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दिल्ली में CM नीतीश और चाचा पारस पर बरसे चिराग:कहा- देश और बिहार की जनता मेरे पिता की संपत्ति और मैं हूं इसका उत्तराधिकारी

पटना9 दिन पहले
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चिराग पासवान ने आज दिल्ली में प्रेस कांफ्रेस की। - Dainik Bhaskar
चिराग पासवान ने आज दिल्ली में प्रेस कांफ्रेस की।

लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के दोनों उम्मीदवार शुक्रवार को अपना नामांकन दाखिल करेंगे। गुरुवार को दिल्ली में प्रेस कांफ्रेंस कर चिराग पासवान ने दावा किया- 'कुशेश्वरस्थान से हमारे उम्मीदवार अंजू देवी और तारापुर से चंदन सिंह JDU उम्मीदवार को कड़ी टक्कर देंगे। उप चुनाव में अपनी जीत दर्ज करेंगे।'

8 अक्टूबर को लोजपा के संस्थापक दिवंगत केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान की पहली पुण्य तिथि है। चिराग अपने पिता की पुण्यतिथि दिल्ली में मना रहे हैं। वहीं, केंद्रीय मंत्री पशुपति कुमार पारस पटना में बड़ा कार्यकम आयोजित कर रहे हैं।

चाचा के बुलावे पर उन्होंने कहा- 'पारस चाचा ने अपने एक सहयोगी के माध्यम से निमंत्रण जरूर भेजा था, मुझे और मेरी मां को। परिवार के किसी सदस्य ने आना जरूरी नहीं समझा। इस बात का मुझे दुख है। इस कारण मेरे मन में एक सवाल उठ गया है कि क्या राजनीति की वजह से इतनी दूरियां पैदा हो गई हैं कि दशकों पुराने रिश्ते में खटास आ गई? मैं अभी 40 साल का हूं। क्या हमारे बीच इतनी नजदीकियां नहीं रही कि एक कुर्सी के लालच ने आपको परिवार से दूर कर दिया?'

विचारधारा नहीं, व्यक्तिगत स्वार्थ की लड़ाई लड़ रहे हैं वो

चाचा पर कड़ा प्रहार करते हुए चिराग ने कहा- 'अगर विचारधारा की लड़ाई होती तो बात समझ में आती। चाचा जी ने जितनी बातें मेरे बारे में कही, या जो कुछ भी उन्होंने कहा, अगर वो सिर्फ विचारधारा की लड़ाई होती तो मैं खुलकर उनके समर्थन में सामने आता और बहस करता। मगर, वो सिर्फ व्यक्तिगत स्वार्थ के लिए लड़ाई लड़ रहे थे। उनको मंत्री बनना था। इस बात की लड़ाई थी।'

जनता तय करेगी कि उत्तराधिकारी कौन है?

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा- 'चाचा आज ऐसे व्यक्ति की गोद में जाकर बैठे हैं, जो हमारे नेता की बरसी पर श्रद्धांजलि देने तक नहीं आया। कौन नहीं जानता नीतीश कुमार को। हमारे नेता की राजनीतिक हत्या करने के लिए उन्होंने कौन-कौन से हथकंडे नहीं अपनाए? 2005 में दो बार वो हमारी पार्टी को तोड़ चुके हैं। उत्तराधिकारी कौन है? वो जनता तय करेगी। मैं कहां कह रहा हूं कि मैं उत्तराधिकारी हूं। यहां कोई कंपनी नहीं चल रही है, जो खुद से कोई उत्तराधिकारी बन जाएगा। अगर मुझमें काबिलियत होगी तो जनता स्वीकार करेगी, वरना अस्वीकार कर देगी।'

चिराग ने कहा- "चाचा कहते हैं कि मैं रामविलास पासवान की संपत्ति का उत्तराधिकारी हूं। पापा की संपत्ति तो बिहार की जनता थी, इसलिए मैं इसका उत्तराधिकारी हूं।'

उन्होंने कहा- 'हमारे नेता पर जिन लोगों ने विश्वास जताया, आस्था रखा है। उन्हें बुलाया गया है। यह पुण्यतिथि है। जो लोग भी आना चाहें वो आएं, अपने श्रद्धासुमन अर्पित करें। इससे पहले बरसी रखी थी, उस वक्त हर किसी को जाकर मैंने आमंत्रित किया था। मैं जहां से आता हूं, वहां की परम्परा रही है कि 11वें महीने में बरसी करते हैं।'

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