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परेशानी:10 हजार रुपए में सिर्फ तीन दिनों के लिए मिला ऑक्सीजन सिलेंडर

दरभंगाएक महीने पहले
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बहादुरपुर पीएचसी में बनाया गया कोविड सेंटर।  - Dainik Bhaskar
बहादुरपुर पीएचसी में बनाया गया कोविड सेंटर। 

बहादुरपुर प्रखंड क्षेत्र में दिन प्रति दिन कोरोना संक्रमण बढ़ने के बावजूद लोग एहतियात नहीं बरत रहे हैं। प्रखंड प्रशासन की ओर से भी लॉकडाउन को बेहतर ढंग से अनुपालन नहीं करवाया जा रहा है। जिसके कारण कोरोना वायरस का खतरा ओर बढ़ने की आशंका है। बहादुरपुर प्रखंड क्षेत्र में कोरोना संक्रमण की स्थिति पर ग्राउंड रिपोर्ट के लिए निकली भास्कर की टीम ने कहीं प्रशासन की उदासीनता दिखी तो कहीं लोगों की लापरवाही दिखी। बहादुरपुर प्रखंड मुख्यालय स्थित पीएचसी के कोविड सेंटर को पिछले 24 घंटे से सेनेटाइज नहीं होने की बात सामने आई तो कई गांवों के चौक चौराहे पर बाहर से बंद और अंदर से दुकानें खुली थीं।

बहादुरपुर प्रखंड क्षेत्र में घर में रहने वाले कोरोना पाॅजिटिव मरीजों को नहीं मिलती सुविधा, न कोई प्रशासनिक अधिकारी न जनप्रतिनिधि ले रहे खोज-खबर

बाहर से दुकानें बंद और अंदर से खुली रहती
बहादुरपुर थाना क्षेत्र के डरहार, देकुली, तारालाही, अझोल, वाजितपुर, रघेपूरा, छिपलिया, दोनार,पुरखोपट्टी, हरिपट्टी चौक पर बाहर से दुकान बंद रहती है । लेकिन नीचे से खोल कर दुकानदार सभी प्रकार के सामान बिक्री करते हैं। वहीं पतोर ओपी क्षेत्र के मदनपुर, उसमामठ, पनसिहा, उघरा, खैरा, कोकट, बसतपुर गांव में भी लोग लॉकडाउन के नियमों का पालन नहीं करते हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने नहीं दी दवा तो परिजन खुद जान जोखिम में डाल खरीद लाए दवा
प्रखंड मुख्यालय से चंद मिनटों की दूरी स्थित रामपुर मदन गांव में हायाघाट रेलवे स्टेशन के स्टेशन मास्टर पाॅजिटिव हो गए है। जिन्हें पीएचसी की ओर से कोई सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई है। कई बार तबीयत बिगड़ने के बाद पीएचसी के अधिकारियों को फाेन पर सम्पर्क किया गया पर कोई सुविधा नहीं मिली। जिसके बाद बाहर से उनके परिजन की ओर आए खुद पीएचसी पहुंच कर डॉक्टर से बात कर कोरोना किट लेकर घर पर दिया गया है।
होम हाइसोलेट हैं, ऑक्सीजन नहीं मिल रहा
वाजितपुर पंचायत के रघेपुर निवासी एक बिजनेसमैन भी पिछले दिनों पॉजिटिव हो गए थे। जिसके बाद वे खुद होम आइसोलेट हो गए। जिसके बाद दो दिन पूर्व ऑक्सीजन लेवल करीब 80 पहुंच चुका था। जिसके बाद पीएचसी से संपर्क किया गया तो किसी प्रकार की सुविधा नहीं मिली।

कोरोना से बचाव को लेकर ये किए गए उपाए
वैक्सीन : 17000 लोगों को लगी
कोविड सेंटर में बेड की संख्या : 10
ऑक्सीजन सिलेंडर की कुल संख्या : 15, इसमें 2 खाली पड़ी हुई है
कुल कोरोना जांच हुई : 36000
निगेटिव मरीज : लगभग 35300
आरटीपीसीआर जांच में पॉजिटिव : 202 मरीज
एंटीजन जांच में पॉजिटिव : 524
कुल कंटेनमेंट जाेन : 17 गांव

कोविड सेंटर नहीं होता है सेनेटाइज : एएनएम
प्रखंड मुख्यालय स्थित दस बेड वाले कोविड सेंटर में प्रतिनियुक्त एएनएम जयमाला देवी ने कहा कि इस कोविड सेंटर में बहुत डर लगता है ।सेंटर में सेनेटाइज भी विभाग की ओर से नही करवाया जाता है और न ही कोई हम लोगो को सुविधा मिल रही है।हाथ में लगाने के लिए सेनेटाइजर दिया जाता है उसके भी पानी मिला कर दिया जाता है इसी लिए इसमें काम करने में बहुत डर लगता है।
11 बजे तक ही खुलती हैं दुकानें : गाेस्वामी | उक्त मामले में पतोर ओपी अध्यक्ष वरुण गाेस्वामी ने बताया कि सिर्फ 11 बजे तक ही दुकान खुलती है। सुचारू रूप से लॉकडाउन पालन करवाने के लिए दिन रात पुलिस आम लोगों से अनुरोध करते रहती है।

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