पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

लापरवाही:गंडक का जलस्तर 2 फीट बढ़ा, डैम से 1.31 लाख क्यूसेक पानी हुआ डिस्चार्ज

गोपालगंज18 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
धंसे बेडवार का जायजा लेते पूर्व विधायक - Dainik Bhaskar
धंसे बेडवार का जायजा लेते पूर्व विधायक
  • मूंजा हल्का रिसाव, फ्लड विभाग ने किया कंट्रोल, बांध सुरक्षित,मूंजा में मिट्‌टी गिली होने से बेडवार धंसा,ग्रामीणों ने विभाग पर लगाया लापरवाही की आरोप

यास चक्रवात के कारण जिले व नेपाल के पहाड़ी और मैदानी इलाकों हुई भारी बारिश के कारण गंडक का जलस्तर अचानक दो फीट बढ़ गया है। नतीजतन बाढ़ की आशंका को लेकर तटवर्ती इलाके लोगों के होश उड़ गए हैं। हालांकि बारिश व जलस्तर बढ़ने से बैकुंठपुर के मूंजा में हालात नाजुक बन गई है।

यहां पर कटाव रोकने के लिए बन रहा बेडवार भी धंस गया है। इससे ग्रामीणों में रोष है। रविवार की सुबह अचानक मूंजा गांव में तटबंध के बाहर नदी का हल्का रिसाव होने लगा। सूचना मिलने पर पहुंची बाढ़ नियंत्रण विभाग की टीम ने घंटो प्रयास के बाद लीकेज को कंट्रोल कर लिया। कार्यपालक अभियंता ने बताया कि तटबंध से कूछ दूरी पर बोरिंग के चलते मामूली लीकेज हुई थी। इससे बांध पर कोई खतरा नहीं है।
1.31लाख क्यूसेक पास कर रहा पानी
बाल्मीकि नगर डैम से शनिवार को गंडक में 1 लाख 31 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया। बारिश के कारण नदी के जलस्तर में पहले से ही बढ़ातरी हो गई थी। नया डिस्चार्ज पहुंचने के बाद वाटर लेवल में एकाएक उफान आ गया। रविवार की पूवाह्न 10 डिस्चार्ज पानी जिले की गंडक सीमा से गुजर रहा है। यह पहला संयोग है, जब मई महीने में डिस्चार्ज लेवल एक लाख क्यूसेक को पार किया है।

ग्रामीणों ने विभाग पर लगाया लापरवाही आ आरोप
आदमापूर-मुंजा गांव के समीप बाढ़ एवं कटाव निरोधी कार्य के लिए 24.5 करोड़ की लागत से बनाए गए बेडवार ध्वस्त होने से नाराज ग्रामीणों ने रविवार को हंगामा किया। सारण मुख्य तटबंध पर प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों का नेतृत्व जिला परिषद सदस्य विजय बहादुर यादव कर रहे थे।

ग्रामीणों ने कहा कि करोड़ों की लागत से बनी बेडवार महज तीन दिन की बारिश भी नहीं झेल पाई। बेडवार ध्वस्त होने से ग्रामीण बाढ़ की आशंका से सहमे नजर आ रहे हैं। विरोध- प्रदर्शन में अभिषेक कुमार यादव, दीपक कुमार सिंह, अंकित पांडेय, ऋषभ कुमार सिंह, रामजस राय, उपेंद्र राय, संदेश राय, रितेश राम सहित कई लोग शामिल थे।

पूर्व विधायक ने की उच्चस्तरीय जांच की मांग बैकुंठपुर के पूर्व विधायक मंजीत सिंह ने सारण मुख्य तटबंध के मूंजा मे 25 करोड की लागत से हो रहे सारण तटबंध कटाव निरोधक कार्य के गुणवत्ता पर सवाल उठाया है और इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि कटाव निरोधात्मक कार्य के लिए उपयोग की जा रही जीइओ बैग बाढ़ आने के पहले ही नदी में विलीन हो रही है। उन्होंने कहा कि यह मानक और गुणवत्तापूर्ण कार्य नहीं करने का परिणाम है।

तीन दिन से बंद है तटबंध का कार्य
नदी का जलस्तर रविवार को भी उफान पर रहा। तटवर्ती इलाकों में मूसलाधार बारिश की वजह से पिछले तीन दिनों से बांध निर्माण का कार्य बाधित है। बता दें कि बाढ़ सुरक्षा को लेकर बैकुंठपुर के अदमापुर, मुंजा, मटियारी, आशा खैरा तथा पकहां गांवों के समीप बाढ़ निरोधात्मक कार्य चलाया जा रहा था।

बांधों पर कोई खतरा नहीं
भारी बारिश की वजह से नदी का जलस्तर बढ़ा है। लीकेज की सूचना मिली थी, उसे ठीक कर लिया गया है। धीरे-धीरे पानी कम हो जाएगा। बांध पर कोई खतरा नहीं है।
नवल किशोर सिंह, कार्यपालक अभियंता, बाढ़ नियंत्रण विभाग

खबरें और भी हैं...