विरोध:12 जवानों पर समाजसेवी की पीटकर हत्या का आरोप, दोषियों पर कार्रवाई और न्याय की मांग को ले प्रदर्शन

कटोरिया18 दिन पहले
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सूईया थाना के सूईया-कटोरिया मुख्य सड़क मार्ग स्थित शिवलोक के निकट सड़क दुर्घटना में सिकंदर अंसारी के 40 वर्षीय पुत्र शब्बीर अंसारी की मौत के मामले में बुधवार को सूईया थाना में मृतक की पत्नी नुरैशा खातून ने सूईया थाना में प्रतिनियुक्त एक दर्जन जवानों पर पति की पीटकर हत्या का आरोप लगा प्राथमिकी दर्ज कराई है। मृतक की पत्नी ने बताया कि उसका पति बीते मंगलवार कटोरिया बाजार गया था।

वापस लौटने के दौरान शिवलोक के निकट 10 से 12 की संख्या में सूईया कैंप के जवानों में से एक दो को पति की बुलेट बाइक से टक्कर हो गयी। आक्रोश में जवानों ने पति के साथ मारपीट की। कटोरिया से अपने ऑटो से वापस लौट रहे उसके छोटे ससुर अलाउद्दीन मियां ने अपने भतीजे को पीटता देख जब ऑटो रोका तो जवानों ने उसे भगा दिया। पति के मुंह पर मारकर उसे मरा हुआ जानकर सभी जवान भाग निकले। इधर चाचा ससुर द्वारा घटना की जानकारी पाकर जब परिजनों के साथ मौके पर पहुंची तो पति अचेत अवस्था में पड़ा था। जिसे लेकर कटोरिया अस्पताल गयी तो डाॅक्टर ने मृत घोषित कर दिया।

कपड़ा खरीद कर लाैट रहा था शब्बीर अंसारी
बाइक की टक्कर से तीन जवान जख्मी हो गए। जिसमें गंभीर रूप से जख्मी एक जवान को प्राथमिक चिकित्सा के बाद गंभीर स्थिति में देवघर रेफर कर दिया गया था। जिसका देवघर के एक निजी नर्सिंग होम में इलाज चल रहा है। परिजनों एवं स्थानीय लोगों का आरोप है कि साथ मौजूद जवानों ने शब्बीर के साथ मारपीट की इसलिए उसकी मौत हो गयी। मृतक पंचायत चुनाव में अपनी पत्नी को मुखिया का चुनाव लड़वाने वाला था। जो चुनावी रेस में सबसे आगे चल रहा था। साथ ही मृतक स्थानीय सभी समुदाय के बीच अपने सामाजिक कार्यों के कारण काफी लोकप्रिय भी थी। उसकी मौत से समर्थकों में भी काफी मायूसी देखी गयी।

शव पहुंचाने गए जवानाें से मारपीट की कोशिश, भागे जवान
मंगलवार सुबह दस बजे मृतक का शव सूईया स्थित घर पहुंचने के पूर्व हजारों की भीड़ मृतक के घर के आगे जमा थी। जहां आक्रोशित लोगों द्वारा पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मुआवजा एवं दोषी जवानों को फांसी की सजा देने की मांग की। इस दौरान पुलिस प्रशासन हाय हाय, पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाये जा रहे थे। वहीं पोस्टमार्टम के बाद मृतक का शव घर पहुंचते ही उपस्थित लोगों का आक्रोश बढ़ने लगा। इस दौरान पुलिस अधिकारी एवं कर्मी के साथ उग्र लोगों द्वारा मारपीट की कोशिश भी की गयी और मौके से उसे खदेड़ दिया गया।

नौकरी व मुआवजे की मांग
आक्रोशित लोग मृतक के परिजन के साथ थाने की ओर आ रहे थे, लेकिन एसडीपीओ के नेतृत्व में पहुंचे प्रशासनिक टीम ने उन्हें रोककर दोषी जवानों पर उचित कार्रवाई का आश्वासन देते हुए समझाने का प्रयास किया। लेकिन आक्रोशित लोग दोषी जवानों को सामने लाने एवं उन्हें फांसी की सजा देने की मांग कर हंगामा करने लगे।

प्रशासनिक टीम के समझाने पर परिजन व लगभग सौ की संख्या में आक्रोशित लोग थाने पहुंचे जहां जवानों के विरुद्ध आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की। इस दौरान मृतक के तीनों बेटियों को पांच-पांच लाख एवं पुत्र को सरकारी नौकरी देने की मांग भी की जा रही थी। सैकड़ों लोग मौजूद थे।

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