पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

शारदीय नवरात्र:नवरात्रि में इस बार तीन दिन बन रहा स्वार्थ सिद्धि योग

सहरसा9 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
धर्मशाला रोड स्थित पूजा सामग्री की दुकान।
  • कलश स्थापना के साथ कल से शुरू होगी मां की पूजा, कोरोना से बचाव को व्यापक आयोजन नहीं

17 अक्टूबर से शारदीय नवरात्रि शुरू हो रहा है। जिसकी तैयारी जोर-शोर से चल रही है। शहरी व ग्रामीण क्षेत्र के सभी दुर्गा मंदिरों में पूजा-अर्चना को लेकर साफ-सफाई एवं रंग-रोगन का काम लगभग पूरा कर लिया गया है। कोरोना से बचाव के लिए इस बार प्रशासनिक स्तर से मेला, शोभायात्रा एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम सहित भीड़-भाड़ जैसे आयोजन पर प्रतिबंध है। लेकिन मंदिर के पुजारी, आयोजक एवं नवरात्रि पूजा करने वाले श्रद्धालुओं के बीच तैयारी जारी है। नवरात्रि पूजन सामग्री की दुकानों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। शहर के धर्मशाला रोड से दहलान चौक एवं शंकर चौक से डीबी रोड के बीच पूजा सामग्री की दुकान सजा है और रंगीन कलश, चौमुखी दीप, गूगल, अंग वस्त्र से लेकर ऊनी आसनी सहित अन्य पूजन सामग्री की बिक्री हो रही है। नौ दिनों तक मां के नौ विभिन्न स्वरूपों में शैलपुत्री, ब्रह्मचारिणी, चंद्रघंटा, कुष्मांडा, स्कन्दमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी एवं सिद्धिदात्री की पूजा-अर्चना की जाएगी।

परीव योग में होगा कलश स्थापन: पंडित
पं. ज्योतिष जवाहर पाठक ने बताया कि नवरात्रि के अवसर पर परीव, षष्ठी एवं एकादशी का योग हो तो अमृत योग माना जाता है। इस बार कलश स्थापना शनिवार को परीव योग में ही है अर्थात अमृत योग होगा। भगवती का आगमन अश्व पर होने के कारण राजा के लिए कष्टदायक साबित हो सकता है और प्रस्थान महिषा पर होने के कारण मनुष्य के लिए यह बीमारी का संकेत है। नवरात्रि के दौरान 18, 19 एवं 23 अक्टूबर तीन स्वार्थ सिद्धि योग बन रहा है।

कलश स्थापना के लिए ये हैं शुभ मुहूर्त
नवरात्रि 17 अक्टूबर से शुरू हो रही है। 17 को सुबह 8 बजकर 16 मिनट से 10 बजकर 31 मिनट तक कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त है। वैसे कलश स्थापना के कई योग बन रहे हैं। जिसमें सुबह 11 बजकर 36 मिनट से 12 बजकर 24 मिनट तक अभिजीत मुहूर्त, दोपहर 2 बजकर 24 मिनट से 3 बजकर 59 मिनट तक एवं शाम 7 बजकर 13 मिनट से 9 बजकर 12 मिनट तक स्थिर लग्न है।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- आज समय बेहतरीन रहेगा। दूरदराज रह रहे लोगों से संपर्क बनेंगे। तथा मान प्रतिष्ठा में भी बढ़ोतरी होगी। अप्रत्याशित लाभ की संभावना है, इसलिए हाथ में आए मौके को नजरअंदाज ना करें। नजदीकी रिश्तेदारों...

और पढ़ें