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ब्लैक फंगस के लिए बने विशेष वार्ड में पानी घुसा:गया के मगध मेडिकल अस्पताल के ईएनटी वार्ड में जलजमाव, कोरोना मरीजों को शिफ्ट कर खाली कराया गया था वार्ड

गया4 महीने पहले
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ईएनटी वार्ड में भरा पानी। - Dainik Bhaskar
ईएनटी वार्ड में भरा पानी।

मगध मेडिकल कॉलेज से कोरोना मरीजों को शिफ्ट करने के बाद वार्ड में ब्लैक फंगस के मरीजों को रखने की तैयारी पर फिलहाल 'यास' की वजह से हुई बारिश ने पानी फेर दिया है। ब्लैक फंगस के मरीजों के लिए ईएनटी वार्ड में तैयार किए 40 बेड के वार्ड में लगातार व भारी बारिश की वजह से जल जमाव की स्थिति उत्पन्न हो गयी है। वार्ड में जल-जमाव की विषम स्थिति उत्पन्न होने पर मगध मेडिकल कॉलेज प्रशासन जल निकासी में जुट गया है। उसने मोटर से पानी निकालना शुरू कर दिया है। बताया गया है कि अगले तीन घंटे के अंदर पानी वार्ड से निकल जाएगा।

वार्ड के गलियारे में भी जलजमाव की स्थिति।
वार्ड के गलियारे में भी जलजमाव की स्थिति।

रजिस्ट्रेशन काउंटर से लेकर ओपीडी तक पानी जमा

जिले में बीते दो दिनों से तेज हवा के साथ भारी बारिश हो रही है। इसके कारण मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल के ईएनटी वार्ड में बारिश का पानी घुस गया है। इसके अलावे वार्ड के गलियारे में भी जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इस समस्या से नयी बीमारियों के संक्रमण की आशंका अस्पताल में उत्पन्न हो गयी है। अस्पताल के रजिस्ट्रेशन काउंटर से लेकर ओपीडी तक बारिश का पानी जमा हुआ है।

अस्पताल के ईएनटी वार्ड में ही ब्लैक फंगस के मरीजों के लिए 40 बेड तैयार किए गए हैं। फिलहाल यहां कोई मरीज अब तक भर्ती नहीं हुआ है। खास बात यह है कि अब तक ब्लैक फंगस का मरीज सामने नहीं आया है।

सूत्रों ने बताया कि दो दिनों पहले तक कोरोना संक्रमित और संदिग्ध मरीज ईएनटी वार्ड में भर्ती थे लेकिन उन्हें एमसीएच बिल्डिंग में शिफ्ट कर दिया गया है। उनके शिफ्ट किये जाने के बाद से इस वार्ड को ब्लैक फंगस के मरीजों के लिए सुरक्षित रखा गया है। लेकिन यास तूफान की वजह से लगातार हो रही बारिश के कारण ईएनटी वार्ड में जलजमाव हो गया है।

जल निकासी की कोई व्यवस्था नहीं

अस्पताल का निर्माण ही अजीबोगरीब तरीके से किया गया है। बारिश का पानी गलियारे में बहता है, जो किसी न किसी वार्ड में घुस जाता है और वहां जल जमाव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है। हालांकि यह समस्या लंबे समय तक भारी बारिश होने की स्थिति में ही होती है। फिलहाल नगर निगम और अस्पताल प्रसाशन की ओर से पानी निकालने की कोशिश की जा रही है। जलजमाव के संबंध में कर्मचारियों ने बताया कि इस वार्ड में पानी की निकासी के लिए कोई व्यवस्था ही नहीं की गई थी, जिस कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है। अस्पताल अधीक्षक का कहना है कि अगले दो से तीन घंटे में पानी निकाल लिया जायेगा।

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