योजना:चुनाव के बाद जिले की हर पंचायत में लगेगी डेढ़ सौ सोलर स्ट्रीट लाइट

भभुआएक महीने पहले
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  • गांवों में स्ट्रीट लाइट लगाने की योजना के लिए कंपनी का चयन हुआ

गांव की गलियों को रोशन करने के लिए हर पंचायत में डेढ़ सौ सोलर स्ट्रीट लाइट लगाई जाएंगी।पंचायत चुनाव के बाद दिसंबर माह से कार्य शुरू होने की संभावना है। बता दें कि सरकार की यह योजना थी कि सभी गांव में सोलर स्ट्रीट लाइट लगाई जाए।इसके लिए सर्वे भी किया गया है। एक पंचायत में औसतन डेढ़ सौ स्ट्रीट लाइटें लगाई जाएंगी। राज्य सरकार की इकाई ब्रेडा द्वारा इस योजना को तकनीकी सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। इस बार सरकार ने मुखिया की भूमिका काफी सीमित कर दी है।ऐसा पिछली योजनाओं में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की वजह से किया गया है।

पंचायत चुनाव के बाद इसमें तेजी आएगी। गांव में स्ट्रीट लाइट लगाने का कार्य दिसंबर माह से शुरू होने की संभावना है। इस योजना के तहत एक वार्ड में दस स्ट्रीट लाइट लगाई जाएगी। एक पंचायत में डेढ़ सौ स्ट्रीट लाइट लगाए जाने की योजना के तहत 140 स्ट्रीट लाइट सर्वे में चिन्हित स्थानों पर लगाई जाएगी। जबकि दस स्ट्रीट लाइट कहां लगेगी यह तय करने का अधिकार संबंधित पंचायत के मुखिया का होगा।

पांच वर्षों तक करना होगा रखरखाव
एजेंसी को सभी वार्डों में सोलर स्ट्रीट लाइट लगाने की जिम्मेदारी दी जाएगी। जिस एजेंसी को लाइट लगाने की जिम्मेदारी दी जाएगी उन्हीं को इसका 5 वर्षों तक रखरखाव भी करना होगा। मुख्यमंत्री के साथ निश्चय पार्ट 2 में इस योजना को रखा गया है। जानकारी के अनुसार ऐसे सभी वार्डों में 10 बल्ब ही लगाए जाने हैं। लेकिन जो बड़े वार्ड होंगे वहां 10 से ज्यादा बल्ब भी लगाए जाएंगे। यह बल्ब 12 से 20 वाट के होंगे।लाइट लगाने की जिम्मेदारी जिस कंपनी को सौंपी जाएगी।

सभी वार्ड सोलर स्ट्रीट लाइट से होंगे जगमग
इस योजना के तहत एक वार्ड में 10 स्ट्रीट लाइटें लगाई जाएंगी। जो एजेंसी सोलर स्ट्रीट लाइट लगाइए उनसे एक तय अवधि तक सोलर स्ट्रीट लाइट के रखरखाव का काम भी देखना होगा। यह करार की शर्तों में शामिल होगा। यह भी तय रहेगा कि खराब सोलर लाइट दुरुस्त करने के लिए अधिकतम कितना समय लगेगा। बड़े पैमाने पर गांव में सोलर स्ट्रीट लाइट लगाए जाएंगे। जिससे गांव की गलियों में भी लोगों को रात में चलने में परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा।

सर्वे के आधार पर लगाई जाएंगी लाइटें
गांव में स्ट्रीट लाइट लगाने की योजना के लिए कंपनी का चयन ब्रेडा की देखरेख में होगा। ब्रेडा इसके लिए उन प्रतिष्ठित एजेंसियों की एक डायरेक्टरी बना रहा है जो सोलर लाइट लगाने का काम करते हैं। इस डायरेक्टरी से ही एजेंसी तय होनी है जिस क्षेत्र में अगर कोई एजेंसी बड़ी संख्या में काम कर रही है तो उस एजेंसी को प्राथमिकता दी जाएगी।

गांव में स्ट्रीट लाइट रख रखाव के अभाव में पड़े बंद
कई योजनाओं के तहत गांव में स्ट्रीट लाइट लगवाई गई है। इसके बावजूद मरम्मत और रखरखाव के अभाव में अधिकांश वार्डों में स्ट्रीट लाइटें बंद पड़ी हुई है।जिस की सुध लेने वाला कोई नहीं है। इसके बावजूद गांव की गलियों को रोशन करने के लिए लगाई जाने वाली स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत और रखरखाव नहीं होने से इसका उपयोग नहीं हो पाता है।

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