लापरवाही:अधिकारियों का फैसला कागज पर ही सिमटा, शहर में अतिक्रमण और जाम की समस्या अब भी बरकरार

जयनगरएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
अतिक्रमण के कारण लगा जाम, नाे इंट्री के बावजूद बड़े वाहनाें का परिचालन हाे रहा है। - Dainik Bhaskar
अतिक्रमण के कारण लगा जाम, नाे इंट्री के बावजूद बड़े वाहनाें का परिचालन हाे रहा है।

जाम से उत्पन्न होने वाली समस्या बरकरार है। इससे न ही आमजनों को मुक्ति मिली है और न ही शहर अतिक्रमण से मुक्त हुआ है। 11 मई को एसडीएम बेबी कुमारी ने विभिन्न विभाग के अधिकारियों अाैर व्यावसायिक संस्थाओं के साथ शहर को जाम अाैर अतिक्रमण से मुक्त करने को लेकर एक आवश्यक बैठक की थी जिसमें आमजनों को परेशानी नहीं हो, इसको लेकर कई आवश्यक नियम बनाए गए थे। इसे धरातल पर लागू करना था। 11 दिन बीत गए लेकिन स्थिति पूर्व की तरह जस का तस है।

न ही नो इंट्री का पालन हो रहा है और न ही सबसे अधिक जाम लगने वाली सड़कें अतिक्रमण से मुक्त हुई है। इससे लोगों की परेशानियां बढ़ती ही जा रही है। बैठक के दौरान व्यावसायिक संगठनों को जिम्मा मिला था कि तीन दिनों में अपने -स्तर से दुकान के सामने अाैर इर्द-गिर्द सड़क को अतिक्रमण से मुक्त कराएं। प्रशासन इसकी निगरानी खुद करेगा। अतिक्रमणमुक्त नहीं किए जाने पर प्रशासन अपने स्तर से शहर को अतिक्रमण से मुक्त कराएगा। लेकिन यह बात भी हवा-हवाई साबित हाे गई।

अब बाॅर्डर के लोग पूछ रहे हैं कि हमें कब जाम से मुक्ति मिलेगी। बता दें कि बैठक में सुबह 9 से रात 8 बजे तक बड़ी वाहनो की इंट्री पर पाबंदी लगाई गई थी लेकिन असर शून्य रहा। मालवाहक छोटे वाहन का सुबह 8 से 5 बजे शाम तक प्रवेश पर रोक थी लेकिन इसका असर शून्य रहा। बस स्टैंड से पटना गद्दी जाने वाली रोड से अतिक्रमण नहीं हटा। मांस-मछली की दुकान एनएच पर नहीं लगाने का निर्देश था लेकिन इसका पालन नहीं हुअा।

प्रशासन की अाेर से अब तक माइकिंग नहीं कराई गई
फैसला हुअा था कि व्यवसायिक संस्था तीन दिन में अपने स्तर से सड़क को अतिक्रमण से मुक्त कराएंगे लेकिन कुछ नहीं हुअा। वहीं, जयनगर चैंबर ऑफ कॉमर्स के महासचिव अनिल बैरोलिया बताते हैं कि दुकानदारों से सड़क पर अतिक्रमण नहीं करने की बात कही गई है। उन्होंने कहा फुटपाथ पर दुकान करने वाले के लिए शहर में ही कहीं खाली जगह की व्यवस्था प्रशासन को करनी चाहिए। प्रशासन ने अभी तक माइकिंग भी नहीं कराई है। वहीं, मिथिलांचल चैंबर ऑफ कॉमर्स के शीतल राउत बताते हैं कि संस्था ने अपनी ओर से पहल की है।

लेकिन इस दिशा में प्रशासनिक पहल मजबूत होती है। उन्होंने बताया कि शहर के मुख्य मुख्य इंट्री पाॅइंट पर पुलिस की प्रतिनियुक्ति के साथ ही जाम वाली समस्याएं दूर हो जाएगी और लोग सेफ्टी भी महसूस करेंगे। वहीं, कैट अध्यक्ष प्रीतम बैरोलिया ने बताया कि बैठक के 11 दिन हो गए लेकिन प्रशासन ने अभी तक शहर में माइकिंग नहीं कराई है। वहीं, इस मामले में पूछने पर एसडीएम बेबी कुमारी ने बताया कि प्रशासन इसे गंभीरता से लिया है। नियमों का उलंघन करने वालाें के विरुद्ध कार्रवाई हाेगी।

खबरें और भी हैं...