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निरीक्षण:ऑक्सीजन प्लांट के इंस्टालेशन का काम पूरा, अब सिर्फ पाइपलाइन बिछाना बाकी

खगड़िया12 दिन पहले
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सदर अस्पताल  में निर्माणाधीन ऑक्सीजन प्लांट का जायजा लेते डीएम, साथ में मौजूद सीएस व  अन्य। - Dainik Bhaskar
सदर अस्पताल में निर्माणाधीन ऑक्सीजन प्लांट का जायजा लेते डीएम, साथ में मौजूद सीएस व अन्य।
  • सदर अस्पताल का जायजा लेने पहुंचे डीएम, प्लांट के समीप जलजमाव देख बिफरे, सीएस की लगाई क्लास
  • बोले: पानी के परिसर में फैलने से बीमारी फैलने की आशंका, इसे ठीक करा लें
  • अस्पताल में कई सुरक्षा गार्ड की तैनाती , हर तरफ सीसीटीवी कैमरे के बावजूद लगातार चोरी की घटना चिंता जनक

जिले में वायरल फीवर व संभावित तीसरी लहर के आशंकाओं के मद्देनजर जिलाधिकारी डॉ आलोक रंजन घोष ने रविवार को सदर अस्पताल पहंुच चप्पे-चप्पे का जायजा लिया। डीएम ने स्वास्थ्य व्यवस्था से जुड़े हर एक कार्य की बारीकी से जांच की और कमी पाए जाने पर सिविल सर्जन डॉ अजय कुमार सिंह और अस्पताल उपाधीक्षक डॉ वाईएस प्रयासी की जमकर क्लास लगाई। डीएम ने सदर अस्पताल में निर्माणाधीन ऑक्सीजन प्लांट का भी जायजा लिया। इस दौरान प्लांट के समीप फैले गंदे पानी का जलजमाव को देख बिफर पड़े और अस्पताल उपाधीक्षक से पूछा ऐसा क्यों है। डीएम ने सिविल सर्जन पर भी नाराजागी जाहिर करते हुए कहा कि आपकी हर व्यवस्था दुखी करने जैसा है। यहां परिसर में गंदा पानी क्यों फैला है, इस पर ध्यान कौन देगा। इसके साथ डीएम ने ऑक्सीजन प्लांट का भी बारीकी से जायजा लिया और बचे हुए कार्य को जल्द पूरा करने का निर्देश दिया।

प्लांट का कार्य अगस्त माह में ही हो जाना था पूरा
बताते चलें कि सदर अस्पताल परिसर में बनने वाले ऑक्सीजन प्लांट का अधिष्ठापन का कार्य पूरा हो चुका है। अब सिर्फ पाइपलाइन का कार्य किया जाना है। इस ऑक्सीजन प्लांट के तैयार हो जाने से यहां प्रतिदिन एक हजार लीटर ऑक्सीजन रिफिल किया जा सकेगा। हालांकि इस प्लांट का कार्य अगस्त माह में ही पूरा हो जाना था। मगर इसे अबतक पूरा नहीं किया जा सका है। इस मौके पर डीएम ने कहा कि अस्पतालों में चिकित्सा व्यवस्था दुरूस्त हो और कहीं से कोई कमी सामने नहीं आए इसके लिए हर प्रयास किया जा रहा है। उन्हाेंने कहा कि अस्पतालों कुव्यवस्था की अक्सर शिकायतें मिलती है, जिसे दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।

अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर उठा सवाल
बताते चलें कि सदर अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था हासिए पर है। यहां बीते दो माह में तीन दफा चोरी की घटना को अंजाम दिया गया। जबकि बीते सप्ताह यहां इलाजरत एक कुख्यात कैदी भी वहां से फरार हो गया। सदर अस्पताल स्थित जीएनएम ट्रेनिंग स्कूल बिल्डिंग से बीते दिनों 45 पीस बेड का गद्दा , 45 पंखा और चार आरओ फिल्टर की चोरी कर ली गई। मामले में अस्पताल प्रशासन के तरफ से चित्रगुप्तनगर थाना में एफआईआर दर्ज करवाई है। जबकि इससे पहले सदर अस्पताल के बच्चा वार्ड में लगाए गए कीमती ऑक्सीजन पाइपलाइन की चोरी कर ली थी। इसके कुछ दिन बाद एक अन्य चोरी की घटना भी घटित हुई। जिससे अस्पताल प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़ा हो रहा है। बताते चलें कि वहां कई सुरक्षा गार्ड की तैनाती है और हर तरफ सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं। इसके बावजूद वहां लगातार चोरी की घटना हो रही है। इसको लेकर भी डीएम ने गंभीरता दिखते हुए अस्पताल प्रशासन को इसके प्रति सजग रहने का निर्देश दिया है।

17 सिंतबर को लगेगा कैंप
सदर अस्पताल के निरीक्षण के दौरान डीएम ने कहा कि जिले में लक्ष्य से 10% अधिक कोविड जांच हुई है। वैक्सीनेशन में भी फस्ट डोज का आंकड़ा 50% के करीब पहुंच गया है। उन्होंने कहा कि 17 सितंबर को अबतक का सबसे बड़ा वैक्सीनेशन महा अभियान चलाया जाएगा। वहीं डीएम ने बीते दिनों बेलदौर में हुए कई बच्चों की मौत के संबंध में कहा कि बच्चों की मौत एक समय में महज एक संयोग है। इसके लिए टीम बुलाकर जांच करवाई गई थी। सभी बच्चे की मौत अलग-अलग कारणों से हुई थी। हालांकि वायरल बुखार के ग्रसित बच्चों के इलाज के लिए यहां पर्याप्त व्यवस्था है।

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