कार्यशाला का आयोजन:महिलाएं जागरूक होंगी तो समाज भी जागरूक होगा

औरंगाबाद सदरएक महीने पहले
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एक महिला को शिक्षित होना पूरे परिवार को शिक्षित होने की गारंटी है। महिला जागरूक होंगे तो समाज जागरूक होगा। उक्त बातें मंगलवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकार परिसर में महिला सशक्तिकरण विषय पर आयोजित कार्यशाला को संबोधित करते हुए न्यायिक पदाधिकारियों ने कही। उक्त कार्यक्रम का आयोजन महिला आयोग व जिला विधिक सेवा प्राधिकार के संयुक्त तत्वाधान में किया गया।

जिसका उद्धाटन जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष सह जिला जज मनोज कुमार तिवारी, प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय रामलाल शर्मा, एडीजे-1 ओम प्रकाश सिंह, एडीजे-छह विवेक कुमार, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश आनंदिता सिंह, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव प्रणव शंकर समेत अन्य ने संयुक्त रूप से दीप जलाकर किया।

कार्यक्रम में जिले के महिला शिक्षक, आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी सेविका-सहायिका व महिला पारा विधिक स्वयं सेवक मौजूद रहीं। कार्यक्रम का संचालन न्यायिक दंडाधिकारी द्वितीय सुदीप पांडेय ने किया। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं को विधिक जानकारी दी गई। ताकि वे दूसरे लोगों को भी जागरूक कर सकें।

महिला समाज की भलाई में करें अपनी क्षमता का उपयोग
जिला जज मनोज कुमार तिवारी महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि महिला समाज की भलाई में अपनी क्षमता का प्रयोग करें। सुधार जरूर आएगी। बस जरूरत है आप लोगों को जागने की। जिस प्रोफेशन में हैं, वहां कार्य के लिए वेतन मिलती है, लेकिन आपका दायित्व सिर्फ आपके अपने कार्य तक ही सीमित नहीं है, बल्कि आपने समाज को क्या दिया, इसके लिए भी आपको सोचना होगा। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश आनंदिता सिंह ने कहा कि हर दिन नारी का है, हर दिन शक्ति का पर्व है, हर दिन है इंसानियत का।

जिसका केन्द्र बिंदू नारी है। नारी समाज की शक्ति है। पैनल अधिवक्ता स्नेहलता ने महिलाओं के सम्पति के अधिकार, निवेदिता कुमारी ने महिला उत्पीड़न से संबंधित कानूनों की विस्तृत जानकारी दी। पैनल अधिवक्ता अभिनन्दन कुमार साईबर क्राईम से जुड़े कानूनों के बारे में विस्तार से बताया।

महिला परियोजना पदाधिकारी कांति सिंह ने महिलाओं से संबंधित अपराध, एवं वन स्टॉप सेंटर के बारे में विस्तृत जानकारी दी। सचिव प्रणव शंकर द्वारा उपस्थित सभी महिला शिक्षिकों, आंगनबाड़ी सेविका-सहायिका व महिला पारा विधिक स्वयं सेवकों को मूलभूत कानून की जानकारी उपलब्ध कराया गया। जिससे सभी लोग अबतक अंजान थे। सचिव द्वारा उपस्थित महिलाओं द्वारा उठाए गए प्रत्येक सवाल का विस्तार से जबाव दिया गया।

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