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राहत:पटना हाइकोर्ट के निर्देश पर निगरानी वेब पोर्टल पर 99% शिक्षकों ने किया डाटा अपलोड

अररिया12 दिन पहले
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  • विभागीय चूक से वंचित रहे एक प्रतिशत शिक्षक,जिलाध्यक्ष ने कहा, जल्द होगा समाधान

उच्च न्यायालय पटना के निर्देश पर पंचायती राज संस्था के अन्तर्गत 2015 तक के बहाल शिक्षकों का सर्टिफिकेट की जांच निगरानी विभाग कर रही है। जिन शिक्षकों का पेपर निगरानी को अप्राप्त था वैसे शिक्षकों को निगरानी वेब पोर्टल पर 20 जुलाई तक डाटा अपलोड करना था। डाटा अपलोडिंग पर जिला की स्थिति को रखते हुए बिहार पंचायत नगर प्रारंभिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष प्रशांत कुमार ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि जिला स्तर पर जिन शिक्षकों का समय रहते पेपर निगरानी टीम को शिक्षा विभाग नहीं सौंप पाई, वैसे सभी शिक्षकों का नाम वेब पोर्टल पर प्रदर्शित किया गया था। जिले के कुल 4020 शिक्षकों का नाम निगरानी वेब पोर्टल पर प्रदर्शित किया गया था। निदेशक प्राथमिक शिक्षा, शिक्षा विभाग बिहार पटना के द्वारा जारी निर्देश के आलोक में वेब पोर्टल पर प्रदर्शित सभी शिक्षकों को 21 जून से 20 जुलाई के बीच अपना सर्टिफिकेट अपलोड करना था। तय समय सीमा में जिले के 99 फीसदी शिक्षकों ने अपना डाटा अपलोड कर दिया है। शेष एक प्रतिशत शिक्षक पोर्टल के लचर साफ्टवेयर एवं विभागीय चूक से अपना डाटा अपलोड नहीं कर पाया जिलाध्यक्ष प्रशांत कुमार ने बताया कि लचर साफ्टवेयर के कारण वेब पोर्टल पर जहां त्रुटियों का अंबार था। कुछ त्रुटि का समाधान तो हुआ मगर अधिकांश त्रुटियां वेब पोर्टल पर अंत समय तक बरकरार रही यही कारण है कि कई शिक्षकों के द्वारा फाइनल सबमिट करने के बाद भी पोर्टल पर आवेदन अप्राप्त दिखा रहा है जबकि शिक्षकों को आवेदन संख्या आवंटित कर दी गई है। लचर साफ्टवेयर के कारण कई शिक्षकों का नाम, पिता व पति का नाम, नियुक्ति तिथि, डाईस कोड, विद्यालय का नाम ही बदल गया है तो कई शिक्षकों का ईपीएफ नम्बर में अंत-अंत तक सुधार नहीं हो पाया।

4024 शिक्षकों में से 3972 शिक्षकों ने अपलोड कर दिया डेटा
जिलाध्यक्ष प्रशांत कुमार ने बताया कि लचर साफ्टवेयर का उदाहरण है कि जिला ने 4020 शिक्षकों का डाटा निदेशालय के वेब पोर्टल पर प्रदर्शित किया था। मगर डाटा अपलोडिंग के अंतिम दिन ये आंकड़ा 4024 हो गया। जबकि जिला से 4020 नाम के बाद कोई संख्या निदेशालय को भेजा ही नहीं गया है। फिलहाल वेब पोर्टल पर जो सरकारी आंकड़ों प्रदर्शित हो रहे हैं उनके हिसाब से 4024 शिक्षकों में से 3972 शिक्षकों ने अपना डाटा अपलोड कर दिया है। डाटा अपलोडिंग में कुर्साकांटा, सिकटी प्रखंड सबसे अव्वल रहा तो वहीं पलासी सबसे फिसड्डी। प्रखंडवार अपलोडिंग डाटा पर नजर डालें तो अररिया 725 में 722, भरगामा 477 में 466, फारबिसगंज 531 में 530, जोकीहाट 658 में 646, कुर्साकांटा 374 में 374, नरपतगंज 286 में 282, रानीगंज 405 में 399, पलासी 561 में 546, सिकटी 7 में 7 है।

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