लाैट आए धरतीपुत्र / धमौरा में 10-12 सालों से बंजर पड़ी भूमि को बाहर से लौटे मजदूरों ने बना दिया उपजाऊ

फोटो : रामायण कुमार फोटो : रामायण कुमार
X
फोटो : रामायण कुमारफोटो : रामायण कुमार

  • 03 लाख 2 हजार हेक्टेयर भूमि पश्चिम चंपारण में है खेती योग्य
  • 24 हजार हेक्टेयर भूमि अब भी बंजर, जिसे उपजाऊ बनाकर की जा सकती है खेती

दैनिक भास्कर

May 23, 2020, 05:00 AM IST

बेतिया.  जिले की हजारों एकड़ भूमि बंजर पड़ी हुई है। लेकिन कोरोना महामारी के बीच वापस लौटे मजदूरों की वजह से फिर से ऐसी बंजर भूमि उपजाऊ बननी शुरू हो गई है। इसका जीता जागता उदाहरण गौनाहा प्रखंड के सहोदरा थाना का धमौरा है। जहां मजदूरों के लौटते ही एक दशक से बंजर हो चुकी भूमि को मजदूरों ने हल कुदाल से कोड़ कर फिर से उपजाऊ बना दिया है। लाॅकडाउन में घर बैठने से अच्छा था कि किसी से बंटाई पर जमीन लेकर खेती किया जाए। बड़े किसानाें ने खेती करने के लिए हामी भर दिया। मजदूराें ने कहा- अब अपने राज्य में ही मेहनत मजदूरी कर परिवार कि परवरिश करेंगें। 

जिले में बंजर व बिना उपजाऊ भूमि 24 हजार हेक्टेयर है। जिसे अगर तोड़कर उपजाउ बनाया जाए तो सैंकड़ों परिवारों का भरण पोषण हो सकता है।
-विजय प्रकाश, जिला कृषि पदाधिकारी

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना