कोरोना का कहर:कोरोना जांच कराने पीएचसी पहुंचे बुजुर्ग की हुई मौत, बाद मेें रिपोर्ट आई पॉजिटिव

सहरसा6 महीने पहले
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फाइल फोटो - Dainik Bhaskar
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  • जिले में 24 घंटे में 363 नए कोरोना संक्रमित मिले, तीन की मौत
  • हथमंडल निवासी देवनंदन की सांसे हो गई थी तेज, उन्हें किसी तरह की बीमारी भी नहीं थी

कोरोना की दूसरी लहर में 50 दिनों में कोरोना संक्रमितों की संख्या चार हजार पार कर गई है। जिले में 24 घंटे में कोरोना के 363 नए मरीज मिलने के साथ तीन संक्रमित व्यक्ति की मौत हो चुकी है। एक मौत तब हुई जब हथमंडल गांव निवासी 75 वर्षीय देवनंदन भगत बनमा ईटहरी पीएचसी में कोरोना जांच कराने पहुंचे। इस दौरान उनकी पीएचसी परिसर में ही मौत हो गई। मौत के बाद कोविड जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई। उन्हें पहले से कोई बीमारी नहीं थी। मरने से पहले सांस तेज हो गई थी।

पीएचसी प्रभारी संतोष कुमार संत ने बताया कि पीएचसी परिसर पहुंचते ही देवनंदन भगत की मौत हो गई है। मौत के बाद कोविड टेस्ट में वे पॉजिटिव पाया गए थे। उम्मीद की जा सकती है कि मृतक की मौत कोरोना संक्रमण से ही हुआ है। हालांकि जिले में जिन तीन लोगों की कोरना से मौत की डीएम ने पुष्टि की है उनमें देवनंदन है या नहीं इस बात को क्लियर नहीं किया है। इससे पहले 24 अप्रैल को 303 मरीजों की शिनाख्त हुई थी। कोरोना की दूसरी लहर में 9 मार्च से 28 अप्रैल के बीच 4111 लोग कोरोना संक्रमण के शिकार हुए हैं। कोरोना के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए जिला प्रशासन ने शाम 6 बजे से सुबह 6 बजे तक जिला मुखालय के साथ प्रखंड मुख्यालयों एवं प्रमुख बाजारों में कर्फ्यू लगा दिया है। इसके अलावा जिला प्रशासन द्वारा दुकानों के संचालन के संबंध में पूर्व से जारी आदेश में संशोधन करते हुए दुकानों को सुबह 6 बजे से अपराह्न 4 बजे तक ही परिचालन की अनुमति दी गई है। जिले में कोरोना संक्रमण दर बढ़कर 5.25 फीसदी हो गया है।

कोरोना की दूसरी लहर में अब तक 12 की मौत

कुछ और व्यक्तियों की मौत की खबर है लेकिन अभी तक उसकी पुष्टि नहीं हो पाई है। कोरोना संक्रमण से दूसरी लहर में संक्रमित होने वालों की संख्या बढ़कर 4111 हो गई है स्वस्थ होने के उपरांत गुरुवार को 224 मरीजों को डिस्चार्ज किया गया है। इस प्रकार कोरोना की दूसरी लहर में संक्रमित होने वालों में 2009 लोगों ने कोरोना को पराजित भी किया है। जिले में सक्रिय मरीजों की संख्या बढ़कर 2066 हो गई है। 24 व्यक्तियों को बेहतर इलाज के लिए मधेपुरा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। जबकि दूसरी लहर में मरने वाले की संख्या बढ़कर 12 हो गई है। जिले में एक्टिव मरीजों की संख्या बढ़कर 2066 हो गई है। जिसमें 7-8 मरीजों का इलाज डेडीकेटेड कोविड हेल्थ केयर सेंटर में एवं बाकी का होम आइसोलेशन में इलाज चल रहा है। जिले में सक्रिय कंटेनमेंट जोन की संख्या 571 है। जिसमें शहरी क्षेत्र में 278 एवं ग्रामीण क्षेत्र में 293 है। बुधवार को 2381 लोगों को टीका का पहला डोज तथा 1125 व्यक्ति को टीका का दूसरा लगाया गया है।

राहत की दो खबरें

1. सहरसा को दिया गया रेमडेसिवीर का 20 वाइल
ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है तथा रेमडेसिवीर दवाई का 20 वायल अलॉट हुआ है जो कि जल्द ही उपलब्ध हो जाएगा। डेडीकेटेड होम हेल्थ केयर सेंटर में कोरोना मरीज के इलाज के संबंध में डीएम ने बताया कि माइल्ड और मॉडरेट मरीजों के इलाज के लिए 200 बेड वाले डेडीकेटेड कोविड हेल्थ केयर सेंटर पूरी तरह तैयार है। आइसोलेशन में रह रहे मरीजों की स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर कोविड हेल्थ केयर में इलाज किया जाएगा। गंभीर मरीजों को ही मधेपुरा मेडिकल कॉलेज अथवा निजी स्वास्थ्य संस्थान में इलाज के लिए जाने की जरूरत होगी।

2. सोमवार से चालू होगा सदर अस्पताल का आईसीयू
सदर अस्पताल आईसीयू के संचालन के लिए 4 तकनीशियनों का चयन हुआ है, उम्मीद है सोमवार से आईसीयू काम करना शुरू होगा। ग्रामीण क्षेत्रों में मास्क वितरण का कार्य शुरू करवा दिया गया है। नगर परिषद द्वारा सफाई कर्मियों एवं वेंडरों में मास्क वितरण करवाने का आदेश दिया गया है।

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