क्या जातीय समीकरण दिलाएगी नगर निगम की कुर्सी?:पहली बार जनता सीधे करेगी मेयर और डिप्टी मेयर का चुनाव, सभी संभावित प्रत्याशी जोड़-तोड़ में लगे

भागलपुर6 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
नगर निगम, भागलपुर। - Dainik Bhaskar
नगर निगम, भागलपुर।

नगर की सरकार बनाने को लेकर कवायत तेज हो गई है। जिला प्रशासन अपनी ओर से इसकी तैयारी में जुट गया है। वहीं प्रत्याशी भी गुणा और भाग में जुट गए हैं। इसके लिए जातीय सम्मेलन भी शुरू हो चुका है।नगर निगम चुनाव को लेकर पूर्व और वर्तमान के कई कद्दावर नेता इस बार ताल ठोकने की तैयारी में हैं। विधायक और सांसद भी इस चुनाव में काफी दिलचस्पी लेने लगे हैं। कई विधायकों ने तो मेयर पद के लिए अपने रिश्तेदार या अपने खासम-खास को चुनाव लड़वाने की तैयारी में जुट गए हैं। इसका नतीजा है कि इस बार का चुनाव काफी दिलचस्प हो गया है। वहीं जनता भी पहली बार अपने नगर की सरकार के मुखिया को सीधे चुनेगी।

अभी से ही जातीय सम्मेलन शुरू, पेश कर रहे हैं दावेदारी

बिहार का ऐसा कौन चुनाव है जिसमें जातीय कार्ड नहीं खेला जाता है। चाहे सांसद, विधायक, मुखिया, जिला परिषद से लेकर वार्ड तक के चुनाव में जाति देख कर ही चुनाव लड़ा और जीता जाता है। लोग भी इसमें काफी दिलचस्पी लेते हैं। नगर निगम चुनाव को लेकर भी कई जाति के नेता चुनावी नैया पार लगाने को लेकर सम्मेलन शुरू कर दियें है। कई इसकी तैयारी में जुट गए हैं। इस सम्मेलन के जरिए ही वह खुद को उम्मीदवार घोषित करवाना चाहते हैं। सम्मेलन के लिए अपने जाति के लोगों को वोट देने की अपील भी करने लगे हैं।

क्या है भागलपुर नगर निगम का इतिहास

भागलपुर में नगर निगम 2002 में अस्तित्व में आया। इसके बाद से ही मेयर और डिप्टी मेयर का चुनाव होने लगा। 20 साल में भागलपुर में अभी तक चार बार मेयर और 4 बार डिप्टी मेयर को प्रतिनिधित्व करने का मौका मिला है। अबतक भागलपुर में चार मेयर बन चुके हैं। इसमें तीन महिला और एक पुरुष है। कहकशां प्रवीण, डॉ.वीणा यादव, दीपक भुवानिया और सीमा साह शामिल हैं। वहींं डिप्टी मेयर की बात करें तो प्रदीप लाल यादव, बाबुल खान, डॉ. प्रिति शेखर और राजेश वर्मा शामिल हैं।

23 जून को होगा मतदाता सूची का प्रकाशन

भागलपुर नगर निगम चुनाव को लेकर तैयारी शुरू है। विखंडीकृत मतदाता सूची डाटावेस की जांच शुक्रवार को पूरी हो जाएगी। इसके बाद मतदाता सूची का पीडीएफ तैयार कर मतदाता सूची की प्रारूप प्रति की छपाई 21 से 27 मई तक होगी। प्रारूप मतदाता सूची दावा-आपत्ति निपटार संबंधी प्रशिक्षण 26 मई तक, प्रारूप प्रकाशन 28 मई तक, दावा-आपत्ति 28 मई से 10 जून तक होगा। इसके बाद उसका निपटारा 4 से 16 जून तक होगा। मतदात सूची का पीडीएफ 17 से 22 जून तक तैयार होगा। जबकि मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 23 जून को होगा।