लाेगाें का चलना दूभर:बटौआ गांव की मुख्य सड़क जर्जर, लाेगाें का चलना दूभर

मधुबनीएक वर्ष पहले
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बटौआ गांव से अनुमंडल झंझारपुर को जोड़ने वाली मुख्य सड़क का हाल वर्षों से खस्ता है। ग्रामीणों में यह एक लम्बे अरसे से बहस का मुद्दा बनी हुई है। जर्जर सड़क होने के बाद भी इस सड़क का कार्य नहीं होना। लोगों की समझ से परे है। गधराइन, हररी, महरैल व झंझारपुर जाने वाली इस मुख्य मार्ग की हालत बद से बदतर होने के कारण लोगों का इस पथ पर चलना मौत को दावत देने के समान है।  स्थानीय मुखिया सैबुल, अब्दुल जल्ली, अशोक चौधरी, मोहन गिरि, मोहम्द रमजानी, श्याम दास आदि ने कहा इस सड़क की बात क्या कहें, सड़क पर आदमी की बात छोड़ दे। सड़क पर ट्रैक्टर और साइकिल सवार भी सवारी करने से कतराते है। आखिरकार इस सड़क के नहीं बनने का कारण क्या है। जनता लोगों से जवाब पूछ रही है।

सड़क नहीं बनने का खामियाजा इस पथ से जुडे़ दर्जनों गांव के करीब 25 हजार लोगों को भुगतना पड़ रहा है। इस सड़क से जाने वाले लोग त्राहिमाम करते देखे जाते हैं। ऐसा नहीं कि इस जर्जर पथ से शासन प्रशासन के लोग अनभिज्ञ है। फिर भी आज तक इस सड़क को बनाने की बात तो दूर सड़क में बने गढ्डें को भरने का काम भी नहीं किया जा सका।  ग्रामीण मोहम्द नसीम, मोहम्द इम्तियाज आदि ने कहा अब वह समय दूर नहीं जब बड़े-बड़े सफेद गाड़ी से बंडी और खादी कुर्ता लगा कर प्रत्याशियों का आना जाना होगा। उस वक़्त इस सड़क से जुड़ी जनता वोट मांगने वाले प्रत्याशियों से सवाल करेगी।

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