परेशानी:पुस्तक की राशि से अधिकांश बच्चें नहीं खरीद पा रहे किताब

मधेपुरा18 दिन पहले
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शिक्षा अधिकार अधिनियम के तहत प्रारंभिक शिक्षा को अनिवार्य शिक्षा के दायरे में रख सरकार बच्चों को पाठ्यपुस्तक भी उपलब्ध कराती है। सरकार हर वर्ष एक से पांच कक्षा के बच्चों को 250 तथा कक्षा 6 से 8 तक के बच्चों को 400 रुपए की राशि देती है। ताकि वह पढ़ाई के लिए किताब खरीद सके। इसके लिए जिले भर में 1 से 5 वीं तक के कुल 2 लाख 2 हजार 788 बच्चें के लिए 250 रुपए की दर से कुल 5 करोड़ 69 लाख 7 हजार रुपए वहीं कक्षा 6 से 8 के कुल 1 लाख 26 हजार 967 बच्चों के लिए 400 रुपए की दर से 5 करोड़ 7 लाख 86 हजार 8 सौ रुपए का आवंटन कर सभी बच्चों के खाते में डीबीटी के माध्यम में भेजा जा गया है। इसके अलावे सरकार द्वारा प्रखंड स्तर पर किताब खरीदने के लिए पुस्तक क्रय मेला का अयोजन किया गया। इसके बावजूद भी अधिकांश बच्चों के अभिभावक किताब खरीदने में सक्षम नहीं दिखते है। हालांकि कई अभिभावक बच्चों के स्कूल तक राशि नहीं मिलने की शिकायत प्रधानाचार्य से करने आते है। कारण यह है कई अभिभावक सालों से अपने बैंक पासबुक को अपडेट नहीं करवाये है।

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