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  • Bihar News; Lalu Yadav Cut The Cake Of 74th Birthday; Rabri Devi And Misa Bharti Fed Cake To RJD Supremo At 12 Pm

लालू यादव ने 74वें बर्थडे का काटा केक:झुग्गी झोपड़ी से संसद तक का सफर तय कर चुके लालू को रात 12 बजे राबड़ी और मीसा ने खिलाया केक, CM नीतीश बोले- हम तो हर दिन बधाई देते हैं

पटना4 दिन पहले
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लालू यादव जेल से बेल मिलने के बाद RJD सांसद और अपनी बेटी मीसा भारती के दिल्ली वाले सरकारी आवास पर हैं। वहीं गुरुवार देर रात केक काटा गया। - Dainik Bhaskar
लालू यादव जेल से बेल मिलने के बाद RJD सांसद और अपनी बेटी मीसा भारती के दिल्ली वाले सरकारी आवास पर हैं। वहीं गुरुवार देर रात केक काटा गया।

RJD सुप्रीमो 73 साल के हो चुके हैं। आज उन्होंने अपना 74वां जन्मदिन मनाया। गुरुवार देर रात 12 बजे मीसा भारती ने लालू यादव से केक कटवाया।​ सबसे पहले RJD सुप्रीमो को राबड़ी देवी ने केक खिलाया। फिलहाल लालू यादव जेल से बेल मिलने के बाद RJD सांसद और अपनी बेटी मीसा भारती के दिल्ली वाले सरकारी आवास पर हैं।

लालू यादव, भारतीय राजनीति का वो किरदार जो एक छोटे से गांव की झुग्गी-झोपड़ी और पगडंडियों से होकर संसद तक पहुंचा। लगातार दो बार बिहार के मुख्यमंत्री की कमान संभाली। केंद्र में रेल मंत्री भी रहे। बतौर रेल मंत्री दुनियाभर में वाहवाही बटोरी। आलम ये कि IIM और हार्वर्ड ​तक से उन्हें लेक्चर के लिए बुलावा आया।

वहीं, मीडिया के सवाल पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लालू यादव को जन्मदिन की दी बधाई देते हुए कहा कि कहा हम तो हर दिन उन्हें बधाई देते हैं। आपको बता दें कि लालू यादव दिसंबर 2017 में जेल जाने के बाद पहली बार पूरे परिवार के साथ जन्मदिन मना रहे हैं।

जीतनराम मांझी ने भी दीर्घायु होने की ईश्वर से कामना की

नीतीश कुमार की सरकार की सहयोगी पार्टी हम के सुप्रीमो और पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी ने लिखा है कि लालू प्रसाद के दीर्घायु होने, सदैव मुस्कुराते रहने की कामना ईश्वर से की है।

आज RJD मनाएगी लालू का जन्मदिन

29 साल की उम्र में बने सांसद

लालू की शुरुआती पढ़ाई गोपालगंज से हुई। इसके बाद वे लॉ की पढ़ाई के लिए पटना आ गए। इस दौरान वे राजनीति में दिलचस्पी लेने लगे थे। 1973 में उन्होंने छात्र संघ का चुनाव लड़ा और जीत भी दर्ज की। इसके बाद वे जेपी आंदोलन से जुड़ गए। इसके ठीक चार साल बाद यानी 1977 में जनता पार्टी के टिकट पर लोकसभा चुनाव में जीत दर्ज की और 29 साल की उम्र में सांसद बने।

तस्वीर तब की है जब मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार लालू ने अपना बर्थ डे मनाया था। इस दौरान उनके दोनों बेटे तेज प्रताप और तेजस्वी भी मौजूद थे। फोटो - राजीव कांत
तस्वीर तब की है जब मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार लालू ने अपना बर्थ डे मनाया था। इस दौरान उनके दोनों बेटे तेज प्रताप और तेजस्वी भी मौजूद थे। फोटो - राजीव कांत

चारा घोटाले में नाम आने पर देना पड़ा था इस्तीफा

10 मार्च 1990 को लालू पहली बार बिहार के मुख्‍यमंत्री बने। पांच साल बाद फिर से उनकी वापसी हुई। 1997 में वे जनता दल से अलग हो गए और राष्ट्रीय जनता दल नाम से खुद की पार्टी बनाई। इसी साल उन पर चारा घोटाला का आरोप लगा और उन्हें मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा। राबड़ी देवी को उनकी जगह मुख्यमंत्री बनाया गया। इसके बाद लालू फिर कभी मुख्यमंत्री नहीं बन सके।

तस्वीर तब की है जब मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार लालू अपने गांव फुलवरिया गए थे। फोटो - राजीव कांत
तस्वीर तब की है जब मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार लालू अपने गांव फुलवरिया गए थे। फोटो - राजीव कांत

चारा घोटाले में नाम आने के बाद 1997 में सक्रिय नेता के रूप में पहली बार वे जेल गए। करीब चार महीने बाद वे रिहा हुए। इसके बाद 28 अक्‍टूबर 1998 को उन्‍हें जेल जाना पड़ा। तब उन्‍हें पटना के बेऊर जेल में रखा गया था। इसके बाद 11 अप्रैल 2000 को पांच दिनों के लिए जेल गए। इसके बाद 2013 में लालू फिर जेल गए, चुनाव लड़ने पर रोक लग गई। हालांकि कुछ दिनों बाद वे रिहा हो गए और 2015 में बिहार में नीतीश कुमार के साथ मिलकर सरकार बनाई। इसके बाद दिसंबर 2017 में उन्हें फिर से जेल जाना पड़ा। करीब सवा तीन साल बाद अप्रैल 2021 में जमानत पर बाहर आए हैं।

तस्वीर 2006 की है। तत्कालीन रेल मंत्री लालू यादव दिल्ली में हार्वर्ड बिजनेस स्कूल और व्हार्टन बिजनेस स्कूल के छात्रों से मिलते हुए। फोटो-सोनदीप शंकर
तस्वीर 2006 की है। तत्कालीन रेल मंत्री लालू यादव दिल्ली में हार्वर्ड बिजनेस स्कूल और व्हार्टन बिजनेस स्कूल के छात्रों से मिलते हुए। फोटो-सोनदीप शंकर

रेल मंत्री रहते अपने काम से दुनिया भर में बटोरी सुर्खियां

2004 में केंद्र में यूपीए की सरकार बनी। लालू की पार्टी भी यूपीए सरकार में शामिल हुई। लालू को रेल मंत्रालय की जिम्मेदारी मिली। 2009 तक वे रेल मंत्री रहे। इस दौरान उन्होंने कई अहम काम किए जिसकी तारीफ भारत के साथ-साथ दुनिया के दूसरे देशों में भी हुई। IIM से लेकर हार्वर्ड तक उनके काम और मैनेजमेंट स्किल्स की चर्चा हुई। रेल मंत्री रहते हुए लालू ने स्टेशनों पर प्लास्टिक के कप की जगह कुल्हड़ों में चाय बेचने का ऑर्डर दिया ताकि ग्रामीण इलाकों में रोजगार बढ़े। गरीब रथ लालू की ही देन है। कहा जाता है कि बिना किराया बढ़ाए लालू ने रेलवे को मुनाफा दिलाया था।

तेज प्रताप लगाएंगे 74 पौधे

RJD सुप्रीमो के जन्मदिन को मनाने को लेकर RJD के कार्यकर्ता काफी उत्साहित है। पटना के हर चौक चौराहे पर पोस्टर बैनर लगाए गए हैं। लालू यादव को जन्मदिन की बधाई दी जा रही है। लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव अपने पिता के 74वें जन्मदिन के अवसर पर अपने सरकारी आवास में 74 पौधे लगाएंगे। वही तेज प्रताप यादव की तैयारी है कि लालू की रसोई के माध्यम से आज गरीबों को भोजन कराया जाएगा।

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