भागलपुर में आस्था का महापर्व छठ सोमवार से होगा शुरू:49 घाटों पर होना है तय, कई पर अभी भी 20 मीटर तक दलदली

भागलपुरएक महीने पहले
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कई ऐसे घाट हैं, जहां गंगा का जलस्तर घटने की वजह से दलदल उत्पन्न हो गया है। - Dainik Bhaskar
कई ऐसे घाट हैं, जहां गंगा का जलस्तर घटने की वजह से दलदल उत्पन्न हो गया है।

आस्था के महापर्व छठ की शुरुआत कल से नहाए खाए के साथ हो जाएगी। इसके लिए नगर निगम द्वारा छठ घाट की सफाई शुरू हो गई है। लेकिन गंगा नदी का जलस्तर कम होने की वजह से लगभग शहर के सारे घाटों का हाल बहुत ही खराब है और यह छठ के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। शहर के 49 घाटों पर छठ होना तय हुआ है। कई ऐसे घाट भी मौजूद हैं, जहां लगातार गंगा का जलस्तर घटने की वजह से दलदल उत्पन्न हो गया है।

सोमवार को जारी होगा खतरनाक घाटों का लिस्ट

सोमवार को नगर निगम प्रशासन द्वारा खतरनाक घाटों का लिस्ट जारी होने की संभावना है। अभी वर्तमान समय में मानिक सरकार घाट पर जो 2020 में सबसे लंबा घाट बनाया गया था, उसकी स्थिति ऐसी है कि वहां पर 20 मीटर से अधिक तक पानी में भी दलदल मौजूद है।

यहां शुरू हुआ सफाई कार्य

नगर निगम द्वारा मानिक सरकार घाट, मुसहरी घाट, खिरनी घाट,एसएम कॉलेज घाट, सीढ़ी घाट आदि घाटों का सफाई का कार्य शुरू किया गया। लेकिन मुसहरी घाट पर प्रतिमा विसर्जन होने की वजह से घाट की सफाई बड़े स्तर पर नहीं हो पाई है।

बैरिकेटिंग का काम हुआ शुरू

अब घाट पर बैरिकेडिंग का कार्य शुरू कर दिया गया है। नाव के सहारे पानी में मजदूरों द्वारा बैरिकेडिंग लगाया जा रहा है। घाट बनाने वाले मल्लाहों ने बताया कि हमलोग घाट बनाते हैं, लेकिन नगर निगम हमें पूरे पैसे का भुगतान नहीं करती है। उन्होंने बताया कि बांस और कास महंगा हो गया है। इसमें काफी पैसे खर्च होते हैं। लेकिन नगर निगम उतने पैसे का भुगतान नहीं करती है।