पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

लॉकडाउन का असर:पचमढ़ी और मढ़ई बंद रहने से मप्र सरकार को 40 करोड़ रुपए का घाटा, जल्द उबरेंगे

पिपरिया8 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
पिपरिया। स्थानीय लोगों की राय जानने एसटीआर ने बैठक बुलाई।
  • पचमढ़ी और मढ़ई में कोरोना संक्रमण के कारण नहीं पहुंचे तीन महीने से सैलानी

पचमढ़ी के बाद अब मढ़ई को 18 जून से पर्यटकों के लिए खोलने की तैयारी चल रही है। कोविड-19 के संभावित खतरे को देखते हुए भारी सतर्कता के बीच पर्यटन को शुरू कराया जा रहा है ताकि स्थानीय लोगों को रोजगार मुहैया कराया जा सके।

गौरतलब है कि कोरोना संक्रमण और लॉकडाउन के चलते सतपुरा टाइगर रिजर्व मढ़ई एवं पचमढ़ी में लगभग 3 माह तक पर्यटन बंद रहा जिससे मप्र सरकार को करीब 40 करोड़ के राजस्व की हानि हुई। इसी के साथ पार्क प्रबंधन को 3 माह पर्यटन बंद रहने से मढ़ई से 1.50 करोड़ एवं पचमढ़ी से 2 करोड़ रुपया की हानि हुई। डायरेक्टर एके सिंह ने बताया कि सतपुड़ा टाइगर रिजर्व मढ़ई एवं पचमढ़ी पर्यटन के बड़े केंद्र हैं।

प्रतिवर्ष दोनों जगह देश-विदेश से लाखों पर्यटक घूमने के लिए आते हैं। बाहर से आने वाले पर्यटकों से मैनेजमेंट को करोड़ों की आमदनी होती है। अगर दोनों पर्यटन स्थलों की प्रतिदिन की अलग-अलग आमदनी को देखा जाए तो मढ़ई में प्रतिदिन पाठकों से 15 से 20 हजार रुपए एवं पचमढ़ी से 20 से 25 हजार रुपया प्रतिदिन की आय होती है।
सिंह ने बताया कि दोनों पर्यटन स्थलों पर पर्यटन बंद रहने से सरकार को सीधा 40 करोड़ का नुकसान हुआ है, उसमें से अगर सिर्फ टैक्सेशन की बात की जाए तो सरकार को होटल रेस्टोरेंट एवं गाड़ी से जो टैक्स की प्राप्ति होती उसमें ही 3 से 4 करोड़ का नुकसान हुआ है।
मढ़ई और पचमढ़ी बड़ा पर्यटन क्षेत्र
डायरेक्टर एके सिंह ने बताया कि विगत चार-पांच वर्षों की तुलना में पचमढ़ी एवं मढ़ई में पर्यटकों की संख्या में इजाफा हुआ है। मढ़ई में अन्य वर्षों की तुलना में पिछले वर्ष 15% पर्यटक बड़े हैं, जबकि पचमढ़ी के झिरपा के पास सतधारा पॉइंट के खुलने से वहां पर 1 साल में 35 हजार से अधिक पर्यटक आए।
पचमढ़ी की अर्थव्यवस्था पर्यटन पर निर्भर
विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल पचमढ़ी की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से पर्यटन पर आधारित है, यहां पर वर्ष भर सैलानी आते हैं और यहां की होटल रेस्टोरेंट आदि में रुकते हैं। डायरेक्टर एके सिंह ने बताया कि अगर पचमढ़ी में पर्यटक नहीं आएंगे तो स्थानीय लोगों को रोजगार नहीं मिलेगा।

लॉकडाउन की वजह से सिर्फ पचमढ़ी में ही डेढ़ से दो हजार लोग बेरोजगार हुए। सतपुरा टाइगर रिजर्व की संस्था टाइगर फाउंडेशन सोसाइटी द्वारा दान से आई राशि से इन लोगों की मदद की गई। उन्हें खाद्यान्न सामग्री वितरण कर 150 लोगों की मदद की गई। इसी के साथ संस्था द्वारा जो लोग काम करने के इच्छुक थे उन्हें काम दिया गया। संस्था के माध्यम से 52 लोगों पर 70 हजार रुपया खर्च किए गए।
टूरिज्म गतिविधियों को लेकर पशोपेश में पचमढ़ी के लोग, सभी चाहते हैं एमपी टूरिज्म की होटले बंद हों
पिपरिया| हिल स्टेशन पचमढ़ी में टूरिज्म गतिविधियों को शुरू करने को लेकर पचमढ़ी निवासी पशोपेश में हैं। रविवार को सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के द्वारा बुलाई बैठक में एक राय नहीं बन सकी है। अनेक लोगों का कहना है कि हम स्वयं को अगर टूरिज्म से दूर भी रखे तो एमपी टूरिज्म की होटलें, जिप्सी और गाइड के माध्यम से टूरिस्ट पचमढ़ी घूमेंगे और संक्रमण का खतरा बनेगा। बेहतर होगा टूरिस्ट के आने पर पूरी तरह से रोक लगे। सोमवार सुबह 11 बजे पचमढ़ी के विभिन्न संगठन इस बारे में अपनी राय लिखित में सतपुड़ा टाइगर रिजर्व को देंगे।

पचमढ़ी के बायसन लाज में रविवार को सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर अनिल शुक्ला, एसडीओ संजीव शर्मा ने एक बैठक बुलाई। बैठक में छावनी परिषद उपाध्यक्ष पंकज जायसवाल, पार्षद संजय लेडवानी, हुजैफा बोहरा, प्रशांत मोंटी सिहोते के साथ ही अनेक होटल कारोबारी, जिप्सी वाले, गाइड और शहर के अन्य दुकानदार प्रतिनिधि नागरिक उपस्थित थे।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- आज समय बेहतरीन रहेगा। दूरदराज रह रहे लोगों से संपर्क बनेंगे। तथा मान प्रतिष्ठा में भी बढ़ोतरी होगी। अप्रत्याशित लाभ की संभावना है, इसलिए हाथ में आए मौके को नजरअंदाज ना करें। नजदीकी रिश्तेदारों...

और पढ़ें