सुनवाई:कोविड गाइडलाइन उल्लंघन के मामले में फरार विधायक ने किया कोर्ट में सरेंडर

गोपालगंज14 दिन पहले
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  • नोटिस के बाद भी उपस्थित नहीं होने पर कोर्ट ने17 जनवरी को जारी किया था गैर जमानतीय वारंट

लीगल रिपोर्टर|गोपालगंज | विधानसभा चुनाव में कोविड गाइडलाइन उल्लंघन के मामले में फरार चल रहे पूर्व मंत्री सह बरौली के भाजपा विधायक रामप्रवेश राय ने बुधवार को एमपी/एमएलए कोर्ट में सरेंडर किया।जिसके बाद (एमपी-एमएलए)कोर्ट के जज मानवेंद्र मिश्रा ने सशर्त जमानत देते हुए पांच हजार का अर्थदंड लगाया।जिसकी राशि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में विधायक ने जमा की।विदित हो कि इसके पहले भी विधायक पर आचार संहिता उलंघन के मामले में कोर्ट ने एक हजार का अर्थदंड लगाया था।बतादें कि लगातार चार तिथियों पर अदालत से अनुपस्थित रहने पर विधायक के विरुद्ध 17 जनवरी को गैर जमानतीय वारंट जारी किया गया था।इसकी जानकारी अभियोजन पदाधिकारी आनंद शर्मा ने दी।
हर डेट को रहूंगा सदेह उपस्थित
बरौली के भाजपा विधायक रामप्रवेश राय को जैसे ही जानकारी मिली कि उनके विरुद्ध गैर जमानतीय वारंट जारी किया गया है, वे आनन-फानन में अदालत पहुंच गए। यहां उन्होंने पहले आत्मसमर्पण किया। इसके बाद उन्हें सशर्त जमानत मिली। विशेष न्यायाधीश (एमपी-एमएलए) मानवेंद्र मिश्रा की अदालत से रामप्रवेश राय ने वादा किया कि केस निस्तारण तक प्रत्येक तिथि पर सदेह न्यायालय में उपस्थित रहूंगा।

बरौली थाना में दर्ज कराया गया था मामला
भाजपा विधायक रामप्रवेश राय के खिलाफ 24 अक्टूबर 2020 को बरौली थाने में कोविड-19 के नियमों के उल्लंघन के लिए बरौली प्रखंड के तत्कालीन प्रखंड कृषि पदाधिकारी देवेंद्र पांडे ने प्राथमिकी कराई थी। बरौली थाना कांड संख्या 300/20 के अनुसार, तत्कालीन बीडीओ को 24 अक्टूबर 2020 को उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, बरौली में भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी रामप्रवेश राय के पक्ष में आयोजित चुनावी सभा में मजिस्ट्रेट के रूप में प्रतिनियुक्त किया गया था। इस सभा में शामिल अधिकांश लोगों द्वारा न तो मास्क का प्रयोग किया गया और ना ही शारीरिक दूरी का ही पालन किया गया था।

कोर्ट में जानें क्या क्या हुआ
जज - चुनाव जीतने के लिए क्या कानून तोड़ने जरूरी है।
विधायक - हुजूर चुनाव या किसी वक्त कानून का उल्लंघन नहीं हो इसका पूरा ध्यान रखते है।
जज - आपकी यह दूसरी घटना है,यह आपके लिए अच्छा नहीं है।
विधायक - हुजूर इस बार भी हमें माफ करें,अब भविष्य में ऐसी गलती नहीं होगी।
जज - आप जनप्रतिनिधि है आपसे उच्च आदर्श की अपेक्षा है फिर इस तरह की गलती क्यू
विधायक - हुजूर गलती मुंझे माफ करें
जज - आपसे नियम और कानून काlपालन प्राथमिकता के साथ करने की अपेक्षा रखी जाती है।
विधायक - हुजूर मैं सदैव विधि द्वारा स्थापित कानून का पालन प्राथमिकता के साथ एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में करूंगा।
जज - जनप्रतिनिधि को हमेशा कानून और नियमों के दायरे में रहकर काम करना चाहिए।
विधायक - हुजूर मैं भविष्य में इस तरह के किसी गतिविधि में शामिल नहीं होंगे।

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