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मौसम की खबर:13-15 जून के बीच मानसून दे सकता है दस्तक

बिक्रमगंज19 दिन पहले
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वर्षा मापने का यंत्र। - Dainik Bhaskar
वर्षा मापने का यंत्र।

लू के थपेड़ों से इस वर्ष लोगों को राहत मिला। मई में जहां लोगों को लू के थपेड़ों से गुजरना पड़ता था वही इस बार लू नहीं चली। उमस भले ही ज्यादा रही पर तपन कम रही। इसके पीछे के कारण यास सहित पश्चिमी विक्षोभ की वजह से इस बार मई में पहले जैसी गर्मी नहीं पड़ना बताया जा रहा है।

इधर हाल के दिनों में चक्रवाती तूफान यास के असर ऐसा रहा कि जुलाई के सामान्य मौसम की तरह हालात अभी ही हो गया है। 26 मई से लेकर 28 मई तक लगातार जो बारिश हुई उससे मौसम अनुकूल हो गया है। मौसम विभाग के अधिकारियों की मानें तो जून के शुरुआत में थोड़ा गर्मी बढ़ेगी, लेकिन उसी दरम्यान 13-15 जून के बीच मानसून के दस्तक देने से सब कुछ सामान्य हो जाएगा।

मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि 13-15 मई तक मानसून की दस्तक देने की उम्मीद है। इस कारण हवा का रुख बदलना शुरू हो जाएगा। जून के शुरुआत में तापमान बढ़ने की संभावना है। इस बार एक दिन भी लू नहीं चली मई में अधिकतम तापमान 35 से 40 डिग्री तक पहुंचने पर गर्म हवा व लपटें चलती हैं, लेकिन इस बार लू लपट नहीं चली।

यास के कारण इस बार मई में बारिश

चक्रवाती तूफान यास के असर के कारण मई महीने में 26-28 जून तक जो बारिश हुआ उससे किसानों के सब्जियों का काफी नकसान उठाना पड़ा है। मौसम विभाग के माने तो तीन दिनों में 35 मिमी से ज्यादा बारिश हुआ जिससे सब्ज़ियों पर प्रभाव पड़ा। 20 जून तक पहुंचता है मानसून: मानसून 30 मई तक केरल पहुंचने के बाद 15-25 जून के बीच मानसून पहुंच जाता है। इस बार थोड़ा पहले ही मानसून के दस्तक देने की बात मौसम विभाग द्वारा बताया जा रहा है। हलांकि यास के असर से हुई बारिश से जहां सब्ज़ियों के पौधे का नुकसान हुआ है वही कृषि कार्य के लिए फायदा भी हुआ है।

समय से मानसून आने से धान की पैदावर होगी ठीक

कोरोना काल में लॉकडाउन होने से पर्यावरण संरक्षण को बल मिला धूल धूसरित होने से जहां लोगों को राहत मिला वही हवा भी साफ रहा। मानसून समय से एक सप्ताह पहले आने की कारण भी इसी से जोडकर देखा जा रहा है कृषि विज्ञान केंद्र के बैज्ञानिक आर के जलज कहते हैं कि समय से मानसून आने से धान के पैदावर अच्छे होने की संभावना है। बंगाल की खाड़ी से उठे यास चक्रवाती तूफान के प्रभाव से जिले में चार दिन से रोजाना बारिश हो रही है। खासकर 27 से 29 मई तक काफी बारिश हुई है। आंधी व पानी से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।

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