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माैसम पूर्वानुमान:अगले पांच दिनों तक भारी बारिश के अासार

सीतामढ़ीएक महीने पहले
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सुप्पी प्रखंड के परसा गांव के पास बागमती नदी का दृश्य। फिलहाल नदियों के जलस्तर में हो रही कमी से बाढ़ का खतरा टल गया है। - Dainik Bhaskar
सुप्पी प्रखंड के परसा गांव के पास बागमती नदी का दृश्य। फिलहाल नदियों के जलस्तर में हो रही कमी से बाढ़ का खतरा टल गया है।
  • 24 घंटे में महज 2.4 एमएम वर्षापात, नदियों का जलस्तर भी स्थिर, मौसम में रही गर्माहट

जिले में शुक्रवार की सुबह से ही आसमान में हल्की बादल रही। वहीं इसके साथ ही तेज धूप से मौसम में गर्मी बढ़ता रहा। इस कारण तेज धूप निकली व मौसम में उमस बना रहा है। पूर्वा हवा दस किमी से दिन भर चलती रही, कुछ स्थानों पर मध्यम व भारी बारिश हुई। हालांकि सुबह से तापमान में लगातार बढ़ोतरी होती रही। लेकिन, बारिश के बाद मौसम सुहावना बना। शुक्रवार को जिले का अधिकतम तापमान 32 डिग्री तक पहुंचा। दिन में तेज धूप से तापमान में बढ़ोतरी देखी गई। शाम को आसमान में अधिक बादल छाने लगे तथा हवा की गति भी तेज हो गई, जिससे लोगों को तपिश से कुछ राहत मिली। मौसम वैज्ञानिक रंधीर कुमार ने बताया कि शनिवार को गरज के साथ 38 मिली बारिश होने की संभावना है। वहीं 20 किमी प्रतिघंटा की गति से पूर्वा हवा चलेगी। जिले में बीते 24 घंटे में महज 2.4 मिली बारिश हुई है। इधर नदियों का जलस्तर स्थिर है तथा कुछ घाटों पर नीचे की ओर खिसक रहा है।
पांच दिनों में 43 मिली से 18 मिली बारिश होगी : जिले में शनिवार से बुधवार तक मध्यम व भारी बारिश की संभावना व्यक्त की गई है। इस दौरान लोगों को सचेत रहने के साथ ही बताया गया है कि वज्रपात व तेज हवाएं भी चलेगी। इन पांच दिनों में 43 मिली से 18 मिली बारिश होगी। वहीं पूर्वा हवा की गति भी 12 से 20 किमी तक होगी। आसमान में बादल छाये रहेंगे। जिले में 24 घंटे में प्रखंडवार मात्र औसत वर्षापात 2.4 मिली रहा। प्रखंडवार सबसे अधिक बारिश बोखड़ा में 21.4 मिली रहा। वहीं बथनाहा, मेजरगंज, नानपुर, परिहार, रीगा, सोनबरसा, सुप्पी व सुरसंड में बारिश नहीं हुई। मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को 3 एमएम बारिश होने की संभावना व्यक्त की गई है।

नदियों के जलस्तर में हो रही कमी, बाढ़ का खतरा टला
जिले में लगातार तीन दिनों से बारिश की कमी के साथ ही नदियों के विभिन्न घाटों का जलस्तर स्थिर है अथवा अब उसमें कमी दर्ज होने लगी है। सभी नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से नीचे है। हालांकि नेपाल के जलग्रहण क्षेत्र में बारिश होने की सूचना है, जिससे दो से तीन दिनों में जलस्तर में बढ़ोत्तरी की आशंका बनी हुई है। बागमती डिविजन सीतामढ़ी के कार्यपालक अभियंता अनवर जमील ने बताया कि सभी स्थानों पर नदियों का जलस्तर अभी खतरे के निशान से बहुत नीचे है, लेकिन नेपाल के क्षेत्र में हो रही बारिश से जलस्तर में वृद्धि की आशंका बनी हुई है। बरसाती व सरेहिया छोटी नदियों के जलस्तर भी अब सिमट चुके हैं।

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