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भविष्य की चिंता:5000 छात्र पीजी में दाखिले से होंगे वंचित, कंट्रोलर ने कहा- कॉलेजों ने नहीं भेजे पेंडिंग संबंधी कागजात

मुजफ्फरपुर5 दिन पहले
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  • छात्रों का रिजल्ट मार्च में ही आया, अंक पत्र में सुधार नहीं होने से ये छात्र आवेदन नहीं कर सके

बिहार विवि के स्नातक पार्ट थर्ड-2020 सत्र के करीब 5000 छात्र पीजी में दाखिले से वंचित होंगे। इन छात्रों का रिजल्ट मार्च में ही आया, लेकिन अब तक अंक पत्र में सुधार नहीं होने से ये छात्र आवेदन नहीं कर सके। विवि ने पीजी में एडमिशन के लिए आवेदन पोर्टल 15 जून तक काे खोला है। 20 जून को मेरिट लिस्ट जारी होने के बाद एडमिशन शुरू होगा।

आवेदन में महज 5 दिन बचे हैं। ऐसे में आवेदन से वंचित छात्रों की बेचैनी बढ़ती जा रही है। छात्रों का कहना है कि यदि शीघ्र पेंडिंग में सुधार नहीं हुआ तो पीजी में नामांकन से वंचित रह जाएंगे। परीक्षा नियंत्रक डॉ. संजय कुमार की मानें तो कॉलेजों को छात्रों से आवेदन लेकर विवि में जमा करना है, लेकिन कॉलेजों ने आवेदन जमा ही नहीं कराए हैं। आवेदन मिलते ही पेंडिंग क्लियर किया जाएगा।

हालांकि, इस बीच नामांकन का समय निकल जाने की आशंका से छात्र अब कोरोना काल में कॉलेज से विवि कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं। छात्र जदयू के रंजन कुमार ने जल्द पेंडिंग क्लियर की मांग करते हुए कहा कि जब पीजी में नामांकन ही नहीं होगा तो फायदा क्या होगा?

रिजल्ट में सुधार के लिए आवेदन देने पर अगले सप्ताह से लगेंगे रुपये 200

रिजल्ट में सुधार के लिए आवेदन देने पर अगले सप्ताह से 200 रुपए विलंब शुल्क लगेगा। विवि के निर्देश के अनुसार, परीक्षाफल प्रकाशित होने की तिथि से 15 दिनों के अंदर आवेदन काॅलेज में जमा करना था। इस अवधि में कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा, लेकिन एक से तीन माह के अंदर आवेदन दिए जाने पर 100 रुपए और तीन से छह महीने के अंदर 200 रुपए छात्रों को देने होंगे। छह महीने के बाद पेंडिंग का आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा।

त्रुटि होने पर छात्रों को डाउन लोडेड अंक पत्र आवेदन के साथ प्राचार्य के पास जमा कराना है | विवि के मुताबिक, छात्रों को अंक-पत्र डाउनलोड करने की सुविधा दी गई है। डाउन लोडेड अंक पत्र में किसी प्रकार की त्रुटि होने पर छात्रों को संबंधित कागजातों के साथ काॅलेज के प्राचार्य के पास इसे जमा कराना होगा। प्राचार्य काॅलेज में प्राप्त आवेदनों को एकत्र कर आवेदन के साथ जांच कर सत्यापित कर रिपोर्ट के साथ विवि परीक्षा विभाग में जमा कराना है।

पार्ट-टू के मार्क्स नहीं चढ़े हैं। आवेदन के बाद कई बार कॉलेज गए। विवि में आवेदन दिया। अब तक क्लियर नहीं हुआ है।
सुजीत कुमार, केसीटीसी कॉलेज रक्सौल

आवेदन देने के बाद लगातार चक्कर लगा रहे हैं। जल्द अंक पत्र में सुधार नहीं हुआ तो पीजी में दाखिला नहीं हो सकेगा।
रवि रंजन कुमार, एमजेके कॉलेज बेतिया

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