अपील:छठ करने घाट पर नहीं जाएं एक कॉल करते घर पहुंचेगा गंगाजल

कटिहार25 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
पत्रकार सम्मेलन कर जानकारी देते डीएम व एसपी। - Dainik Bhaskar
पत्रकार सम्मेलन कर जानकारी देते डीएम व एसपी।
  • महापर्व की तैयारी छठ पूजा के लिए 375 घाट चिह्नित, 15 अति संवेदनशील और 7 संवेदनशील घाट
  • 06452-242400 पर करें कॉल, डीएम व एसपी ने दी जानकारी
  • बारिश की वजह से अब तक अधिक रहा जलस्तर, जिससे घाटों की तैयारी का काम देर से हुआ शुरू

नदियों के बढ़े जलस्तर और कोविड की तीसरी लहर की आशंका को देखते हुए चार दिवसीय छठ महापर्व को लेकर जिला प्रशासन ने अनूठी पहल की है। इस वर्ष गंगा किनारे घाट पर छठ व्रत नहीं करने वाले श्रद्धालुओं काे घर-घर गंगा जल उपलब्ध कराया जाएगा। शुक्रवार को डीएम उदयन मिश्रा ने बताया कि गंगाजल के लिए श्रद्धालु व व्रती के परिवार के सदस्यों को एक कॉल करते ही उनके घर पर जल उपलब्ध करा दिया जाएगा। घर पर रहकर छठ व्रत करने वाले लोगों को निशुल्क घर पर गंगाजल उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए व्रती या उनके परिवार के सदस्यों को जिला प्रशासन द्वारा जारी नंबर 06452-242400 पर फोन करना पड़ेगा। व्रती व श्रद्धालुओं के बताएं पते पर जिला प्रशासन उनके घर तक गंगाजल उपलब्ध करा देगी। जिले के किसी भी प्रखंड से फोन कर गंगाजल की मांग की जा सकती है। लोगों की आस्था को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन की ओर से घर-घर गंगाजल पहुंचाने की मुहिम की शुरुआत की गई है। इसके लिए टैंकर सेवा की भी शुरुआत की जाएगी।

युद्ध स्तर पर घाटों की हो रही है साफ-सफाई
डीएम ने बताया कि पिछले दिनों हुई बारिश से नदियों में जलस्तर अधिक समय तक रहा है। ऐसे में घाटों के तैयारी का काम देरी से शुरू हो पाई। हालांकि युद्धस्तर पर काम लगाया गया है। डीएम ने कहा कि जलस्तर में बढ़ोतरी के कारण कई घाटों पर खतरा अधिक हो गया है। जिस घाट में पानी अधिक है वहां बैरिकेडिंग लगाया जाएगा। जबकि लाल कपड़ा बांधकर उसे चिन्हित भी किया जाएगा। छठ घाट में चेंजिंग रूम की व्यवस्था की जाएगी। इसके अलावा पर्याप्त मात्रा में रोशनी, वॉच टावर और साफ सफाई की कवायद की जाएगी। इसको लेकर जिले के सभी संबंधित अधिकारी को निर्देश दिया गया है। डीएम ने कहा कि एनडीआरएफ की एक टुकड़ी की तैनाती बरारी और मनिहारी में की जाएगी।

घाटों में आतिशबाजी नहीं करने की अपील
डीएम ने छठ व्रत में भागीदार होने वाले सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि घाटों पर किसी प्रकार की आतिशबाजी ना करें। इसको लेकर डीएम ने संबंधित अधिकारी एवं घाटों पर प्रतिनियुक्त किए जाने वाले दंडाधिकारी और पुलिस बल को आदेश का सख्ती से अनुपालन करने का निर्देश दिया है। डीएम ने बच्चों को भी घाट पर नहीं ले जाने की अपील की है। साथ ही समय-समय पर प्रशासनिक आदेश का अनुपालन करने की अपील की है।एसपी विकास कुमार ने बताया कि जिले में छठ पूजा के लिए 375 घाट चिन्हित है। इनमें कटिहार और बारसोई अनुमंडल के 15 घाट अति संवेदनशील है जबकि 7 घाट संवेदनशील है। उन्होंने बताया कि इन सभी घाटों पर पुलिस बल के साथ दंडाधिकारी की प्रतिनियुक्ति की गई है। संवेदनशील घाटों को लेकर थाना अध्यक्ष को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए हैं। एसपी ने कहा, प्रमुख घाटों पर वाहनों के पार्किंग की व्यवस्था भी की जाएगी। साथ ही पर्व के दौरान जिले के सीमा पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।

अतिसंवेदनशील व संवेदनशील घाट
बैगना नहर दुर्गा स्थान के पीछे, सत्संग मंदिर बैगना नहर, संतोषी मंदिर बिजी गेट, विजय बाबू पोखर, रानी घाट, बालू घाट, कोसी घाट, बीएमपी 7 घाट, बुद्धूचक -1 घाट, बुद्धूचक -2 घाट, श्मशान घाट, शिवाजी नगर घाट, सदर प्रखंड कार्यालय घाट, चंडी कालीस्थान घाट, महानंदा नदी घाट, मडिया केंचुआ पोखर घाट, मरिया पुरंदह पोखर घाट, केलाबाड़ी पश्चिम पोखर घाट, सोंधा घाट, गोरखपुर मंदिर तालाब घाट

डीएम की अपील
यथासंभव अपने घर पर ही छठ पूजा का आयोजन करें। , प्रशासन द्वारा चिन्हित घाटों पर ही पर्व मनाएं। , समय-समय पर जारी प्रशासनिक आदेश का अनुपालन करें।
, ट्रैफिक व्यवस्था में अपेक्षित सहयोग प्रदान करें। , बच्चों को लेकर घाट पर ना ले जाए। , एहतियाती उपायों के तहत घाटों पर भीड़ भाड़ ना लगाएं। ,खतरनाक और अनुपयोगी घाट पर ना जाए।

खबरें और भी हैं...