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नई व्यवस्था:निजी स्कूलों को मान्यता के लिए ई-संबंधन पोर्टल पर 30 सितम्बर तक करना होगा ऑनलाइन आवेदन

बिहारशरीफ़11 दिन पहले
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जिला शिक्षा कार्यालय। - Dainik Bhaskar
जिला शिक्षा कार्यालय।
  • जिले में कक्षा एक से आठवीं तक के निजी प्रारंभिक विद्यालयों पर सरकार ने नकेल कसने की तैयारी शुरू की

जिले में कक्षा एक से आठवीं तक के निजी प्रारंभिक विद्यालयों पर सरकार ने नकेल कसने की तैयारी शुरू कर दी है। बगैर मान्यता के जिले में किसी भी निजी स्कूल का संचालन नहीं होगा। निजी स्कूलों के संचालकों को हर हाल में संबद्धता लेनी होगी। बिहार प्राथमिक शिक्षा के निदेशक डा. रंजीत कुमार ने डीईओ को निर्देश दिया है कि निजी प्रारंभिक स्कूलों को मान्यता पाने के लिए सरकार की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन देना होगा। आनलाइन आवेदन की प्रक्रिया पूरी करने के लिए स्कूल संचालकों को 30 सितंबर तक का अल्टीमेटम दिया गया है। वहीं 31 दिसंबर के बाद बगैर मान्यता के स्कूल संचालन पर पूरी तरह से रोक लगा दी जाएगी। इसके जरिये अब बच्चों के मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत कक्षा एक से आठ तक स्कूलों की संबद्धता और सीबीएसई/ आइसीएसई बोर्ड के लिए कक्षा नौ से 12 तक के लिए अनापत्ति प्रमाणपत्र ऑनलाइन दिया जा सकेगा। उन्हें संबद्धता और एनओसी लेने के लिए विभाग का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा। यह समूची प्रक्रिया पारदर्शी होगी। यह सेवा निश्चित समय में मिलेगी। संभाग प्रभारी अभय कुमार विकास ने बताया कि इससे यह भी पता चल जायेगा कि किस स्कूल में कितने बच्चे, शिक्षक और इन्फ्रास्ट्रक्चर है। साथ ही इस पोर्टल से शत-प्रतिशत स्कूल की संबद्धता सुनिश्चित हो जायेगी। डीपीओ समग्र शिक्षा हेमचन्द्र ने बताया कि आवेदन से लेकर संबंधन जारी होने तक की प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन होगी। प्रत्येक स्टेप की सूचना ऑनलाइन मिलेगी। स्कूल का समूचा इन्फ्रास्ट्रक्चर जियो टैग आधारित होगा। इसमें कोई गुमराह नहीं कर सकेगा।

1 जनवरी 2022 से क्यूआर कोड विद्यालय ही होंगे संचालित
एक जनवरी 2022 से क्यू आर कोड प्रस्वीकृति प्रमाणपत्र प्राप्त करने वाले विद्यालय ही संचालित हो सकेंगे। शेष सभी विद्यालय बंद होंगे। नयी व्यवस्था के तहत सभी निजी विद्यालयों को अब ऑनलाइन आवेदन करना होगा। पूर्व से प्रस्वीकृति प्राप्त सभी विद्यालययों का ऑनलाइन डॉक्यूमेंट अपलोड कराना होगा। इसके लिए 30 सितंबर तक अंतिम तिथि निर्धारित की गयी है। सभी डीईओ को जनवरी 2022 में यह प्रमाणपत्र देना होगा कि उनके जिले में बिना मान्यता का एक भी विद्यालय का संचालन नहीं हो रहा है।

e- sambandhan या edu-online.bihar.in पर आवेदन कर सकते हैं
बिहार शिक्षा विभाग की ओर से जारी आदेश के मुताबिक बच्चों के मुफ्त व अनिवार्य शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 की धारा 18 व बिहार राज्य बच्चों के मुफ्त व अनिवार्य शिक्षा नियमावली 2011 नियम-11 के प्रावधानों के तहत जिले के सभी निजी प्रारंभिक विद्यालयों को अनिवार्य रूप से मान्यता प्राप्त करना होगा। प्रस्वीकृति प्रदान करने की प्रक्रिया को सुविधाजनक, पारदर्शी व सुगम बनाने के उदेश्य से इस व्यवस्था को ऑनलाइन किये जाने के लिए ई-समबंधन पोर्टल विकसित किया गया है। प्रस्वीकृति के लिए शिक्षा विभाग के वेबसाइट पर इम्पोर्टेंट लिंक्स में e- sambandhan या edu-online.bihar.in पर आवेदन किया जा सकता है।

जिले में 769 मान्यता प्राप्त हैं निजी स्कूल, कुल प्राईवेट स्कूल 2000
जिले में करीब करीब 2000 निजी विद्यालय संचालित हैं। इनमें से मात्र 769 प्रस्वीकृति प्राप्त विद्यालय है। नई व्यवस्था के तहत सभी विद्यालयों को ऑनलाइन आवेदन करना होगा। क्यूआर कोड पाने वाले निजी विद्यालयों का ही संचालन होगा। इस सम्बन्ध में स्कूल संचालकों को भी निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
वेब पोर्टल के जरिए सिस्टम को आसान बनाने की कोशिश हो रही
इस वेब पोर्टल के जरिए इच्छुक विद्यालय प्रबंधन समिति अपने विद्यालय के प्रस्वीकृति या अनापत्ति प्रमाण पत्र के लिए आनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन पर की गई हर कार्रवाई की सूचना आवेदक को पोर्टल के माध्यम से प्राप्त हो जाएगी। सिस्टम को आसान बनाने की कोशिश की गई है। इससे भविष्य में हमारे पास इससे जुड़ा डाटा भी रहेगा। ऑनलाइन आवेदन करने के क्रम में किसी भी तरह की तकनीकी दिक्कत आए तो समाधान के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय या सर्व शिक्षा अभियान से संपर्क किया जा सकता है। सभी निजी प्रारंभिक विद्यालयों का निर्धारित माप दंड के तहत जांचोपरांत प्रस्वीकृति प्रमाण पत्र निर्गत करना का कार्य आरंभ होगा।

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