परेशानी:4 वर्ष पूर्व 11 लाख से बनी सड़क पर पेवर ब्लॉक लगाने को ले चलाई दूसरी योजना

सहरसा15 दिन पहले
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मेटल-डस्ट के बदले पीसीसी सड़क पर संवेदक द्वारा डाली गई 6 इंच मोटी मिट्टी। - Dainik Bhaskar
मेटल-डस्ट के बदले पीसीसी सड़क पर संवेदक द्वारा डाली गई 6 इंच मोटी मिट्टी।
  • वार्ड-20 में 26 लाख से सड़क निर्माण, लोगों ने कहा, नहीं चाहिए पेवर ब्लॉक
  • ये है नियम : सरकार का निर्देश नई बनी सड़क में पांच साल तक नहीं चलेगी दूसरी योजना

वार्ड-20 में सड़क निर्माण में संवदेक द्वारा सरकारी राशि लूट के खिलाफ मुहल्लेवासी सड़क पर आ गए। गड़बड़ियों की जांच करने गुरुवार को पहुंचे कार्यपालक पदाधिकारी आदित्य यादव, नप के जेई पप्पू कुमार और संवेदक अनिल जादुका को लोगों के गुस्से का सामना करना पड़ा। हलांकि कार्यपालक पदाधिकारी और जेई ने संवेदक को रोकने का आदेश दे दिया। दर्जनों लोगों ने कहा यह सरकारी राशि की लूट है। सड़क चार साल पहले ही बनी है। फिर उसी सड़क के उपर पेवर ब्लॉक लगाने के लिए और नाला के नाम पर 26 लाख की योजना की स्वीकृति दे दी। लोगों ने कहा कि सड़क बनानी ही है तो पीसीसी सड़क बनाई जाए जो मजबूत और टिकाउ हो। लोगों ने इस संबंध में लिखित शिकायत पत्र जिलाधिकारी कौशल कुमार को सुपुर्द कर योजना की जांच कराने का आग्रह किया है। शारदा नगर, वार्ड 20 में रॉय टोला स्थित बजरंगबली मंदिर से सांसद दिनेश चंद्र यादव के घर होते हुए चांदनी चौक के पास स्थित सिमरी बख्तियारपुर बस स्टैंड तक मुख्य सड़क से जोड़ने वाली सड़क एवं नाला निर्माण में नगर परिषद के संवेदक अनिल जादूका ने भारी गड़बड़ी की।

नहीं चलनी चाहिए 2022 तक कोई दूसरी योजना
सड़क पर 5 वर्षों तक यानी 2022 तक नई योजना नहीं चलाई जा सकती है। सड़क का रखरखाव संवेदक को आगामी 5 वर्षों तक करना है। नप ने चार साल में ही 26 लाख प्राक्कलन राशि बनाकर सड़क पर पेवर ब्लॉक लगाने की दूसरी योजना खोल दी गयी।

सड़क पर पेवर ब्लॉक लगाने में संवेदक ने की मनमानी
शिकायत के बाद जांच के लिए पहुंचे योजना से जुड़े इंजीनियर पप्पू कुमार ने भी इसे गलत बताते मिट्‌टी हटाने को बुधवार को ही कह दिया था। लेकिन मनमानी पर उतरे संवेदक ने उसी मिट्‌टी पर करीब 100 फीट में पेवर ब्लॉक लगा दिया।

पीसीसी सड़क पर पेवर ब्लॉक लगाने का औचित्य नहीं
निवासी विनोद, संजय, अजय, सरोज, सुशील, अमित, नारायण सहित अन्य दो दर्जन से अधिक लोगों ने लिखित आवेदन को जिला अधिकारी को सुपुर्द करते हुए कहा कि पीसीसी सड़क को जेसीबी से तोड़ा जाता। फिर अगर पेवर ब्लॉक ही लगानी थी तो मेटल और मेटल का डस्ट डाला जाता। जबकि संवेदक मिट्टी डालकर पेवर ब्लॉक लगा रहा है। एक तो पीसीसी सड़क पर पेवर ब्लॉक लगाने का औचित्य नहीं है।

योजना पेवर ब्लॉक के लिए स्वीकृत है
लोगों का कहना है पेवर ब्लॉक की जगह हमें पीसीसी सड़क चाहिए। जबकि योजना पेवर ब्लॉक की स्वीकृत है। यह तकनीकि मामला है। जेई और एक्सीक्यूटिव इसे देख कर अपनी रिपोर्ट देंगे इसके बाद कोई निर्णय लिया जाएगा।
आदित्य यादव, कार्यपालक पदाधिकारी नप

काम रोकने के लिए कहा गया है
संवेदक को काम रोकने को कह दिया गया है। वरीय अधिकारी, एक्सीक्यूटिव इंजीनियर बुडको और कार्यपालक पदाधिकारी के निर्देश के बाद ही काम होगा।
पप्पू कुमार, जेई

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