खुद बरतें सावधानी:कदमों की दूरी अभी जरूरी... यह सोच ही कोरोना से हम सब को बचाएगी, बिक्रमगंज में 6 सौ से ज्यादा संक्रमित

बिक्रमगंज6 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
कोरोना जांच के लिए अनुमंडलीय अस्पताल में कतारबद्ध लोग। - Dainik Bhaskar
कोरोना जांच के लिए अनुमंडलीय अस्पताल में कतारबद्ध लोग।
  • सोशल डिस्टेंसिंग व मास्क का प्रयोग कोरोना से बचाव में है कारगर, वैक्सीन भी जरूरी

कोरोना के ‘बढ़ते कदम अनुमंडलीय अस्पताल में पर्ची काटने से लेकर, डॉक्टर को दिखाने और दवा लेने तक टूट रही सोशल डिस्टसिंग अब खुद से सुधरने लगा है। पहले 60 प्रतिशत लोग नहीं पहन रहे थे मास्क लेकिन अब लोग बदलने लगे है और यही सोच व बदलाव हमे कोरोना से बचाएगा ? बिक्रमगंज अनुमंडल क्षेत्र में कुल 6 सौ से ज्यादा लोग संक्रमित हो चुके है। जिनमे कुछ का इलाज अनुमंडलीय अस्पताल के आइसोलेशन सेंटर में चल रहा है तो कुछ करुणा अस्पताल में भी एडमिट है। जिले में 10 हजार से ज्यादा लोग संक्रमित हो चुके है भास्कर ने कुछ दिन पहले खबर प्रकाशित किया था “जहां नियमों के पालन होना चाहिए वही कोरोना की गाइडलाइन के धज्जियां उड़ा रही है” जिसके बाद अस्पताल प्रशासन के नींद खुली और सख्ती किए तब तक लोग भी बढ़ते संक्रमण के आंकड़े देख खुद में बदलाव करने लगे।

हालांकि अस्पताल में लॉकडाउन में सोशल डिस्टसिंग के लिए बनाए गए लाल गोले भी मिट चुके हैं, तो वहीं भी सीटर चेयर की बीच वाली कुर्सी पर बैठना बैन था, उस पर विभाग ने काँस के साइन का रिबन लगाया था। वो भी अब नहीं दिख रहे। जिले में लगातार केस बढ़ रहे हैं। आज हम 10 हजार पार कर चुके है 11 हजार के दहलीज पर आ चुके हैं। कोरोना संक्रमण के बढ़ते जिस तरह से आ रहा है वह हम सब को डरा रहा है लेकिन ऐसे स्थिति में डॉक्टरों व एक्सपर्ट का कहना है कि कोरोना से डरने की जरुरत नहीं है बल्कि बचाव करना है उसके लिए कदमों की दूरी और मास्क बहुत हद तक कारगर है।

खबरें और भी हैं...