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कार्रवाई का निर्देश:ट्रक चालक से अवैध वसूली के मामले में सदर थाने का प्रशिक्षु दारोगा सस्पेंड

मुजफ्फरपुर9 दिन पहले
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  • वीडियो वायरल होने पर आईजी ने सिटी एसपी को कार्रवाई का दिया था निर्देश

रेवा रोड में एनएच-102 पर पताही में गश्ती जीप से ट्रकों को घेर कर अवैध वसूली करने के मामले में सदर थाने के प्रशिक्षु दारोगा अजीत कुमार व तीन होमगार्ड जवानों को दोषी पाया गया है। सिटी एसपी राजेश कुमार ने दारोगा को निलंबित कर दिया है। साथ ही तीनों होमगार्ड जवानों को ड्यूटी से हटा दिया गया है। अवैध वसूली का एक वीडियो शनिवार को वायरल हुआ था। जिस पर आईजी गणेश कुमार ने संज्ञान लेते हुए सिटी एसपी को

जांच कर कार्रवाई का निर्देश दिया था। सदर थानेदार सत्येंद्र कुमार सिन्हा ने जांच में गश्ती ड्यूटी में तैनात प्रशिक्षु दारोगा अजीत कुमार, होमगार्ड के जीप चालक योगेन्द्र सहनी, ललितेश मिश्र और सचिदानंद दूबे को अवैध वसूली मामले में दोषी बताया है। सदर थानेदार की रिपोर्ट के आधार पर सिटी एसपी ने दारोगा अजीत कुमार को सस्पेंड कर दिया। साथ ही विभागीय कार्यवाही चलाने का आदेश दिया है। वहीं, नगर डीएसपी राम नरेश पासवान को पूरे मामले की गहनता से जांच कर दोष अधिरोपण की प्रक्रिया पूरी करने को कहा है।

अवैध वसूली महज भ्रष्टाचार का मामला है
अवैध वसूली के मामले में अजीत कुमार को सस्पेंड करने के लिए जिस जांच रिपोर्ट को आधार बनाया गया है, उसमें सदर थानेदार ने वसूली के आरोप को पुष्ट किया है। लिखा है कि अवैध वसूली करते वीडियो में दिख रहे प्रशिक्षु दारोगा अजीत कुमार ने अपने कार्य में लापरवाही बरती है। यह उनकी कर्तव्यहीनता का द्याेतक है। पुलिस की इस रिपोर्ट पर क्राइम के सीनियर वकील शरद सिन्हा ने सवाल उठाया है।

उन्होंने कहा कि जब अवैध वसूली का आरोप सिद्ध होता है तो यह केवल लापरवाही और कर्तव्यहीनता का मामला नहीं रह जाता है। बल्कि यह मामला भ्रष्टाचार जैसे अपराध की श्रेणी में आ जाता है। ऐसे मामले को महज लापरवाही बता कर कार्रवाई करने से भ्रष्टाचार का अपराध छिप जाता है। इसलिए ऐसे मामले में केस दर्ज किया जाता है।

वीडियो घटनास्थल के पास के ऊंचे भवन से बनाया गया
वायरल वीडियो को किसी स्थानीय व्यक्ति ने कुछ दूरी से ऊंचे भवन से बनाया है। ड्यूटी चार्ट के आधार पर इस जीप पर दारोगा अजीत कुमार की ड्यूटी बताई गई है। वीडियो में स्पष्ट है कि पुलिस जीप सामने से आ रहे ट्रक को आगे से घेरती है। ट्रक के रुकने पर जीप को चालक की साइड में लाकर रोका जाता है। फिर ट्रक चालक हाथ बढ़ाकर रुपए देता है। इसके बाद ट्रक आगे बढ़ जाता है।

शराब कांड में बर्खास्त हुए दारोगा के साथी हैं अजीत

दारोगा अजीत कुमार 2009 बैच के हैं। लेकिन कोर्ट के आदेश पर 2019 में सर्विस ज्वॉइन की। हाल ही में शराब तस्करी में बर्खास्त किए गए दारोगा बीके यादव के साथी हैं। दोनों ने एक साथ सदर थाने में ज्वॉइन किया था। बाद में बीके यादव को करजा थाने में भेज दिया गया था। कोरोना से हाल ही में अजीत के पिता की मृत्यु हो गई थी। लंबी छुट्टी के बाद हाल ही में थाने में अजीत ने ड्यूटी ज्वॉइन की थी।

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