समारोह:अमर शहीद रामफल मंडल ने मातृभूमि की रक्षा के लिए प्राण की आहुति दे दी, वे हमारे दिलों में बसे हैं : राहुल

सीतामढ़ी2 महीने पहले
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डुमरा में अमर शहीद रामफल मंडल का जयंती समारोह मनाते लोग। - Dainik Bhaskar
डुमरा में अमर शहीद रामफल मंडल का जयंती समारोह मनाते लोग।
  • अखिल भारतीय धानुक उत्थान महासंघ की ओर से अमर शहीद रामफल मंडल का जयंती समारोह अंबेडकर स्थल पर मनाया

अखिल भारतीय धानुक उत्थान महासंघ के तत्वावधान में अमर शहीद रामफल मंडल की जयंती समारोह डुमरा जिला मुख्यालय स्थित अंबेडकर स्थल में मनायी गयी। इस दौरान कोरोना गाइड लाइन के निर्देशों का पालन किया गया। इस दौरान महासंघ के लोगों ने अमर शहीद के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं कैंडल जलाकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए नमन किया। वहीं शहीद रामफल मंडल के कीर्ति पर चर्चा की गयी। कार्यक्रम के संयोजक राहुल कुमार मंडल ने कहा कि आजादी की लड़ाई में फांसी को गले लगाने वाले अमर शहीद रामफल मंडल को कभी भूलाया नहीं जा सकता है। उन्होंने अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राण की आहुति दे दी। वे हमारे दिलों में बसे हैं। लेकिन, बिहार सरकार ने उन्हें उपेक्षित रखने का काम की है।

सरकार शहीद के परिजनों को तत्काल स्वतंत्रता सेनानी की सारी सुविधाएं उपलब्ध करायें। शहीद रामफल मंडल पर डाक टिकट जारी हो। उनकी जीवनी को पाठ्यक्रम में शामिल किया जाए। उनकी आदमकत प्रतिमा सभी जिला मुख्यालय पर स्थापित किया जाये। शैक्षणिक संस्थानों का नाम उनके नाम पर किया जाए। इस दौरान जिला में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज का नाम उनके नाम पर करने का प्रस्ताव समाज के लोगों ने पास किया। कहा कि ऐसा कर शहीद के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि दी जा सकेगी।

वहीं इस दौरान धानुक समाज को अनुसूचित जाति/जनजाति में शामिल करने की मांग भी समाज के लोगों ने बिहार सरकार से की। जयंती समारोह में संगठन के बिहार प्रदेश प्रभारी कृष्ण चन्द्र शास्त्री, जदयू के प्रदेश महासचिव बबलू मंडल, पूर्व मुखिया रामसूरत मंडल, अधिवक्ता लक्ष्मण मंडल, उपेन्द्र मंडल, शिक्षक तारकेश्वर मंडल, शिक्षक विनोद महतो, पवन मंडल, अंजनी मंडल, इंद्रजीत मंडल, ब्रज मोहन मंडल, रामनरेश मंडल, नंदकिशोर मंडल सहित अन्य लोग उपस्थित थे।

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