• Hindi News
  • Local
  • Bihar
  • Motihari
  • Incidents Of Contract Killings Have Increased In The District, Whether There Have Been Land Disputes Or Due To Political Reasons Or Illegal Relations.

बेखौफ अपराधी:जिले में बढ़ी है कांट्रैक्ट किलिंग की वारदात, कहीं भूमि विवाद तो कहीं राजनीतिक कारण या अवैध संबंध को लेकर हुई हैं हत्याएं

मोतिहारी8 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • फॉलोअप : जनवरी से मई तक 10 लोगों की गोली मारकर हत्या की गई, इनमें कुछ जनप्रतिनिधि तो कुछ ठेकेदार, सभी वारदात को दिनदहाड़े दिया गया अंजाम, खुलासा भी हुआ

जिले में अपराधियों का खौफ बढ़ा है। अपराधी कहीं न कही घटना को अंजाम देकर पुलिस को चुनौती दे रहे हैं। पुलिस अभी एक मामले के उद्भेदन में लगी रहती है कि इस दौरान अपराधी दूसरी वारदात को अंजाम देकर दहशत फैला दे रहे हैं। हालांकि पुलिस भी अपराधियों के षडयंत्र का उद्भेदन कर रही है। अमूमन प्रतिमाह जिले में दो हत्या की वारदात के अलावा लूट, छीनतई की वारदात को बदमाश अंजाम दे रहे हैं। लेकिन हत्या का आंकड़ा कम नहीं हो रहा है। अपराधियों का मनोबल इतना बढ़ गया है कि दिनदहाड़े आम लोगों के अलावा जनप्रतिनिधियों को भी वे अपना के शिकार बना रहे हैं। जनवरी से मई तक जिले में अपराधियों ने 10 लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी। हालांकि कई हत्याकांड की गुत्थी पुलिस ने सुलझा भी लिया है। वहीं मामलों को कंट्रैक्ट किलिंग सामने आई है।

इन हत्याकांडों को बदमाशों ने दिया है अंजाम
17 जनवरी को अपराधियों ने रामगढ़वा के गल्ला व्यवसायी अजीत कुमार को लूट के दौरान गोली मारकर हत्या कर दी।
22 जनवरी को कल्याणपुर थाना क्षेत्र के गोविंदगंज निवासी रामजीवन राय की हत्या कर दी गई थी।
15 फरवरी को कुंडवा चैनपुर थाना क्षेत्र के गोरेगांवा निवासी वरुण कुमार सिंह को ढाका निबंधन कार्यालय के सामने अपराधियों ने गोली मार हत्या कर दिया था।
25 मार्च को चिरैया के लालबेगिया चौक के समीप स्थित एक होटल में चाय नाश्ता कर हाथ धो रहे प्रधान शिक्षक रामबिनय सहनी को दो बाइक सवार पांच अपराधियों ने ताबड़तोड़ गोली मार मौत के घाट उतार दिया था।
30 मार्च को मधुबन के कौड़िया निवासी दिनेश कुमार सिंह की हत्या कर दी गई थी।
2 अप्रैल को छौड़ादानो प्रखंड के उप प्रमुख पति रमेश प्रसाद यादव पर मटर चौक स्थित उसके मार्केट कंप्लेक्स में अपराधियों ने ताबड़तोड़ तीन गोली मार हत्या कर दिया था। 6 अप्रैल को पश्चिम चंपारण निवासी रमेश कुमार दास की हत्या कर दी गई थी।
10 अप्रैल को बंजरिया निवासी फुलशरीफ अंसारी की फुलवार गमहरिया गांव में चार गोली मारकर हत्या कर दिया था।
4 मई को कुणाल कुमार सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
वहीं 16 मई को चकिया थाना क्षेत्र के चकिया फ्लाई ओवर ब्रिज के समीप दिनदहाड़े अपराधियों ने संवेदक जय प्रकाश प्रसाद की छह गोली मारकर हत्या कर दी थी। जबकि चालक को तीन गोली लगी थी। हत्या के पीछे अवैध संबंध व ठेकेदारी में पीसी को लेकर विवाद का वजह पुलिस जांच में सामने आया है।

कई शूटर हैं फरार
जनवरी से 20 मई तक जिले के अलग-अलग जगहों पर 10 हत्याकांड को अपराधियों ने अंजाम दिया है। इसमें कुछ हत्याओं को प्रोफेशनल शूटरों ने अंजाम दिया था। इसमें शातिर शूटर बिट्टू साह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। जबकि कई हत्याकांड में शूटर अभी नहीं पकड़े जा सके हैं। जिनकी टोह में पुलिस की अलग-अलग टीम काम कर रही है। कई हत्या के मामले में यह बात सामने आई थी कि शूटरों ने कंट्रैक्ट लेकर हत्या की वारदात को अंजाम दिया था।

खबरें और भी हैं...