मांग को सहानुभूति पूर्वक सुलझाने के बदले बेगूसराय के जिला अधिकारी के द्वारा सभी को सस्पेंड कर देने की धमकी दी सार्बजनिक रूप से दी गई. गुस्से से लाल पीले जिलाधिकारी ने छात्राओं को उंगली दिखा दिखा कर पद की गरिमा रखने की नसीहत दी और आराम से गाड़ी में बैठ कर चलते बने। जाते-जाते डीएम ने मीडिया को भी नसीहत डे डाली।

इस दौरान लड़कियों ने आरोप लगाया है कि जिलाधिकारी की गाड़ी ने एक लड़की का पैर कुचल दिया।इस पूरी घटना से नाराज छात्राओं ने कहां की जिलाधिकारी पहले भी कई बार आश्वासन दे चुके हैं पर उनके आश्वासन का क्या भरोसा.दरअसल दर्शन कर रही छात्राओं को जिलाधिकारी ने शाम 4:00 बजे आने को कहा था लेकिन छात्राओं ने डीएम की गाड़ी के सामने आकर प्रदर्शन करना शुरू कर दिया।जिसके बाद गुस्से से लाल पीले जिलाधिकारी गाड़ी से उतरकर लड़कियों को उंगली दिखा दिखा कर सस्पेंड कर देने की बात कह कर चलते बने।

जिलाधिकारी के इस व्यवहार से लड़कियों ने काफी नाराजगी देखी गई है।बताते चले कि बेगूसराय के ANM नर्सिंग स्कूल की छात्राएं लगातार प्रशिक्षण देने की मांग को लेकर आंदोलन कर रही हैं. बेगूसराय में शुक्रवार को एक बार ट्रेनिंग नहीं मिलने से नाराज सैकड़ों की संख्या में नर्सिंग की छात्राओं ने डीएम ऑफिस का घेराव किया हाथों में बैनर और तख्तियां लिए इन छात्राओं का कहना है।

इन्हें मंझौल रेफरल अस्पताल में ट्रेनिंग के लिए भेजा गया है। यहां ना तो रहने की सही व्यवस्था है न ही सुरक्षा की दृष्टिकोण से उपयुक्त और ना ही यहां किसी प्रकार की ट्रेनिंग दी जा रही है इनका कहना है की उनके पास मात्र 6 महीने के इंटर्नशिप का समय बचा है लेकिन उन्हें सही तरीके से प्रशिक्षण नहीं दिया जा रहा है।